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Tehri News: क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने की मानदेय की मांग
Wed, 29 Oct 2025 06:03 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, टिहरी
संवाद न्यूज एजेंसी, टिहरी
Updated Wed, 29 Oct 2025 06:03 PM IST
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छठवां राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष ने नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों से किया संवाद
उत्तरकाशी। छठवां राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष एन रविशंकर की अध्यक्षता में जिला सभागार में नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के साथ संवाद किया। उन्होंने कहा कि आयोग की ओर से बजट खर्च करने को लेकर ग्राम पंचायतों और नगर निकायों पर कोई पाबंदी नहीं होगी। पंचायत और निकाय अपने विवेक पर सुनियोजित विकास के लिए धनराशि खर्च कर सकते हैं।
छठवां राज्य वित्त आयोग की बैठक में आगामी पांच वर्षों के लिए ग्राम पंचायतों और नगर निकायों के सुनियोजित विकास, विभिन्न विकासात्मक योजनाओं और उनके वित्तीय स्रोतों की उपलब्धता पर चर्चा की गई। वहीं बैठक में राज्य सरकार के निजी संसाधनों से ग्राम पंचायतों और नगर निकायों के समग्र विकास के लिए आवश्यक धनराशि के आवंटन की योजना पर विचार किया गया।
आयोग ने योजनाओं को अधिक प्रभावी बनाने के लिए जनप्रतिनिधियों से सुझाव प्राप्त किए। जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने इस दौरान प्रस्तुतिकरण के माध्यम से जनपद के समग्र विकास के लिए विभिन्न सेक्टरों में आवंटित धनराशि का विस्तृत ब्यौरा दिया और जनपद की विषम भौगोलिक परिस्थितियों के बारे में भी अवगत कराया। एन रविशंकर ने कहा कि सभी सुझावों और सिफारिशों को राज्य सरकार को भेजा जाएगा। उन्होंने सभी जनप्रतिनिधियों को ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के विकास में उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए प्रेरित किया।
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इस अवसर पर अध्यक्ष जिला पंचायत रमेश चौहान, ब्लॉक प्रमुख राजदीप परमार, ममता पंवार, रणबीर सिंह महंत, रणदेव सिंह राणा, सीडीओ जय भरत सिंह, एसडीएम शालनी नेगी, नवीन नौटियाल आदि मौजूद रहे।
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उत्तरकाशी। छठवां राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष एन रविशंकर की अध्यक्षता में जिला सभागार में नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के साथ संवाद किया। उन्होंने कहा कि आयोग की ओर से बजट खर्च करने को लेकर ग्राम पंचायतों और नगर निकायों पर कोई पाबंदी नहीं होगी। पंचायत और निकाय अपने विवेक पर सुनियोजित विकास के लिए धनराशि खर्च कर सकते हैं।
छठवां राज्य वित्त आयोग की बैठक में आगामी पांच वर्षों के लिए ग्राम पंचायतों और नगर निकायों के सुनियोजित विकास, विभिन्न विकासात्मक योजनाओं और उनके वित्तीय स्रोतों की उपलब्धता पर चर्चा की गई। वहीं बैठक में राज्य सरकार के निजी संसाधनों से ग्राम पंचायतों और नगर निकायों के समग्र विकास के लिए आवश्यक धनराशि के आवंटन की योजना पर विचार किया गया।
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आयोग ने योजनाओं को अधिक प्रभावी बनाने के लिए जनप्रतिनिधियों से सुझाव प्राप्त किए। जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने इस दौरान प्रस्तुतिकरण के माध्यम से जनपद के समग्र विकास के लिए विभिन्न सेक्टरों में आवंटित धनराशि का विस्तृत ब्यौरा दिया और जनपद की विषम भौगोलिक परिस्थितियों के बारे में भी अवगत कराया। एन रविशंकर ने कहा कि सभी सुझावों और सिफारिशों को राज्य सरकार को भेजा जाएगा। उन्होंने सभी जनप्रतिनिधियों को ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के विकास में उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए प्रेरित किया।
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इस अवसर पर अध्यक्ष जिला पंचायत रमेश चौहान, ब्लॉक प्रमुख राजदीप परमार, ममता पंवार, रणबीर सिंह महंत, रणदेव सिंह राणा, सीडीओ जय भरत सिंह, एसडीएम शालनी नेगी, नवीन नौटियाल आदि मौजूद रहे।