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Rishikesh News: मकानों की नाप-जोख करने आए अधिकारियों को लौटाया
Wed, 03 Dec 2025 02:14 AM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
Updated Wed, 03 Dec 2025 02:14 AM IST
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लगातार 23वें दिन धरने पर बैठे एयरपोर्ट प्रभावित: संवाद
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एयरपोर्ट विस्तारीकरण के लिए एयरपोर्ट बाउंड्री से सटे हुए अठूरवाला के लोगों की जमीन और मकानों का अधिग्रहण किया जा रहा है। जिस कारण युकाडा, लोनिवि और संबंधित विभाग के अधिकारी एयरपोर्ट प्रभावितों के मकान आदि की नाप-जोख करने के लिए अठूरवाला पहुंचे। प्रभावितों ने विरोध करते हुए अधिकारियों को बैरंग लौटा दिया।
एयरपोर्ट विस्तारीकरण के लिए चोरपुलिया की तरफ से भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब एयरपोर्ट बाउंड्री से सटे हुए टिहरी विस्थापित क्षेत्र अठूरवाला से अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। एयरपोर्ट प्रभावितों का कहना है कि उनकी मांगें मानने के बाद ही अधिग्रहण की कार्रवाई आगे बढ़ाई जाए। इसी कारण प्रभावित करीब 23 दिनों से धरने पर बैठे हुए हैं।
मंगलवार को युकाडा, लोनिवि और अन्य अधिकारियों की टीम अधिग्रहण के लिए प्रभावितों के मकान, निर्माण आदि की नाप-जोख के लिए मौके पर पहुंची, जिनका प्रभावितों ने विरोध किया। विरोध के बाद अधिकारी बिना नाप-जोख के ही वापस लौट गए।
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अठूरवाला संघर्ष समिति के अध्यक्ष मंजीत सजवाण ने कहा कि अधिकारी सिर्फ मकान की नाप-जोख कर रहे हैं। जबकि बाउंड्री, पक्का आंगन, पोर्च और दूसरे निर्माण कार्य की नाप-जोख नहीं की जा रही है, जिस कारण उन्होंने नाप-जोख का विरोध किया है।
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23वें दिन भी जारी रहा धरना-प्रदर्शन
एयरपोर्ट प्रभावित अपनी मांगों को लेकर करीब 23 दिनों से धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। विस्थापितों का आरोप है कि संबंधित अधिकारी उन्हें गुमराह कर रहे हैं। कोई भी अधिकारी उनकी समस्या ढंग से सुनने को तैयार नहीं है। धरना-प्रदर्शन करने वालों में विपुल सजवाण, रविंद्र सजवाण, जयवीर रमोला, अमित सजवाण, सुरमा पंवार, सुधा देवी, पुष्पा राणा आदि शामिल रहे।
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1025 मीटर चौड़ाई में ली जानी है जमीन
दून एयरपोर्ट के लिए बेसिक स्ट्रिप बनाने के लिए पुलिस चौकी जौलीग्रांट के पीछे गेस्ट हाउस से लेकर एयरपोर्ट के चोरपुलिया की तरफ वाले गेट तक एयरपोर्ट बाउड्री से 1025 मीटर चौड़ाई में 6.0770 हेक्टेयर से अधिक भूमि अधिग्रहित की जानी प्रस्तावित है। इस भूमि पर करीब 52 से अधिक टिहरी विस्थापित परिवार बसे हुए हैं। वहीं पास में ही नौ परिवार ऐसे हैं जो खुद प्रभावितों के साथ ही विस्थापन होना चाहते हैं।
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एयरपोर्ट विस्तारीकरण के लिए चोरपुलिया की तरफ से भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब एयरपोर्ट बाउंड्री से सटे हुए टिहरी विस्थापित क्षेत्र अठूरवाला से अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। एयरपोर्ट प्रभावितों का कहना है कि उनकी मांगें मानने के बाद ही अधिग्रहण की कार्रवाई आगे बढ़ाई जाए। इसी कारण प्रभावित करीब 23 दिनों से धरने पर बैठे हुए हैं।
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मंगलवार को युकाडा, लोनिवि और अन्य अधिकारियों की टीम अधिग्रहण के लिए प्रभावितों के मकान, निर्माण आदि की नाप-जोख के लिए मौके पर पहुंची, जिनका प्रभावितों ने विरोध किया। विरोध के बाद अधिकारी बिना नाप-जोख के ही वापस लौट गए।
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अठूरवाला संघर्ष समिति के अध्यक्ष मंजीत सजवाण ने कहा कि अधिकारी सिर्फ मकान की नाप-जोख कर रहे हैं। जबकि बाउंड्री, पक्का आंगन, पोर्च और दूसरे निर्माण कार्य की नाप-जोख नहीं की जा रही है, जिस कारण उन्होंने नाप-जोख का विरोध किया है।
23वें दिन भी जारी रहा धरना-प्रदर्शन
एयरपोर्ट प्रभावित अपनी मांगों को लेकर करीब 23 दिनों से धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। विस्थापितों का आरोप है कि संबंधित अधिकारी उन्हें गुमराह कर रहे हैं। कोई भी अधिकारी उनकी समस्या ढंग से सुनने को तैयार नहीं है। धरना-प्रदर्शन करने वालों में विपुल सजवाण, रविंद्र सजवाण, जयवीर रमोला, अमित सजवाण, सुरमा पंवार, सुधा देवी, पुष्पा राणा आदि शामिल रहे।
1025 मीटर चौड़ाई में ली जानी है जमीन
दून एयरपोर्ट के लिए बेसिक स्ट्रिप बनाने के लिए पुलिस चौकी जौलीग्रांट के पीछे गेस्ट हाउस से लेकर एयरपोर्ट के चोरपुलिया की तरफ वाले गेट तक एयरपोर्ट बाउड्री से 1025 मीटर चौड़ाई में 6.0770 हेक्टेयर से अधिक भूमि अधिग्रहित की जानी प्रस्तावित है। इस भूमि पर करीब 52 से अधिक टिहरी विस्थापित परिवार बसे हुए हैं। वहीं पास में ही नौ परिवार ऐसे हैं जो खुद प्रभावितों के साथ ही विस्थापन होना चाहते हैं।