{"_id":"5f2d906a8ebc3e3cf10a9b77","slug":"five-months-later-the-sabir-pak-jiyarat-roorkee-news-drn352478394","type":"story","status":"publish","title_hn":"पांच माह बाद की साबिर पाक की जियारत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पांच माह बाद की साबिर पाक की जियारत
विज्ञापन
कलियर दरगाह में जियारत करती ज्वाइंट मजिस्ट्रेट नमामी बंसल ,सज्जादानशीन शाह मंसूर ऐजाज साबरी , शा?
- फोटो : ROORKEE
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कलियर में करीब पांच माह से बंद दरगाहों को शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद जायरीनों के लिए खोल दिया गया है। दरगाह साबिर पाक और अन्य दरगाहों को खोलने से एक दिन पहले फूलों से सजाया गया था। इससे पहले ज्वाइंट मजिस्ट्रेट नमामी बंसल ने दरगाह परिसर और बाजारों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
विश्व प्रसिद्ध दरगाह साबिर पाक को जुमे की नमाज के बाद करीब तीन बजे सज्जादानशीन शाह मंसूर एजाज साबरी, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट नमामि बंसल, वक्फ बोर्ड के चेयरमैन मोहम्मद अकरम के नेतृत्व में खोला गया। इसके बाद उन्होंने दरगाह साबिर पाक में जियारत की। स्थानीय लोगों ने भी शारीरिक दूरी के साथ जियारत की। गौरतलब है कि कोरोना महामारी के दौरान 20 मार्च को कलियर की सभी दरगाहों को बंद कर दिया गया था। उसके बाद 8 जून को देश में सभी धार्मिक स्थलों को गाइडलाइन के साथ खोले जाने की अनुमति सरकार की ओर से दी गई थी, लेकिन कलियर में दरगाहों को खोले जाने के कोई निर्देश नहीं दिए गए थे। उत्तराखंड वक्फ बोर्ड की ओर से 4 अगस्त को गाइडलाइन के साथ दरगाहों को खोले जाने के आदेश दिए गए हैं। तभी से अकीदतमंद जियारत करने के लिए आस लगाए बैठे थे। शुक्रवार दरगाहें जायरीनों के लिए खोल दी गई है। इससे पहले ज्वाइंट मजिस्ट्रेट नमामी बंसल ने व्यवस्थाओं का जायजा लिया। दरगाह साबिर पाक सहित दरगाह इमाम साहब, किलकिली साहब के मेन गेटों पर सैनिटाइजर मशीन लगाई गई। इस मौके पर नायब सज्जादा नशीन शाह अली ऐजाज साबरी, दरगाह प्रबंधक परवेज आलम, वक्फ निरीक्षक एम अली, शाह यावर अली, बाबर खान, शादाब कुरैशी, शफीक साबरी, गुलशाद सिद्दीकी, शाह गाजी आदि मौजूद रहे।
खुशी में छलक उठे जायरीनों के आशु
दरगाह शरीफ खुलने पर अकीदतमंदों में खुशी की लहर है। लगभग पांच माह बाद दरगाह शरीफ खुलने पर हाजरी लगाने पहुंचे अकीदतमंदों की आंखों से आशु छलक उठे। दरगाह शरीफ खुलने की खबर पर आसपास के जायरीन दरगाह शरीफ पहुंचे और लाइनों में लगकर अपनी बारी का इंतजार करने लगे। दरगाह गेट पर माथा टेकने के बाद नम आंखों से अकीदतमंदों ने दरबार में खिराज-ए-अक़ीदत पेश कर दुआएं मांगी।
विज्ञापन
गुलजार हुए साबिर पाक के बाजार
दरगाह साबरी पाक के खुलने से एक बार फिर बाजरों में रौनक लौट आई है। दरगाह खुलने के साथ ही कई दुकानदारों ने अपनी दुकानें खोल ली है। दुकानदारों का कहना है कि साबिर पाक का दरबार बंद था इसीलिए उन्होंने भी अपनी दुकान नहीं खोली थी, लेकिन शुक्रवार को जब दरगाह शरीफ को खोला गया है तो उन्होंने भी दुकानों के शटर उठा लिए।
विज्ञापन
विश्व प्रसिद्ध दरगाह साबिर पाक को जुमे की नमाज के बाद करीब तीन बजे सज्जादानशीन शाह मंसूर एजाज साबरी, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट नमामि बंसल, वक्फ बोर्ड के चेयरमैन मोहम्मद अकरम के नेतृत्व में खोला गया। इसके बाद उन्होंने दरगाह साबिर पाक में जियारत की। स्थानीय लोगों ने भी शारीरिक दूरी के साथ जियारत की। गौरतलब है कि कोरोना महामारी के दौरान 20 मार्च को कलियर की सभी दरगाहों को बंद कर दिया गया था। उसके बाद 8 जून को देश में सभी धार्मिक स्थलों को गाइडलाइन के साथ खोले जाने की अनुमति सरकार की ओर से दी गई थी, लेकिन कलियर में दरगाहों को खोले जाने के कोई निर्देश नहीं दिए गए थे। उत्तराखंड वक्फ बोर्ड की ओर से 4 अगस्त को गाइडलाइन के साथ दरगाहों को खोले जाने के आदेश दिए गए हैं। तभी से अकीदतमंद जियारत करने के लिए आस लगाए बैठे थे। शुक्रवार दरगाहें जायरीनों के लिए खोल दी गई है। इससे पहले ज्वाइंट मजिस्ट्रेट नमामी बंसल ने व्यवस्थाओं का जायजा लिया। दरगाह साबिर पाक सहित दरगाह इमाम साहब, किलकिली साहब के मेन गेटों पर सैनिटाइजर मशीन लगाई गई। इस मौके पर नायब सज्जादा नशीन शाह अली ऐजाज साबरी, दरगाह प्रबंधक परवेज आलम, वक्फ निरीक्षक एम अली, शाह यावर अली, बाबर खान, शादाब कुरैशी, शफीक साबरी, गुलशाद सिद्दीकी, शाह गाजी आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
खुशी में छलक उठे जायरीनों के आशु
दरगाह शरीफ खुलने पर अकीदतमंदों में खुशी की लहर है। लगभग पांच माह बाद दरगाह शरीफ खुलने पर हाजरी लगाने पहुंचे अकीदतमंदों की आंखों से आशु छलक उठे। दरगाह शरीफ खुलने की खबर पर आसपास के जायरीन दरगाह शरीफ पहुंचे और लाइनों में लगकर अपनी बारी का इंतजार करने लगे। दरगाह गेट पर माथा टेकने के बाद नम आंखों से अकीदतमंदों ने दरबार में खिराज-ए-अक़ीदत पेश कर दुआएं मांगी।
विज्ञापन
गुलजार हुए साबिर पाक के बाजार
दरगाह साबरी पाक के खुलने से एक बार फिर बाजरों में रौनक लौट आई है। दरगाह खुलने के साथ ही कई दुकानदारों ने अपनी दुकानें खोल ली है। दुकानदारों का कहना है कि साबिर पाक का दरबार बंद था इसीलिए उन्होंने भी अपनी दुकान नहीं खोली थी, लेकिन शुक्रवार को जब दरगाह शरीफ को खोला गया है तो उन्होंने भी दुकानों के शटर उठा लिए।