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छात्रों की जान पर भारी पड़ रही लोनिवि की लापरवाही
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लंबगांव (टिहरी)। पुजारगांव-बनकुंडाली-सौडखांड मोटर मार्ग 12 साल से डामरीकरण की राह ताक रहा है। चार किमी लंबे मार्ग पर हर दो कदम पर गड्ढे बने हैं। तंगहाल सड़क पर केंद्रीय विद्यालय सौडखांड के छात्र-छात्राओं के अलावा सेमधार, सौड़, हडियाणी और बनकुंडाली गांव के लोगों को जान जोखिम में डालकर आवागमन करना पड़ रहा है। सड़क मरम्मत के नाम पर जिम्मेदार लोनिवि छह माह से प्रस्ताव तैयार करने तक ही सीमित रह गया है।
लोनिवि प्रांतीय खंड बौराड़ी की लापरवाही केंद्रीय विद्यालय सौडखांड के छात्रों की जान पर भारी पड़ रही है। चार किमी लंबे इस तंगहाल सड़क पर छात्रों को जान जोखिम में डालकर आवागमन करना पड़ रहा है। निर्माण के 12 साल बीतने के बाद दोबारा पुजारगांव-बनकुंडाली-सौडखांड मार्ग पर डामरीकरण और मरम्मत कार्य नहीं हो पाया। पुजारगांव-बनकुंडाली-सौडखांड मोटर मार्ग का निर्माण वर्ष 2004-5 में हुआ था। तब से दोबारा सड़क पर डामरीकरण और क्षतिग्रस्त नालियों की मरम्मत नहीं हो पाई। प्रधान लोकेंद्र व्यास का कहना है कि लंबे समय से सड़क मरम्मत की मांग को लेकर जिम्मेदार अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से पत्राचार किया जा रहा है, लेकिन शासन-प्रशासन में जिम्मेदार पदों पर बैठे लोगों के उपेक्षापूर्ण रवैये से लोग परेशान है।
पुजारगांव-बनकुंडाली-सौडखांड मोटर मार्ग के डामरीकरण के लिए शासन को बीते मार्च में 74 लाख का प्रस्ताव भेजा गया था, लेकिन बजट उपलब्ध नहीं हो पाया है। फिलहाल वैकल्पिक व्यवस्था के तहत गड्ढे पर मरम्मत कार्य शीघ्र कराया जाएगा।
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-केएस नेगी, ईई, लोनिवि प्रांतीय खंड टिहरी
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लोनिवि प्रांतीय खंड बौराड़ी की लापरवाही केंद्रीय विद्यालय सौडखांड के छात्रों की जान पर भारी पड़ रही है। चार किमी लंबे इस तंगहाल सड़क पर छात्रों को जान जोखिम में डालकर आवागमन करना पड़ रहा है। निर्माण के 12 साल बीतने के बाद दोबारा पुजारगांव-बनकुंडाली-सौडखांड मार्ग पर डामरीकरण और मरम्मत कार्य नहीं हो पाया। पुजारगांव-बनकुंडाली-सौडखांड मोटर मार्ग का निर्माण वर्ष 2004-5 में हुआ था। तब से दोबारा सड़क पर डामरीकरण और क्षतिग्रस्त नालियों की मरम्मत नहीं हो पाई। प्रधान लोकेंद्र व्यास का कहना है कि लंबे समय से सड़क मरम्मत की मांग को लेकर जिम्मेदार अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से पत्राचार किया जा रहा है, लेकिन शासन-प्रशासन में जिम्मेदार पदों पर बैठे लोगों के उपेक्षापूर्ण रवैये से लोग परेशान है।
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पुजारगांव-बनकुंडाली-सौडखांड मोटर मार्ग के डामरीकरण के लिए शासन को बीते मार्च में 74 लाख का प्रस्ताव भेजा गया था, लेकिन बजट उपलब्ध नहीं हो पाया है। फिलहाल वैकल्पिक व्यवस्था के तहत गड्ढे पर मरम्मत कार्य शीघ्र कराया जाएगा।
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-केएस नेगी, ईई, लोनिवि प्रांतीय खंड टिहरी