{"_id":"6a9dba2519b8bc25f00e3a78","slug":"paddy-crop-hit-by-false-smut-disease-yield-decline-feared-kashipur-news-c-235-1-ksp1008-148469-2026-09-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Udham Singh Nagar News: कंडुवा रोग की चपेट में धान, उपज गिरने की आशंका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Udham Singh Nagar News: कंडुवा रोग की चपेट में धान, उपज गिरने की आशंका
Mon, 07 Sep 2026 12:38 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
Updated Mon, 07 Sep 2026 12:38 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
काशीपुर। तराई क्षेत्र में धान की फसल में कंडुआ रोग फैल रहा है। नमी की अधिकता से होने वाले इस रोग से धान की बालियों में पीले और काले-हरे रंग की फफूंद की गांठें बन रही हैं। इस बीमारी से धान की उपज का उत्पादन गिरने की आशंका है जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है।
कंडुआ फफूंद जनित बीमारी है। विकासखंड में पानी के जमाव वाले क्षेत्रों में अधिक नमी, लगातार बारिश और हवा में आद्रता बढ़ने से यह रोग पनप रहा है। रोग से धान की बालियों पर फफूंद लग जाती है। इससे दाना गल जाता है और उसमें चावल नहीं बन पाता। एक बाली में पांच से दस दाने भी खराब हो जाएं तो प्रति एकड़ दो से ती क्विंटल तक पैदावार घट जाती है। रोगग्रस्त धान के चावल की गुणवत्ता खराब होने के कारण यह मंडी में कम दाम पर बिकता है। मिलर ऐसे धान को लेने से कतराते हैं। इस रोग के बीज भी संक्रमित हो जाते हैं। कृषि रक्षा अधिकारी डा. कल्याण सिंह ने कंडुआ पाए जाने पर किसानों को फफूंद नाशक दवाओं का प्रयोग करने की सलाह दी है।
विज्ञापन
कंडुआ फफूंद जनित बीमारी है। विकासखंड में पानी के जमाव वाले क्षेत्रों में अधिक नमी, लगातार बारिश और हवा में आद्रता बढ़ने से यह रोग पनप रहा है। रोग से धान की बालियों पर फफूंद लग जाती है। इससे दाना गल जाता है और उसमें चावल नहीं बन पाता। एक बाली में पांच से दस दाने भी खराब हो जाएं तो प्रति एकड़ दो से ती क्विंटल तक पैदावार घट जाती है। रोगग्रस्त धान के चावल की गुणवत्ता खराब होने के कारण यह मंडी में कम दाम पर बिकता है। मिलर ऐसे धान को लेने से कतराते हैं। इस रोग के बीज भी संक्रमित हो जाते हैं। कृषि रक्षा अधिकारी डा. कल्याण सिंह ने कंडुआ पाए जाने पर किसानों को फफूंद नाशक दवाओं का प्रयोग करने की सलाह दी है।
विज्ञापन