फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Tehri News ›   Second installment not received for building construction

भवन निर्माण को नहीं मिली दूसरी किश्त

Sat, 24 Jul 2021 07:18 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Sat, 24 Jul 2021 07:18 PM IST
विज्ञापन
Second installment not received for building construction
राजकीय इंटर कालेज गरवाणगांव का भवन निर्माण बजट के अभाव में पिछले चार साल से अधर में लटका है। भवन को बनाने के लिए सरकार ने एक करोड़ 12 लाख मंजूर किए थे, लेकिन अभी तक सिर्फ 58 लाख ही स्वीकृत हो पाए हैं। ऐसे में नवनिर्मित भवन में दरवाजे, खिड़कियां, फर्श आदि कार्य अधूरे पड़े हैं।
विज्ञापन

प्रतापनगर ब्लॉक के राजकीय इंटर कालेज गरवाणगांव का पुराना भवन जर्जर हो चुका है। नए भवन निर्माण के लिए वर्ष 2016 में एक करोड़ 12 लाख मंजूर हुए। इसकी पहली किश्त 58 लाख रुपये भी मिले। कार्यदायी संस्था पेयजल निर्माण निगम को वर्ष 2017 में भवन निर्माण पूरा करके देना था। लेकिन चार साल बाद भी भवन निर्माण पूरा नहीं हो सका है। वर्तमान में निर्माण के नाम पर अवमुक्त हुई धनराशि से केवल दो मंजिला भवन के कॉलम और छत ही पड़ी है। दूसरी किश्त 54 लाख रुपये जारी न होने से भवन निर्माण अधूरा पड़ा है। यहां 360 छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं।
विज्ञापन

प्रभारी प्रधानाचार्य बलवीर सिंह चौहान का कहना है कि विद्यालय प्रबंधन की ओर से कई बार उच्च अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को लिखित में पत्र भेजकर भवन निर्माण पूरा करने का अनुरोध किया जा चुका है। किसी ने सुध लेना मुनासिब नहीं समझा।
विज्ञापन
विज्ञापन

जीआईसी गरवाणगांव के भवन निर्माण को शासन से दूसरी किश्त नहीं मिल पाई है, जिसके चलते निर्माण कार्य अधूरा पड़ा है। शासन को फिर से बजट की डिमांड भेजी गई है। उम्मीद है कि अगले माह तक शेष धनराशि मिल जाएगी। - नवनीत कटारिया, प्रबंधक पेयजल निर्माण निगम चंबा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed