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उत्तरकाशी: ज्ञानसू-साल्ड-ज्ञाणजा मोटरमार्ग प्रभावितों ने मुआवजा न मिलने पर ढोल-दमाऊं के साथ किया प्रदर्शन
Wed, 04 Aug 2021 01:52 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
न्यजू डेस्क, अमर उजाला, उत्तरकाशी
न्यजू डेस्क, अमर उजाला, उत्तरकाशी
Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Wed, 04 Aug 2021 01:52 PM IST
सार
बुधवार को प्रभाविताें ने ढोल-दमाऊं के साथ प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने सड़क कटिंग से ध्वस्त परिसंपत्तियों का मुआवजा न मिलने पर रोष जताया।
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पीएमजीएसवाई कार्यालय में प्रदर्शन
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
उत्तरकाशी के ज्ञानसू-साल्ड-ज्ञाणजा मोटरमार्ग प्रभावित ग्रामीणों ने प्रधान मंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) कार्यालय में प्रदर्शन किया। बुधवार को प्रभाविताें ने ढोल-दमाऊं के साथ प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने सड़क कटिंग से ध्वस्त परिसंपत्तियों का मुआवजा न मिलने पर रोष जताया।
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सड़क कटिंग का मलबा गदेरे के पास डालने का विरोध
ज्ञानसू मैणागाड के पास सड़क कटिंग का मलबा डंप किए जाने से स्थानीय लोगों में रोष है। उन्होंने लोनिवि के अधिशासी अभियंता को ज्ञापन सौंपकर सड़क कटिंग के मलबे को तत्काल अन्यत्र डालने की मांग की है। साथ ही ऐसा नहीं करने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
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लोनिवि के अधिशासी अभियंता को सौंपे ज्ञापन में सभासद सविता भट्ट ने कहा कि वार्ड नंबर 11 ज्ञानसू साल्ड बैंड से मैणागाड नामे तोक से होते हुए जोंकाणी तक सड़क कटिंग का काम किया जा रहा है। इसका मलबा मैणागाड गदेरे के आसपास ही डंप किया गया है।
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बरसात के समय गदेरे में उफान आने पर ज्ञानसू बस्ती को खतरा हो सकता है। इससे पहले भी गदेरे में मलबा डंप किए जाने से बस्ती को नुकसान हो चुका है जबकि पूर्व में हुए नुकसान का अब तक ट्रीटमेंट नहीं हो पाया है।
उन्होंने सड़क पर बने नारदानों की चौड़ाई व ऊंचाई बढ़ाने के साथ जंगल जाने का रास्ता सुरक्षित बनाने की भी मांग उठाई। ज्ञापन देने वालों में गिरीश जोशी, बुद्धि सिंह पंवार, मुकेश पुरी, सतेंद्र जोशी, मुकुल नौटियाल, विजय रावत, संजय जोशी, सुरेंद्र लाल, कृष्णानंद अनिल कुमार आदि शामिल थे।