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किसानों की आय दोगुनी को कार्ययोजना बनाएं विभाग: डीएम
Updated Thu, 28 Dec 2017 10:42 PM IST
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रुद्रप्रयाग। जिलाधिकारी ने वर्ष 2022 तक जनपद में किसानों की आय दोगुनी करने के लिए विभागों को कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने धरातल पर कार्यों के क्रियान्वयन के साथ ग्रामीणों को प्रेरित करने पर जोर दिया।
कृषि, उद्यान, पशुपालन, डेरी विकास, वन, जडी-बूटी, सिंचाई, मत्स्य, रेशम सहित अन्य विभागों के विभागाध्यक्षों के साथ बैठक करते हुए डीएम मंगेश घिल्डियाल ने कहा कि मात्र बुकलेट तैयार करने से किसानों की आय में वृद्धि होना संभव नहीं है। इसके लिए विजन स्पष्ट होना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को आगामी पांच वर्षों में होने वाले कार्यों को वर्षवार मैप पर अंकित कर प्रेजेंटेशन तैयार करने के निर्देश भी दिए। कहा कि जिन गांवों में कार्य किया जाएगा, उनकी कार्ययोजना तैयार कर वर्तमान में उत्पादन की गणना करें। भेषज संघ को बंजर भूमि चिह्नित कर जड़ी-बूटी उत्पादन के लिए कहा गया। उन्होंने जल संरक्षण, संवर्द्धन व सिंचन में वृद्धि के साथ छोटी-छोटी नहरें बनाने के निर्देश संबंधित विभागों को दिए। इस मौके पर जखोली में 15 जनवरी तक 2500 कीवी की पौध का रोपण व मौन पालन के लिए 20 ग्राम पंचायतों का कलस्टर बनाने के निर्देश भी दिए गए। गांवों में घेरबाड व फलोत्पादन की बात कही गई। बैठक में सीडीओ डीआर जोशी, प्रभारी अधिकारी देवानंद, एलडीएम पीई एमएस नेगी, मुख्य कृषि अधिकारी आरपीएस रावत, उद्यान अधिकारी जीएल मखनवाल सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
कृषि, उद्यान, पशुपालन, डेरी विकास, वन, जडी-बूटी, सिंचाई, मत्स्य, रेशम सहित अन्य विभागों के विभागाध्यक्षों के साथ बैठक करते हुए डीएम मंगेश घिल्डियाल ने कहा कि मात्र बुकलेट तैयार करने से किसानों की आय में वृद्धि होना संभव नहीं है। इसके लिए विजन स्पष्ट होना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को आगामी पांच वर्षों में होने वाले कार्यों को वर्षवार मैप पर अंकित कर प्रेजेंटेशन तैयार करने के निर्देश भी दिए। कहा कि जिन गांवों में कार्य किया जाएगा, उनकी कार्ययोजना तैयार कर वर्तमान में उत्पादन की गणना करें। भेषज संघ को बंजर भूमि चिह्नित कर जड़ी-बूटी उत्पादन के लिए कहा गया। उन्होंने जल संरक्षण, संवर्द्धन व सिंचन में वृद्धि के साथ छोटी-छोटी नहरें बनाने के निर्देश संबंधित विभागों को दिए। इस मौके पर जखोली में 15 जनवरी तक 2500 कीवी की पौध का रोपण व मौन पालन के लिए 20 ग्राम पंचायतों का कलस्टर बनाने के निर्देश भी दिए गए। गांवों में घेरबाड व फलोत्पादन की बात कही गई। बैठक में सीडीओ डीआर जोशी, प्रभारी अधिकारी देवानंद, एलडीएम पीई एमएस नेगी, मुख्य कृषि अधिकारी आरपीएस रावत, उद्यान अधिकारी जीएल मखनवाल सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
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