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समाज में फैली भ्रांतियों को दूर करने में विज्ञान अहम: पुरोहित
Updated Wed, 28 Mar 2018 10:47 PM IST
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रुद्रप्रयाग। राजकीय उच्चतर प्राथमिक विद्यालय डांगी-गुनाऊं में छात्र-छात्राओं को वैज्ञानिक दृष्टिकोण के प्रति जागरूक करने के लिए विज्ञान मेले का आयोजन किया गया। इस मौके पर स्कूली बच्चों ने लघु शोध एवं मॉडल का प्रदर्शन किया।
अजीम प्रेम जी फाउंडेशन व डायट की ओर से संयुक्त रूप से आयोजित विज्ञान मेला का शुभारंभ बतौर मुख्य अतिथि डायट के वरिष्ठ प्रवक्ता केएन पुरोहित ने किया। कहा कि शिक्षा को वैज्ञानिक दृष्टिकोण से जहां रोचक बनाया जा सकता है। वहीं, समाज में फैली भ्रांतियों को भी समाप्त किया जा सकता है। डा. विनोद कुमार ने कहा कि विज्ञान के इस युग में समाज को तर्कपूर्ण बातों को स्वीकार करना चाहिए। किसी भी विषय पर होने वाली चर्चाओं में वैज्ञानिक चेतना से जुड़े संवादों को स्थान दिया जाना, जिससे स्कूली बच्चों का विज्ञान के प्रति नजरिया स्पष्ट हो सके। अजीम प्रेमजी फाउंडेशन के जिला समन्वय दीपक रावत ने कहा कि आत्मविश्वास से हर समस्या का निस्तारण किया जा सकता है। प्रधानाध्यापक हेमंत चौकियाल ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रमों से छात्र-छात्राओं को शिक्षा व अन्य विषयों के बारे में नया सीखने को मिलता है। विज्ञान मेले में छात्र-छात्राओं ने प्रोटीन व कार्बोहाड्रेट का परीक्षण मॉडल और पारंपरिक नाप तोल के यंत्रों से संबंधित लघु शोध प्रदर्शित किया। इस मौके पर ग्राम प्रधान ऊषा रौतेला, एसएमसी अध्यक्ष जगदीश लाल, अंकिता, उषा गार्गी, शशिचंद्र नौटियाल, मंगल लाल शाह, दीपा नौटियाल, शैलेंद्र रौतेला, अजय रौतेला, ललिता देवी आदि लोग मौजूद थे।
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अजीम प्रेम जी फाउंडेशन व डायट की ओर से संयुक्त रूप से आयोजित विज्ञान मेला का शुभारंभ बतौर मुख्य अतिथि डायट के वरिष्ठ प्रवक्ता केएन पुरोहित ने किया। कहा कि शिक्षा को वैज्ञानिक दृष्टिकोण से जहां रोचक बनाया जा सकता है। वहीं, समाज में फैली भ्रांतियों को भी समाप्त किया जा सकता है। डा. विनोद कुमार ने कहा कि विज्ञान के इस युग में समाज को तर्कपूर्ण बातों को स्वीकार करना चाहिए। किसी भी विषय पर होने वाली चर्चाओं में वैज्ञानिक चेतना से जुड़े संवादों को स्थान दिया जाना, जिससे स्कूली बच्चों का विज्ञान के प्रति नजरिया स्पष्ट हो सके। अजीम प्रेमजी फाउंडेशन के जिला समन्वय दीपक रावत ने कहा कि आत्मविश्वास से हर समस्या का निस्तारण किया जा सकता है। प्रधानाध्यापक हेमंत चौकियाल ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रमों से छात्र-छात्राओं को शिक्षा व अन्य विषयों के बारे में नया सीखने को मिलता है। विज्ञान मेले में छात्र-छात्राओं ने प्रोटीन व कार्बोहाड्रेट का परीक्षण मॉडल और पारंपरिक नाप तोल के यंत्रों से संबंधित लघु शोध प्रदर्शित किया। इस मौके पर ग्राम प्रधान ऊषा रौतेला, एसएमसी अध्यक्ष जगदीश लाल, अंकिता, उषा गार्गी, शशिचंद्र नौटियाल, मंगल लाल शाह, दीपा नौटियाल, शैलेंद्र रौतेला, अजय रौतेला, ललिता देवी आदि लोग मौजूद थे।
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