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Roorkee News: दो लाख से अधिक लोगों की होगी स्क्रीनिंग व एक्स-रे जांच
Thu, 16 Apr 2026 06:30 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रुड़की
संवाद न्यूज एजेंसी, रुड़की
Updated Thu, 16 Apr 2026 06:30 PM IST
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- घर-घर पहुंचेगी स्वास्थ्य टीम, संदिग्ध टीबी मरीजों की पहचान कर तुरंत करेगी इलाज
रुड़की। देहात में टीबी की रोकथाम और नियंत्रण के लिए स्वास्थ्य विभाग ने अभियान शुरू किया है। इस अभियान के तहत कुल 2 लाख 73 हजार 541 लोगों की स्क्रीनिंग और एक्स-रे जांच की जाएगी ताकि समय रहते मरीजों की पहचान कर उनका इलाज सुनिश्चित किया जा सके। विभागीय जानकारी के अनुसार, अभियान का मुख्य उद्देश्य टीबी के संभावित मरीजों को शुरुआती स्तर पर ही चिह्नित करना है। इसके लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं जो गांव-गांव जाकर शिविर लगाकर लोगों की जांच करेंगी। जिन लोगों में टीबी के लक्षण पाए जाएंगे, उन्हें तुरंत एक्स-रे और अन्य जरूरी जांचों के लिए भेजा जाएगा। अभियान में आशा कार्यकर्ता, एएनएम और स्वास्थ्य कर्मियों की अहम भूमिका रहेगी। ये टीमें न केवल स्क्रीनिंग करेंगी बल्कि लोगों को टीबी के लक्षण, बचाव और इलाज के बारे में जागरूक भी करेंगी। इस अभियान से टीबी के मामलों की समय पर पहचान होगी जिससे संक्रमण के फैलाव को रोका जा सकेगा और मरीजों को बेहतर उपचार मिल सकेगा। क्षय रोग उन्मूलन केंद्र प्रभारी आशीष शर्मा ने लोगों से अपील की है कि स्क्रीनिंग और जांच में पूरा सहयोग करें और किसी भी लक्षण को नजरअंदाज न करें, क्योंकि समय पर इलाज से टीबी पूरी तरह ठीक की जा सकती है। संवाद
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रुड़की। देहात में टीबी की रोकथाम और नियंत्रण के लिए स्वास्थ्य विभाग ने अभियान शुरू किया है। इस अभियान के तहत कुल 2 लाख 73 हजार 541 लोगों की स्क्रीनिंग और एक्स-रे जांच की जाएगी ताकि समय रहते मरीजों की पहचान कर उनका इलाज सुनिश्चित किया जा सके। विभागीय जानकारी के अनुसार, अभियान का मुख्य उद्देश्य टीबी के संभावित मरीजों को शुरुआती स्तर पर ही चिह्नित करना है। इसके लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं जो गांव-गांव जाकर शिविर लगाकर लोगों की जांच करेंगी। जिन लोगों में टीबी के लक्षण पाए जाएंगे, उन्हें तुरंत एक्स-रे और अन्य जरूरी जांचों के लिए भेजा जाएगा। अभियान में आशा कार्यकर्ता, एएनएम और स्वास्थ्य कर्मियों की अहम भूमिका रहेगी। ये टीमें न केवल स्क्रीनिंग करेंगी बल्कि लोगों को टीबी के लक्षण, बचाव और इलाज के बारे में जागरूक भी करेंगी। इस अभियान से टीबी के मामलों की समय पर पहचान होगी जिससे संक्रमण के फैलाव को रोका जा सकेगा और मरीजों को बेहतर उपचार मिल सकेगा। क्षय रोग उन्मूलन केंद्र प्रभारी आशीष शर्मा ने लोगों से अपील की है कि स्क्रीनिंग और जांच में पूरा सहयोग करें और किसी भी लक्षण को नजरअंदाज न करें, क्योंकि समय पर इलाज से टीबी पूरी तरह ठीक की जा सकती है। संवाद