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प्रशासन का अमीरों पर रहम गरीबों पर सितम
ब्यूरो, अमर उजाला, सितारगंज
Updated Sat, 07 Feb 2015 12:18 AM IST
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अतिक्रमण हटाने के नाम पर प्रशासन की दोयम नीति ने दो जून की रोटी जुटाने वाले गरीब व्यवसायियों के जीवन यापन पर संकट खड़ा कर दिया है। प्रशासन ने जेसीबी से शुक्रवार को करीब डेढ़ दर्जन खोखा-फड़ हटा दिए और पेयजल टंकी व यात्री शेड भी ध्वस्त कर डाला। जबकि मुख्य बाजार में व्यापारियों द्वारा किए गए पक्के अतिक्रमण पर प्रशासन मेहरबान बना हुआ है। जिससे खोखा-फड़ व्यवसायियों में रोष है। हालांकि इस मामले में एसडीएम ने उजाड़े गए व्यवसायियों को मीना बाजार में जगह देने का आश्वासन दिया।
शहर के अमरिया चौराहे पर सब्जी, फल, चाय-पकौड़ी आदि के खोखा-फड़ गत कई वर्षों से लगे थे। शुक्रवार को एसडीएम पूरन सिंह राणा ने पालिका प्रशासन, राजस्व विभाग और एनएच विभाग के अधिकारियों के साथ अमरिया चौराहा पर अतिक्रमण हटाया। करीब डेढ़ दर्जन खोखा और फड़ों पर एकाएक जेसीबी गरजी। कई व्यवसायी खोखा, फड़ों से सामान भी नहीं निकाल पाए। इससे हड़कंप मच गया। व्यवसायियों ने प्रशासन की अतिक्रमण के खिलाफ औचक कार्रवाई का कड़ा विरोध किया। एसडीएम ने बताया कि अतिक्रमण के कारण चौराहा पर रोजाना जाम की स्थिति रहती थी। चौराहे का सौंदर्यीकरण होना है। जिसकी वजह से अतिक्रमण हटाया गया है। कहा कि जिन व्यवसायियों को उजाड़ा गया है, उन्हें मीना बाजार और मंडी समिति में जगह दी जाएगी। लेकिन, व्यवसायी नहीं माने।
उन्होंने प्रशासन के खिलाफ कड़ा रोष जताया। व्यवसायियों ने कहा कि व्यापारियों द्वारा सड़क किनारे किए गए पक्के अतिक्रमण के खिलाफ प्रशासन कभी कोई कार्रवाई नहीं करता। छोटे व्यवसायियों को ही उजाड़ा जाता है। इस मौके पर तहसीलदार रमेश चंद्र गौतम, कोतवाल राजन लाल आर्य, एनएच के सहायक अभियंता एमबी थापा, उपप्रबंधक अनुज कुमार, सर्वे अभियंता मोहित सिंह, पालिका ईओ सरिता राणा, कानूनगो जोगा सिंह, पटवारी अकरम मलिक आदि थे।
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बसाने तक देंगे धरना
सितारगंज। एसडीएम द्वारा टीम के साथ अमरिया चौराहा से अतिक्रमण हटाने के विरोध में छोटे तबके के व्यवसायी मुखर हो गए हैं। जिला पंचायत सदस्या आसना अहमद के पति कांग्रेसी नेता जावेद मलिक के नेतृत्व में व्यवसायियों ने एसडीएम की कार्रवाई का विरोध किया और मौके पर ही धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। उन्होंने कहा कि खोखा-फड़ों के पीछे खाली जगह पड़ी है। प्रशासन द्वारा उन्हें पीछे किया जा सकता था। लेकिन, उन्हें उजाड़ दिया गया। इससे उनके परिवार भुखमरी के कगार पर पहुंच जाएंगे। कहा कि जब तक उन्हें जमीन देकर बसाया नहीं जाता, धरना जारी रहेगा। इस मौके पर व्यवसायी तस्दीक अहमद, राजेश कुमार, शादाब, सलीम, रफीक, वाहिद, लईक अहमद, तौफीक, मो. इसाक, सद्दीक अहमद, जाहिद खां, मुरारी आदि थे।
प्रशासन की कार्रवाई की निंदा
सितारगंज। प्रांतीय नगर उद्योग व्यापार मंडल के वरिष्ठ उपाध्यक्ष जिलानी अंसारी ने प्रशासन की अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि लघु व्यवसायियों को उजाड़ने से पहले प्रशासन को उनके लिए जमीन की व्यवस्था करनी चाहिए थी। कहा कि प्रशासन ने व्यापार मंडल और जनप्रतिनिधियों को भरोसे में लिए बिना की जाने वाली किसी भी कार्रवाई विरोध किया जाएगा। उन्होंने जिला प्रशासन से शीघ्र ही उजाड़े गए व्यवसायियों को बसाने की मांग की।
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शहर के अमरिया चौराहे पर सब्जी, फल, चाय-पकौड़ी आदि के खोखा-फड़ गत कई वर्षों से लगे थे। शुक्रवार को एसडीएम पूरन सिंह राणा ने पालिका प्रशासन, राजस्व विभाग और एनएच विभाग के अधिकारियों के साथ अमरिया चौराहा पर अतिक्रमण हटाया। करीब डेढ़ दर्जन खोखा और फड़ों पर एकाएक जेसीबी गरजी। कई व्यवसायी खोखा, फड़ों से सामान भी नहीं निकाल पाए। इससे हड़कंप मच गया। व्यवसायियों ने प्रशासन की अतिक्रमण के खिलाफ औचक कार्रवाई का कड़ा विरोध किया। एसडीएम ने बताया कि अतिक्रमण के कारण चौराहा पर रोजाना जाम की स्थिति रहती थी। चौराहे का सौंदर्यीकरण होना है। जिसकी वजह से अतिक्रमण हटाया गया है। कहा कि जिन व्यवसायियों को उजाड़ा गया है, उन्हें मीना बाजार और मंडी समिति में जगह दी जाएगी। लेकिन, व्यवसायी नहीं माने।
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उन्होंने प्रशासन के खिलाफ कड़ा रोष जताया। व्यवसायियों ने कहा कि व्यापारियों द्वारा सड़क किनारे किए गए पक्के अतिक्रमण के खिलाफ प्रशासन कभी कोई कार्रवाई नहीं करता। छोटे व्यवसायियों को ही उजाड़ा जाता है। इस मौके पर तहसीलदार रमेश चंद्र गौतम, कोतवाल राजन लाल आर्य, एनएच के सहायक अभियंता एमबी थापा, उपप्रबंधक अनुज कुमार, सर्वे अभियंता मोहित सिंह, पालिका ईओ सरिता राणा, कानूनगो जोगा सिंह, पटवारी अकरम मलिक आदि थे।
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बसाने तक देंगे धरना
सितारगंज। एसडीएम द्वारा टीम के साथ अमरिया चौराहा से अतिक्रमण हटाने के विरोध में छोटे तबके के व्यवसायी मुखर हो गए हैं। जिला पंचायत सदस्या आसना अहमद के पति कांग्रेसी नेता जावेद मलिक के नेतृत्व में व्यवसायियों ने एसडीएम की कार्रवाई का विरोध किया और मौके पर ही धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। उन्होंने कहा कि खोखा-फड़ों के पीछे खाली जगह पड़ी है। प्रशासन द्वारा उन्हें पीछे किया जा सकता था। लेकिन, उन्हें उजाड़ दिया गया। इससे उनके परिवार भुखमरी के कगार पर पहुंच जाएंगे। कहा कि जब तक उन्हें जमीन देकर बसाया नहीं जाता, धरना जारी रहेगा। इस मौके पर व्यवसायी तस्दीक अहमद, राजेश कुमार, शादाब, सलीम, रफीक, वाहिद, लईक अहमद, तौफीक, मो. इसाक, सद्दीक अहमद, जाहिद खां, मुरारी आदि थे।
प्रशासन की कार्रवाई की निंदा
सितारगंज। प्रांतीय नगर उद्योग व्यापार मंडल के वरिष्ठ उपाध्यक्ष जिलानी अंसारी ने प्रशासन की अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि लघु व्यवसायियों को उजाड़ने से पहले प्रशासन को उनके लिए जमीन की व्यवस्था करनी चाहिए थी। कहा कि प्रशासन ने व्यापार मंडल और जनप्रतिनिधियों को भरोसे में लिए बिना की जाने वाली किसी भी कार्रवाई विरोध किया जाएगा। उन्होंने जिला प्रशासन से शीघ्र ही उजाड़े गए व्यवसायियों को बसाने की मांग की।