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15 घंटे की बारिश से आधे काशीपुर में हुआ जलभराव

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Sat, 19 Jun 2021 11:50 PM IST
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Half of Kashipur was waterlogged due to 15 hours of rain
रुद्रपुर में रोपाई के लिए ट्रैक्टर से खेत तैयार करता किसान। - फोटो : RUDRAPUR
काशीपुर/जसपुर/सुल्तानपुर पट्टी/बाजपुर/केलाखेड़ा। शुक्रवार रात से शनिवार दोपहर तक लगातार हुई बरसात से करीब आधे शहर में जलभराव की स्थित पैदा हो गई। इससे लोगों और वाहन चालकों को आवाजाही करने में काफी परेशानी उठानी पड़ी। नगर निगम के कर्मचारी कई स्थानों पर नालियों को साफ करने में जुटे हैं लेकिन इसके बाद भी जलभराव की समस्या लगातार हो रही है।
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रामनगर रोड पर चुंगी के सामने काफी जलभराव होने से सड़क पर पैदल चलने वालों को परेशानी रही। मुरादाबाद रोड पर निर्माणाधीन फ्लाईओवर के कारण पूरी सड़क पर कीचड़ होने से कई दोपहिया वाहन चालक रपट गए। बाजपुर रोड पर कुछ स्थानों पर और कुर्मांचल कॉलोनी में भी जलभराव रहा। ग्रामीण क्षेत्रों में भी नालों की सफाई नहीं होने के कारण जलभराव की समस्या रही। बाजार क्षेत्र में कोविड कर्फ्यू के कारण दुकानें बंद होने से व्यापारियों ने अपनी दुकानें में पानी घुसने की आशंका भी जताई है।
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इधर, जसपुर में भी बारिश से मुख्य बाजार, गली मोहल्लों की दुकानों और घरों में नालियों का पानी भर गया। इससे दुकानों और घरों में रखा सामान खराब हो गया। उद्योग व्यापार मंडल के जिला उपाध्यक्ष मोहम्मद आरिफ ने व्यापारी हितों में काम नहीं करने का आरोप लगाकर व्यापार मंडल नगर अध्यक्ष से इस्तीफा देने की मांग की है।
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उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष तरुण गहलोत ने बताया कि उन्हें जैसे ही व्यापारियों की दुकान में पानी भरने का पता चला, वह सभासदों को लेकर नगरपालिका गए थे। पालिका प्रशासन पर नालियों की तरी झाड़ सफाई करने के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा है। वह व्यापारियों के हित के लिए समर्पित है। इधर, पालिका अध्यक्ष मुमताज बेगम ने बताया कि एक पखवाड़े से नाले-नालियों की तली झाड़ सफाई का कार्य चल रहा है। नगर के नाले के निर्माण में विलंब हुआ था। अब निर्माण कार्य पूरा हो गया है।
वहीं, सुल्तानपुर पट्टी में लगातार हुई बारिश से कोसी नदी का जलस्तर बढ़ गया है। जलस्तर बढ़ने से किसानों को खेतों में खड़ी फसल बर्बाद होने के साथ ही भू-कटाव का खतरा भी सता रहा है। जलस्तर बढ़ने से सुल्तानपुर पट्टी, घोसीपुरा पट्टीकला और मुकुंदपुर आदि गांवों में बाढ़ का खतरा हो सकता है।
बरसात के पानी से सरकारी अस्पताल के सामने, जीजीआईसी मोड़, रामपुर मोड़, पुलिस चौकी के पास, बाजार चौराहा और घोसीपुर पट्टी में हाइवे पर गड्ढे बन गए, जिसमें फंसकर दोपहिया वाहन चालकों के गिरने का खतरा है। इधर, बारिश से बाजपुर और केलाखेड़ा में मौसम सुहावना हो गया है। पहाड़ पर अधिक बारिश होनेे से क्षेत्र की कोसी, लेवड़ा, गडरी, घोघा नदियों का जलस्तर बढ़ा है।
बाजपुर तहसील में बना बाढ़ कंट्रोल रूम
बाजपुर। तहसीलदार देवेंद्र सिंह बिष्ट ने बताया कि बरसात को देखते हुए बाढ़ चौकियों को सतर्क किया गया है। तहसील के एक कक्ष में बाढ़ कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। क्षेत्रीय जनता बाढ़ आपदा संबंधित किसी भी प्रकार की जानकारी कंट्रोल रूम के नंबर 05949-281002 पर दे सकती है। (संवाद)
रिमझिम बारिश से मौसम हुआ सुहावना
रुद्रपुर। जिले में शनिवार को दिनभर रिमझिम बारिश होने से मौसम सुहावना हो गया। मौसम वैज्ञानिकों ने जिले में लगातार दो दिन और बारिश की संभावना जताई है।
रुद्रपुर में तड़के से ही बारिश जारी रही। दोपहर के समय करीब आधा घंटा तेज बारिश के बाद शाम तक रिमझिम बारिश और बूंदाबांदी जारी रही। बाजार क्षेत्र में जिन दुकानों के आगे फुटपाथ तैयार नहीं हुए हैं, वहां हल्के जलभराव की समस्या रही।
इसके साथ ही मलिन बस्ती ट्रांजिट कैंप, जगतपुरा और रुद्रपुर मंडी समिति परिसर में जलभराव के साथ ही कीचड़ की भी समस्या रही। नैनीताल हाइवे और बाजार क्षेत्र में बारिश से बचने के लिए लोग छाता के साथ गुजरते नजर आए। बारिश के कारण रोडवेज बसों का संचालन भी प्रभावित रहा। कई यात्री बसों के संचालन के इंतजार में रुद्रपुर रोडवेज स्टेशन के वेटिंग रूम में घंटों बैठे रहे।
तराई में मानसून आते ही धान की रोपाई ने पकड़ी रफ्तार
रुद्रपुर। मानसून आते ही राज्य के प्रमुख कृषि उत्पादक जिले ऊधमसिंह नगर में धान की रोपाई ने रफ्तार पकड़ ली है। शनिवार को बारिश के बाद रुद्रपुर और आसपास के विभिन्न गांवों में किसान धान की रोपाई के साथ ही ट्रैक्टरों से खेत तैयार करते नजर आए। मानसून आने से किसानों के चेहरे खिल गए हैं। किसानों को इस वर्ष धान की अच्छी पैदावार की उम्मीद है।
जिले में इस वर्ष करीब एक लाख तीन हजार हेक्टेयर कृषि भूमि में धान की रोपाई होनी है। बारिश नहीं होने के बावजूद जिले के सितारगंज और बाजपुर में ही सही प्रकार से रोपाई शुरू हो सकी थी जबकि खटीमा, जसपुर, गदरपुर, जसपुर और काशीपुर में धान की रोपाई की गति बेहद धीमी थी। अब दो दिन से लगातार बारिश के बाद जिलेभर के गांवों में रोपाई तेज हो गई है।
शनिवार को रुद्रपुर के गणेशपुर, गंगापुर, रामेश्वरपुर, मलसी, बिगवाड़ा, दानपुर, भगवान पुर, छतरपुर, धर्मपुर आदि गांवों में किसान दिनभर धान की रोपाई करते और रोपाई के लिए खेत तैयार करते नजर आए। मुख्य कृषि अधिकारी डॉ. अभय कुमार सक्सेना ने कहा कि बारिश होने से किसानों पर रोपाई के लिए सिंचाई का खर्चा कम आएगा। उन्होंने कहा कि जिले में एक सप्ताह के भीतर धान की करीब 40 प्रतिशत रोपाई होने की संभावना है।
धान की खेती के लिए फायदेमंद है बारिश : डॉ. सिंह
रुद्रपुर। पंतनगर कृषि विश्वविद्यालय के मौसम वैज्ञानिक डॉ. आरके सिंह ने कहा कि मानसूनी बारिश धान की खेती के लिए बहुत फायदेमंद है। समय पर बारिश होने से धान के पौधों की सही प्रकार से वृद्धि होगी। साथ ही धान की पैदावार में भी बढ़ोतरी की संभावना है। डॉ. सिंह ने कहा कि यह बारिश धान के साथ उगाई जा रही दूसरी फसलों के लिए भी लाभदायक है। (संवाद)
...तो मानसून खत्म होने के बाद होंगे बाढ़ सुरक्षा के कार्य
रुद्रपुर। राज्य में मानसून की दस्तक के बावजूद सिंचाई विभाग को बाढ़ सुरक्षा के कार्य के लिए चार करोड़ 80 लाख रुपये का बजट नहीं मिल सका है। जिले में बाढ़ की दृष्टि से 10 नदियों और नालों के पास 77 गांव बाढ़ की दृष्टि से अतिसंवेदनशील माने गए हैं।
सिंचाई विभाग ने मानसून से पहले जिले की नदियों में सुधार, कटाव को रोकने, खुदान कार्य और अन्य मरम्मत कार्य कराए जाने के लिए प्रस्ताव बनाया था। बजट नहीं मिलने से विभाग के इंजीनियर और अधिकारी हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं।
मिली जानकारी के मुताबिक सिंचाई खंड सितारगंज में बैगुल नदी, कैलाश नदी, सूखी नदी, देवहा नदी, निहाई नदी में हो रहे कटाव को रोकने के लिए चार करोड़ चार लाख 98 हजार रुपये का प्रस्ताव भेजा गया है। सिंचाई खंड रुद्रपुर में हरिपुरा जलाशय, ठंडी नदी, खजिया नदी, बरौर नदी, मदनी नदी और कल्याणी नदी में बाढ़ सुरक्षा के लिए 75 लाख 16 हजार रुपये का प्रस्ताव भेजा गया है।

सिंचाई विभाग के सीनियर इंजीनियर प्रमोद कुमार दीक्षित ने बताया कि जिले की नदियों और नालों के कटाव को रोकने के लिए तटबंध बनाए जाने हैं। इसके लिए चार करोड़ 80 लाख रुपये का प्रस्ताव भेजा गया है। उच्च अधिकारियों के साथ हुई बैठक में पता चला है कि जल्द ही सरकार और जिला प्रशासन की ओर से बजट मिलने वाला है।

रुद्रपुर के गणेशपुर गांव में धान की रोपाई करतीं महिला किसान।

रुद्रपुर के गणेशपुर गांव में धान की रोपाई करतीं महिला किसान।- फोटो : RUDRAPUR

जसपुर मुख्य बाजार में व्यापारियों की दुकान में भरा नालियों का पानी।

जसपुर मुख्य बाजार में व्यापारियों की दुकान में भरा नालियों का पानी।- फोटो : KASHIPUR

सुल्तानपुर पट्टी में बारिश के पानी से हाइवे पर बने गड्ढे।

सुल्तानपुर पट्टी में बारिश के पानी से हाइवे पर बने गड्ढे।- फोटो : KASHIPUR

निर्माण कार्य अधूरा छोड़ने से बारिश के पानी से हुआ कीचड़

निर्माण कार्य अधूरा छोड़ने से बारिश के पानी से हुआ कीचड़- फोटो : KASHIPUR

बरसात से काशीपुर की गलियों में हुआ जलभराव।

बरसात से काशीपुर की गलियों में हुआ जलभराव।- फोटो : KASHIPUR

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