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प्रेम प्रसंग में हुई थी राजेंद्र की हत्या
ब्यूरो/अमर उजाला, काशीपुर
Updated Mon, 29 Jun 2015 08:18 PM IST
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पुलिस ने एक साल पहले हुई राजेंद्र की हत्या का खुलासा कर दिया है। पुलिस के अनुसार राजेंद्र की हत्या प्रेम प्रसंग में हुई। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एसएसपी नीलेश आनंद भरणे ने खुलासा करने वाली पुलिस टीम को डेढ़ हजार रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा की।
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सीओ पीसी आर्या ने मंगलवार को कुंडा थाना में पत्रकार वार्ता में बताया कि 11 जून 2014 को ग्राम भरतपुर थाना कुंडा निवासी राजेंद्र सिंह गायब हो गया था।
इसके बाद राजेंद्र के भाई मुकेश ने 26 जून 2015 को पुलिस को दी तहरीर में कहा था कि 11 जून 2014 को ग्राम भरतपुर थाना कुंडा निवासी ऋषिपाल सिंह और गांव मालधनचौड़ थाना रामनगर निवासी रामप्रसाद उसके भाई राजेंद्र को नौकरी दिलाने के बहाने घर से कहीं ले गए थे।
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तब से वह नहीं लौटा है। एसओ कुंडा रमेश तनवार के नेतृत्व में गठित टीम ने ऋषिपाल और रामप्रसाद से पूछताछ की तो दोनों ने भतरौंजखान के पास राजेंद्र की हत्या करना स्वीकार किया।
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सीओ के अनुसार ऋषिपाल के राजेंद्र की पत्नी के साथ प्रेम प्रसंग था। यह बात राजेंद्र को पता चल गई थी इसलिए ऋषिपाल को डर था कि वह उसे कभी भी मरवा सकता है।
इसलिए उसने रामप्रसाद से मिलकर राजेंद्र की हत्या की योजना बनाई। 11 जून 2014 को ऋषिपाल और रामप्रसाद अपने साथ राजेंद्र को यह कहकर ले गए कि चरस की तस्करी में मोटी रकम मिलती है।
भतरौंजखान जिला अल्मोड़ा में चरस सस्ती मिलती है। दोनों राजेंद्र को भतरौंजखान ले गए। घट्टी, भतरौंजखान में दोनों ने पत्थर से सिर कुचल कर राजेंद्र की हत्या कर दी। ऋषिपाल ने राजेंद्र के घर आकर बताया कि वह नौकरी पर लग गया है। अब वह एक-दो साल बाद घर आएगा।
उधर, भतरौंजखान पुलिस ने राजेंद्र का शव बरामद किया। लेकिन शिनाख्त नहीं हो पाने के कारण अज्ञात के रूप में शव को जला दिया। अब हत्या का खुलासा करते हुए पुलिस ने ऋषिपाल और रामप्रसाद को गिरफ्तार कर लिया है।
दोनों को पकड़ने वाली टीम में एसआई भुवनचंद्र जोशी, एसआई नासिर हुसैन, एसआई कुंदन अधिकारी, कांस्टेबल कृष्णा नेगी, मनोज कोहली, नंदन सिंह भाकुनी, मदन मोहन शामिल थे।
मृतक राजेंद्र की बूढ़ी मां नन्ही ने रोते हुए कहा कि हत्या कराने में बहू का हाथ है। बताया कि राजेंद्र ने प्रेम विवाह किया था। ऋषिपाल का उनका उनके घर आना जाना था। यहीं से राजेंद्र की पत्नी का ऋषिपाल से प्रेम प्रसंग हो गया। यह बात राजेंद्र को भी मालूम हो गई थी।
राजेंद्र के गायब होने के तीसरे महीने ही राजेंद्र की पत्नी घर छोड़कर ऋषिपाल के साथ रहने लगी। उधर, गांव के लोगों ने बताया कि उन्होंने भी राजेंद्र की पत्नी को घर नहीं छोड़ने की सलाह दी थी। गांव के लोगों में राजेंद्र के गायब होने की पीछे ऋषिपाल का हाथ होने की चर्चा थी। इसके बाद भी राजेंद्र की पत्नी बिना विवाह किए ऋषिपाल के साथ रहने लगी।
राजेंद्र के गायब होने के बाद बेसहारा हो चुकी उसकी पत्नी ने जिसे सहारा के लिए चुना, वही उसके पति का हत्यारा निकला। मृतक राजेंद्र की पत्नी ने कुंडा थाना में रोते हुए कहा कि उसने अपने पति की हत्या नहीं कराई है।
उसकी सास ने उसे जबरदस्ती घर से निकाला है। ऋषिपाल ने उसके पति की हत्या करवाई है। उसको यह मालूम नहीं था। उसने ऋषिपाल से शादी नहीं की है। वह तो एक फैक्ट्री में नौकरी कर रही है।