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साहब छुट्टी पर, दफ्तर में पड़ी अनुमति की फाइनल
Updated Thu, 11 Jan 2018 12:01 AM IST
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रुड़की। इकबालपुर और लिब्बरहेड़ी शुगर मिल ने गन्ने की आवक कम होने के कारण बाहरी गन्ने की खरीद को लेकर गन्ना आयुक्त से अनुमति मांगी थी, लेकिन गन्ना आयुक्त के छुट्टी पर होने के कारण महीनों बाद भी अनुमति नहीं मिल पाई हैं।
करीब एक माह पहले इकबालपुर और लिब्बरहेड़ी शुगरमिल के अधिकारियों ने गन्ना आयुक्त आनंद श्रीवास्तव से बाहरी गन्ने की खरीद को लेकर अनुमति मांगी थी। शुगरमिलों का दावा है कि उन्हें डिमांड के अनुरूप आधा ही गन्ना मिल पा रहा हैं, जिसके चलते शुगरमिलों में नो केन की स्थिति बन रही हैं। लक्सर शुगर मिल में भी नो केन हो रहा है। जिसके चलते गन्ना आयुक्त से बाहरी गन्ने की खरीद को लेकर अनुमति मांगी गई थी। क्योंकि नियमानुसार गन्ना आयुक्त ही बाहरी गन्ने की खरीद को अनुमति देता है, लेकिन गन्ना आयुक्त पिछले करीब पंद्रह दिन से छुट्टी पर चल रहे है। जिसके कारण अनुमति की फाइनल गन्ना आयुक्त के कार्यालय में धूल फांक रही है। अनुमति न मिलने के कारण शुगरमिल प्रबंधक गन्ने की कमी को देखते हुए रिमाइंडर भी भेज चुके है। यदि शुगरमिल प्रबंधकों की मानें तो गन्ना न मिलने के कारण नुकसान हो रहा हैं, जबकि बाहरी गन्ने को लेकर प्रशासन और स्थानीय किसान लगाम कसे हुए है। डीसीओ आशीष नेगी ने बताया कि गन्ना आयुक्त के छुट्टी पर होने के कारण अभी तक अनुमति नहीं मिल पाई है। छुट्टी से आने के बाद अनुमति को लेकर गन्ना आयुक्त स्तर से निर्णय लिया जाएगा।
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करीब एक माह पहले इकबालपुर और लिब्बरहेड़ी शुगरमिल के अधिकारियों ने गन्ना आयुक्त आनंद श्रीवास्तव से बाहरी गन्ने की खरीद को लेकर अनुमति मांगी थी। शुगरमिलों का दावा है कि उन्हें डिमांड के अनुरूप आधा ही गन्ना मिल पा रहा हैं, जिसके चलते शुगरमिलों में नो केन की स्थिति बन रही हैं। लक्सर शुगर मिल में भी नो केन हो रहा है। जिसके चलते गन्ना आयुक्त से बाहरी गन्ने की खरीद को लेकर अनुमति मांगी गई थी। क्योंकि नियमानुसार गन्ना आयुक्त ही बाहरी गन्ने की खरीद को अनुमति देता है, लेकिन गन्ना आयुक्त पिछले करीब पंद्रह दिन से छुट्टी पर चल रहे है। जिसके कारण अनुमति की फाइनल गन्ना आयुक्त के कार्यालय में धूल फांक रही है। अनुमति न मिलने के कारण शुगरमिल प्रबंधक गन्ने की कमी को देखते हुए रिमाइंडर भी भेज चुके है। यदि शुगरमिल प्रबंधकों की मानें तो गन्ना न मिलने के कारण नुकसान हो रहा हैं, जबकि बाहरी गन्ने को लेकर प्रशासन और स्थानीय किसान लगाम कसे हुए है। डीसीओ आशीष नेगी ने बताया कि गन्ना आयुक्त के छुट्टी पर होने के कारण अभी तक अनुमति नहीं मिल पाई है। छुट्टी से आने के बाद अनुमति को लेकर गन्ना आयुक्त स्तर से निर्णय लिया जाएगा।
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