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आठ गांव की फ सल गेरुई रोग की चपेट में
Updated Sun, 01 Apr 2018 11:53 PM IST
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भगवानपुर। क्षेत्र के आठ गांव में गेहूं की तैयार फसल में गेरुई रोग लग गया है। इससे किसानों को उत्पादन कम होने का खतरा सता रहा है। कृषि विभाग के अधिकारी भी दावा कर रहे हैं कि अब इस रोग से निपटना संभव नहीं है।
क्षेत्र के डाडली, महेश्वरी, कादरपुर, सरठेड़ी, नन्हेड़ा अंनतपुर समेत आठ गांव में गेहूं की फसल में गेरुई रोग लग गया है। इस रोग से गेहूं की बाली काली पड़ गई है। इससे दाना भी कमजोर हो रहा है। इस रोग के संबंध में डाडली गांव के मगन सिंह, संदीप आदि किसानों ने कृषि विभाग के अधिकारियों को अवगत कराया था। इस पर कृषि विभाग के अधिकारियों ने मौके पर जाकर जांच भी की थी, लेकिन किसानों को राहत नहीं मिली। भगवानपुर कृषि विभाग के पर्यवेक्षक सुरेंद्र कुमार ने बताया कि गांव से शिकायत मिली थी। जांच करने पर पाया गया कि अब गेहूं की फसल तैयार है। जिसकी वजह से इस पर छिड़काव करना उचित नहीं है। बाली निकलते समय ही दवा का छिड़काव होना चाहिए था।
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क्षेत्र के डाडली, महेश्वरी, कादरपुर, सरठेड़ी, नन्हेड़ा अंनतपुर समेत आठ गांव में गेहूं की फसल में गेरुई रोग लग गया है। इस रोग से गेहूं की बाली काली पड़ गई है। इससे दाना भी कमजोर हो रहा है। इस रोग के संबंध में डाडली गांव के मगन सिंह, संदीप आदि किसानों ने कृषि विभाग के अधिकारियों को अवगत कराया था। इस पर कृषि विभाग के अधिकारियों ने मौके पर जाकर जांच भी की थी, लेकिन किसानों को राहत नहीं मिली। भगवानपुर कृषि विभाग के पर्यवेक्षक सुरेंद्र कुमार ने बताया कि गांव से शिकायत मिली थी। जांच करने पर पाया गया कि अब गेहूं की फसल तैयार है। जिसकी वजह से इस पर छिड़काव करना उचित नहीं है। बाली निकलते समय ही दवा का छिड़काव होना चाहिए था।
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