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हौसले की परीक्षा, आज से बदलेगी रुद्रपुर की सूरत
अमर उजाला ब्यूरो रुद्रपुर।
Updated Tue, 10 Apr 2018 12:40 AM IST
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रुद्रपुर के बाजार में अतिक्रमण खुद तुड़वाते दुकानदार
- फोटो : अमर उजाला
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नगर निगम और जिला प्रशासन की तरफ से अतिक्रमण पर दी गई मोहलत के खत्म होने के बाद मंगलवार से शहर में अतिक्रमण के खिलाफ संयुक्त अभियान चलाया जाएगा। नगर निगम ने शहर क्षेत्र में 1188 अतिक्रमण चिन्हित कर लिए हैं। इस कार्रवाई को लेकर अतिक्रमणकारियों में खलबली मची हुई है।
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रुद्रपुर शहर का विकास चंडीगढ़ की तर्ज हुआ था, लेकिन अतिक्रमणकारियों ने अवैध कब्जों और अतिक्रमण से इसका नक्शा ही बदल दिया है। स्थानीय राजनीति के दखल के कारण अतिक्रमण लगातार बढ़ता जा रहा है। आखिर हाइकोर्ट के दखल के बाद नगर निगम और जिला प्रशासन अतिक्रमणकारियों के खिलाफ संयुक्त कार्रवाई शुरू करने जा रहा है।
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प्रतिज्ञा दि ऑथ फाउंडेशन की जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए हाइकोर्ट ने जून 2016 को रुद्रपुर नगर निगम को चिहिन्त अतिक्रमण को हटाकर फुटपाथ और ग्रीन बेल्ट खाली करने के निर्देश दिए थे, लेकिन एक साल बाद भी अतिक्रमण न हटाने पर संस्था ने दोबारा न्यायालय की शरण ली थी।
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इस पर हाइकोर्ट ने डीएम और नगर आयुक्त अवमानना नोटिस जारी कर रहे 25 अप्रैल को कोर्ट में स्थिति स्पष्ट करने के निर्देश दिए हैं। रुद्रपुर शहर में 1188 अतिक्रमणकारी चिन्हित किए गए। नगर निगम ने अतिक्रमणकारियों को करीब सप्ताह की मोहलत दी थी। यह मोहलत पूरी होने के बाद मंगलवार से जिला प्रशासन, नगर निगम और पुलिस की टीमें शहर में फोर्स के साथ अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई करेंगी।
प्रशासन और पुलिस टीम के साथ मंगलवार को अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। शहर में 1188 अतिक्रमणकारी चिन्हित किए गए हैं। नगर निगम के पास तीन जेबीसी हैं। जरूरत के हिसाब से जिला प्रशासन के निर्देश पर अतिरिक्त मशीनों की व्यवस्था की जाएगी।
- जय भारत सिंह, मुख्य नगर आयुक्त, रुद्रपुर नगर निगम।
हाइकोर्ट में याचिका की तैयारी
रुद्रपुर। शहर में सरकारी जमीनों पर हुए अतिक्रमण पर बुलडोजर चलने से बचाने के लिए व्यापारियों ने ताकत झोंक दी है। प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल की ओर से अतिक्रमण तोड़ने से पूर्व व्यापारियों का पक्ष सुनने की मांग को लेकर हाइकोर्ट में याचिका दाखिल होने जा रही है। पूरी संभावना है कि मंगलवार को कोर्ट में याचिका दाखिल हो जाए। दिलचस्प बात है कि मंगलवार को ही नगर निगम और प्रशासन बाजार में अतिक्रमण हटाने की तैयारी में है। इधर, सोमवार शाम व्यापारियों के बीच हाइकोर्ट से स्टे मिलने की अफवाह चलती रही।
प्रांतीय उद्योग व्यापार अध्यक्ष संजय जुनेजा ने बताया कि मंगलवार को हाइकोर्ट में याचिका दाखिल करने की कागजी कार्रवाई पूरी की गई है। हम चाहते हैं कि अतिक्रमण के नाम पर व्यापारियों को उजाड़ने की कार्यवाही न हो। अतिक्रमण हटाने से पहले व्यापारियों का पक्ष भी सुना जाए, जो नहीं सुना गया है। ब्यूरो
अतिक्रमण के खिलाफ पूर्व मंत्री बेहड़ का उपवास आज
रुद्रपुर। पूर्व मंत्री तिलकराज बेहड़ ने कहा है कि रुद्रपुर में अतिक्रमण हटाने के नाम पर जिला प्रशासन और नगर निगम की ओर से व्यापारियों को उजाड़ने का खेल रचा जा रहा है। इसके खिलाफ मंगलवार को भगत सिंह चौक पर वह उपवास पर बैठेंगे। सोमवार को जारी बयान में बेहड़ ने कहा कि भाजपा विधायक और उनकी पार्टी के व्यापार मंडल के नेताओं को आगे बढ़कर शहर को बर्बाद होने से बचाने के लिए सामने आना चाहिए। अगर वे ऐसा करते हैं तो सारे लोग दलगत राजनीति से ऊपर उठकर व्यापारियों के साथ खड़े होंगे। ब्यूरो
जसपुर और अमानगढ़ रोड से हटाया अतिक्रमण
जसपुर। हाइकोर्ट के आदेश पर लोनिवि ने पुलिस को साथ जसपुर और अमानगढ़ रोड से अतिक्रमण हटाया। सोमवार को ग्राम निवारमंडी तक अतिक्रमण हटाया गया। मंगलवार को अमानगढ़ तक अतिक्रमण हटाया जाएगा।
लोनिवि के अधिकारी पुलिस फोर्स के साथ सोमवार को धर्मकांटे पर पहुंचे और चिन्हित मकानों को जेसीबी से तुड़वाना शुरू कर दिया। मकानों पर जेसीबी चलते देखे लोगों ने स्वयं ही अपने मकानों पर हथौड़ा चलाना शुरू कर दिया। इस बीच मकान तोड़ रहे कई लोगों ने एई अरुण कुमार से एक सप्ताह की मोहलत मांगी। एई ने उन्हें एक सप्ताह का समय दिया है।
एई ने बताया कि मंगलवार को भी अभियान चलेगा। गौरतलब है कि बीते वर्ष गांव भगवंतपुर निवासी धनन्जय चौधरी ने जसपुर धर्मकांटे चौक से लेकर अमानगढ़ तक रोड के दोनो किनारों पर अतिक्रमण के खिलाफ हाइकोर्ट में याचिका दायर की थी। हाइकोर्ट के निर्देश पर कार्रवाई करते हुए विभाग ने राजस्व विभाग के मानकों के हिसाब से 299 मकानों पर लाल रंग से निशान लगाकर संबंधित लोगों को अतिक्रमण स्वयं हटाने को नोटिस दिए थे।
नोटिस के बाद करीब सौ अस्थायी अतिक्रमणकारियों समेत कुछ पक्के अतिक्रमणकारियों ने अतिक्रमण हटा लिया है। लोनिवि के एई अरुण कुमार, जेई मोहम्मद इस्लाम ने बताया कि पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सोमवार से अतिक्रमण हटाना शुरू किया गया। ब्यूरो