{"_id":"5b980e87867a557ea40c8146","slug":"11536691847-udham-singh-nagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"भगवती बाल सुंदरी की ध्वजयात्रा निकली","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
भगवती बाल सुंदरी की ध्वजयात्रा निकली
Updated Wed, 12 Sep 2018 12:20 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
काशीपुर। भगवती बाल सुंदरी देवी डोले की ध्वज यात्रा निकली। रास्ते में सैकड़ों लोगों ने डोले पर फूल वर्षा की। मंगलवार को नगर मंदिर पक्का में पंडित दयाशंकर जोशी ने प्रधान पंडा वंश गोपाल, सहायक प्रधान पंडा मनोज अग्निहोत्री, मुख्य पंडा विकास अग्निहोत्री, कृष्ण गोपाल अग्निहोत्री सहित पंडा परिवार को हवन पूजन कराया।
इसके बाद सहायक प्रधान पंडा मनोज अग्निहोत्री देवी प्रतिमा के प्रतीक नारियल को लेकर डोले में बैठे। कहार देर शाम देवी के डोले को लेकर पंडा परिवार व देवी भक्तों के जुलूस के साथ चैती मंदिर को निकले। जुलूस के सबसे आगे एक श्रद्धालु देवी का ध्वज उठाए चल रहा था।
चैती मंदिर पहुंचने पर मंदिर में पूजा अर्चना के बाद पंडा मनोज अग्निहोत्री देवी प्रतीक नारियल साथ डोले में बैठे। पद्मावती कॉलोनी के सामने जहार वीर का मेला लगा है। जहार वीर के मेला में पहुंचे सैकड़ों लोग देवी दर्शनों को जमा थे।
विज्ञापन
देवी का ध्वज जुलूस पहुंचा लेकिन वहां जहार वीर के स्थान पर रुके बिना सीधे नगर मंदिर को रवाना हो गए। जबकि परंपरा के अनुसार देवी का जुलूस कुछ मिनटों के लिए जहार वीर के स्थान पर रुकता है। फिर नगर मंदिर को रवाना होता है।
वहां पर पंडा शक्ति अग्निहोत्री, किशन गोपाल, संदीप अग्निहोत्री, विवेक अग्निहोत्री आदि थे।
विज्ञापन
इसके बाद सहायक प्रधान पंडा मनोज अग्निहोत्री देवी प्रतिमा के प्रतीक नारियल को लेकर डोले में बैठे। कहार देर शाम देवी के डोले को लेकर पंडा परिवार व देवी भक्तों के जुलूस के साथ चैती मंदिर को निकले। जुलूस के सबसे आगे एक श्रद्धालु देवी का ध्वज उठाए चल रहा था।
विज्ञापन
चैती मंदिर पहुंचने पर मंदिर में पूजा अर्चना के बाद पंडा मनोज अग्निहोत्री देवी प्रतीक नारियल साथ डोले में बैठे। पद्मावती कॉलोनी के सामने जहार वीर का मेला लगा है। जहार वीर के मेला में पहुंचे सैकड़ों लोग देवी दर्शनों को जमा थे।
विज्ञापन
देवी का ध्वज जुलूस पहुंचा लेकिन वहां जहार वीर के स्थान पर रुके बिना सीधे नगर मंदिर को रवाना हो गए। जबकि परंपरा के अनुसार देवी का जुलूस कुछ मिनटों के लिए जहार वीर के स्थान पर रुकता है। फिर नगर मंदिर को रवाना होता है।
वहां पर पंडा शक्ति अग्निहोत्री, किशन गोपाल, संदीप अग्निहोत्री, विवेक अग्निहोत्री आदि थे।