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Roorkee News: मंगलौर-लंढौरा सीएचसी में एंटी रेबीज इंजेक्शन खत्म
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मंगलौर-लंढौरा क्षेत्र के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एंटी रेबीज इंजेक्शन का स्टॉक खत्म होने से मरीजों की परेशानी बढ़ गई है। कुत्ते के काटने के मामलों में अस्पताल पहुंच रहे मरीजों को एंटी रेबीज इंजेक्शन नहीं लग पा रहा है। इससे लोगों को मजबूरन बाहरी मेडिकल से महंगे दामों में इंजेक्शन खरीदकर लगवाना पड़ रहा है।
ग्रामीण और कस्बाई इलाकों में रोजाना कुत्ते के काटने की घटनाएं सामने आ रही हैं। जहां कई मरीज सीएचसी में इंजेक्शन लगवाने के लिए पहुंच रहे हैं लेकिन इंजेक्शन न होने के कारण उन्हें बिना उपचार के ही लौटना पड़ रहा है। ऐसे में मरीज बाहर मेडिकल स्टोर से 320 से 380 रुपये तक महंगे दामों पर इंजेक्शन खरीदकर लगवा रहे हैं। आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लिए यह स्थिति और भी मुश्किल पैदा कर रही है। लंढौरा से मरीज प्रदीप ने बताया कि कुत्ते के काटने पर वह अस्पताल पहुंचे लेकिन इंजेक्शन खत्म कहकर वापस भेज दिया गया। लंढौरा सीएचसी अस्पताल की फार्मासिस्ट रुचि राणा ने बताया कि फिलहाल एंटी रेबीज इंजेक्शन खत्म है। डिमांड विभाग को भेजी दी गई है।
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ग्रामीण और कस्बाई इलाकों में रोजाना कुत्ते के काटने की घटनाएं सामने आ रही हैं। जहां कई मरीज सीएचसी में इंजेक्शन लगवाने के लिए पहुंच रहे हैं लेकिन इंजेक्शन न होने के कारण उन्हें बिना उपचार के ही लौटना पड़ रहा है। ऐसे में मरीज बाहर मेडिकल स्टोर से 320 से 380 रुपये तक महंगे दामों पर इंजेक्शन खरीदकर लगवा रहे हैं। आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लिए यह स्थिति और भी मुश्किल पैदा कर रही है। लंढौरा से मरीज प्रदीप ने बताया कि कुत्ते के काटने पर वह अस्पताल पहुंचे लेकिन इंजेक्शन खत्म कहकर वापस भेज दिया गया। लंढौरा सीएचसी अस्पताल की फार्मासिस्ट रुचि राणा ने बताया कि फिलहाल एंटी रेबीज इंजेक्शन खत्म है। डिमांड विभाग को भेजी दी गई है।
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