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Rishikesh News: बंदर के हमले से श्रमिक हुआ घायल
Sat, 16 May 2026 02:44 AM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
Updated Sat, 16 May 2026 02:44 AM IST
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द होराईजन स्कूल जौलीग्रांट के गेट के पास सड़क पर बंदरों के झुंड ने एक श्रमिक पर हमला बोल दिया। बंदरों के काटने और जमीन पर गिरने से श्रमिक को काफी चोटें आई हैं।
श्रमिक फुरकान अहमद स्कूल में वेंडिंग का काम कर वापस लौट रहा था। स्कूल के गेट से कुछ दूरी पर सड़क पर घूम रहे बंदरों के झुंड ने उस पर हमला बोल दिया, जिससे वो जमीन पर गिर गए। बंदरों ने उनके शरीर पर कई स्थानों पर काट लिया। वहीं जमीन पर गिरने और बंदरों से खुद को बचाने के चक्कर में उनके शरीर पर काफी चोटें आई।
श्रमिक की आवाज सुनकर स्कूल के गार्ड द्वारा किसी तरह श्रमिक को बंदरों के चंगुल से बचाया गया। स्कूल की प्रधानाचार्य नम्रता शर्मा ने कहा कि उनके स्कूल में प्रतिदिन काफी संख्या में बच्चे साइकिल या अपनी मां के साथ स्कूटी से आवाजाही करते हैं। बंदर कई बार बच्चों और अभिभावकों पर भी हमला कर चुके हैं।
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प्रार्थना के वक्त बंदर अक्सर मैदान में घूमते रहते हैं। कई बार बंदर कक्षाओं में भी घुस चुके हैं। जिससे स्कूल में भय का वातावरण बना हुआ है। उन्होंने इस संबंध में रेंजर को ज्ञापन दिया है। स्थानीय सभासद अरुण सोलंकी ने भी बंदरों के आतंक को लेकर चिंता जताई है।
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द होराईजन स्कूल के पास स्थित जंगल से निकलकर काफी बंदर स्कूल प्रांगण और लोगों के घरों में घूमते हैं। बंदर पकड़ने का अभियान कई बार चलाया जा चुका है। फिर से अभियान चलाकर बंदरों को पकड़ा जाएगा। - एनएन डोभाल, रेंजर थानो
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श्रमिक फुरकान अहमद स्कूल में वेंडिंग का काम कर वापस लौट रहा था। स्कूल के गेट से कुछ दूरी पर सड़क पर घूम रहे बंदरों के झुंड ने उस पर हमला बोल दिया, जिससे वो जमीन पर गिर गए। बंदरों ने उनके शरीर पर कई स्थानों पर काट लिया। वहीं जमीन पर गिरने और बंदरों से खुद को बचाने के चक्कर में उनके शरीर पर काफी चोटें आई।
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श्रमिक की आवाज सुनकर स्कूल के गार्ड द्वारा किसी तरह श्रमिक को बंदरों के चंगुल से बचाया गया। स्कूल की प्रधानाचार्य नम्रता शर्मा ने कहा कि उनके स्कूल में प्रतिदिन काफी संख्या में बच्चे साइकिल या अपनी मां के साथ स्कूटी से आवाजाही करते हैं। बंदर कई बार बच्चों और अभिभावकों पर भी हमला कर चुके हैं।
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प्रार्थना के वक्त बंदर अक्सर मैदान में घूमते रहते हैं। कई बार बंदर कक्षाओं में भी घुस चुके हैं। जिससे स्कूल में भय का वातावरण बना हुआ है। उन्होंने इस संबंध में रेंजर को ज्ञापन दिया है। स्थानीय सभासद अरुण सोलंकी ने भी बंदरों के आतंक को लेकर चिंता जताई है।
द होराईजन स्कूल के पास स्थित जंगल से निकलकर काफी बंदर स्कूल प्रांगण और लोगों के घरों में घूमते हैं। बंदर पकड़ने का अभियान कई बार चलाया जा चुका है। फिर से अभियान चलाकर बंदरों को पकड़ा जाएगा। - एनएन डोभाल, रेंजर थानो