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आंगनबाड़ी कार्यकर्ता का एक का वेतन कटेगा
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रुद्रपुर के रविंद्रनगर स्थित आंगनबाड़ी केंद्र में जांच करते अधिकारी।
- फोटो : RUDRAPUR
रुद्रपुर। रविंद्रनगर के आंगनबाड़ी केंद्र में तीन महीने से बच्चों को मानक के अनुरूप अंडे और केले नहीं बांटे जाने पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता का एक सप्ताह का वेतन काटा जाएगा। इसके साथ ही तीन महीने के दौरान अंडे और केले बांटने में किए गए घोटाले को देखते हुए आंगनबाड़ी कार्यकर्ता से रिकवरी की जाएगी।
वार्ड-18 स्थित आंगनबाड़ी केंद्र में मुख्यमंत्री बाल पलाश योजना के तहत प्रति माह बच्चों को आठ अंडे और आठ केले देने के बजाय छह केले और दो अंडे बांटे जा रहे थे। शिकायत मिलने पर मंगलवार को आंगबाड़ी केंद्र में सीडीपीओ आशा नेगी, सुपरवाइजर लीला परिहार व आशा जोशी की संयुक्त टीम ने जांच की। जांच में पाया गया कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की ओर से तीन महीने से केंद्र में पंजीकृत 33 बच्चों को मानक के अनुरूप अंडे और केले नहीं दिए जा रहे हैं।
सीडीपीओ ने सख्त रूख अपनाते हुए आंगनबाड़ी कार्यकर्ता का एक सप्ताह का वेतन रोक दिया है। इसके साथ ही केंद्र में पंजीकृत बच्चों के परिजनों के मोबाइल नंबर ले लिए हैं। मोबाइल नंबर में फोन कर प्रत्येक परिवार से केंद्र में मिलने वाले राशन किट व अन्य चीजों की भी जानकारी ली जा रही है। बाल विकास परियोजना अधिकारी आशा नेगी ने कहा कि तीन महीने में जिन बच्चों को कम अंडे व केले दिए गए हैं। उन्हें आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के मानदेय से रिकवर कर बांटा जाएगा।
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अब केंद्रों में सुपरवाइजर की मौजूदगी में बांटे जाएंगे अंडे व केले
रुद्रपुर। शहर के 171 आंगनबाड़ी केंद्रों में मुख्यमंत्री बाल पलाश योजना का संचालन अब सुपरवाइजर की मौजूदगी में किया जाएगा। सुपरवाइजर लीला परिहार ने कहा प्रत्येक माह अलग-अलग केंद्रों में एक तिथि का चयन किया जाएगा। उस तिथि पर केंद्रों में पहुंचकर सुपरवाइजर की मौजूदगी में अंडे और केलों का वितरण किया जाएगा ताकि अन्य आंगनबाड़ी कार्यकर्ता इस तरह की अनियमितता न कर सकें। संवाद
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वार्ड-18 स्थित आंगनबाड़ी केंद्र में मुख्यमंत्री बाल पलाश योजना के तहत प्रति माह बच्चों को आठ अंडे और आठ केले देने के बजाय छह केले और दो अंडे बांटे जा रहे थे। शिकायत मिलने पर मंगलवार को आंगबाड़ी केंद्र में सीडीपीओ आशा नेगी, सुपरवाइजर लीला परिहार व आशा जोशी की संयुक्त टीम ने जांच की। जांच में पाया गया कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की ओर से तीन महीने से केंद्र में पंजीकृत 33 बच्चों को मानक के अनुरूप अंडे और केले नहीं दिए जा रहे हैं।
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सीडीपीओ ने सख्त रूख अपनाते हुए आंगनबाड़ी कार्यकर्ता का एक सप्ताह का वेतन रोक दिया है। इसके साथ ही केंद्र में पंजीकृत बच्चों के परिजनों के मोबाइल नंबर ले लिए हैं। मोबाइल नंबर में फोन कर प्रत्येक परिवार से केंद्र में मिलने वाले राशन किट व अन्य चीजों की भी जानकारी ली जा रही है। बाल विकास परियोजना अधिकारी आशा नेगी ने कहा कि तीन महीने में जिन बच्चों को कम अंडे व केले दिए गए हैं। उन्हें आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के मानदेय से रिकवर कर बांटा जाएगा।
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अब केंद्रों में सुपरवाइजर की मौजूदगी में बांटे जाएंगे अंडे व केले
रुद्रपुर। शहर के 171 आंगनबाड़ी केंद्रों में मुख्यमंत्री बाल पलाश योजना का संचालन अब सुपरवाइजर की मौजूदगी में किया जाएगा। सुपरवाइजर लीला परिहार ने कहा प्रत्येक माह अलग-अलग केंद्रों में एक तिथि का चयन किया जाएगा। उस तिथि पर केंद्रों में पहुंचकर सुपरवाइजर की मौजूदगी में अंडे और केलों का वितरण किया जाएगा ताकि अन्य आंगनबाड़ी कार्यकर्ता इस तरह की अनियमितता न कर सकें। संवाद