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Pithoragarh News: जल्द ही चीन सीमा पर बसे गांव बिजली से होंगे रोशन
Thu, 16 Apr 2026 02:33 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Thu, 16 Apr 2026 02:33 AM IST
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मुनस्यारी (पिथौरागढ़)। चीन सीमा पर बसे मल्ला जोहार के 13 माइग्रेशन गांव जल्द ही बिजली से रोशन होंगे। विद्युतीकरण को मंजूरी मिलने के बाद इन गांवों तक बिजली लाइन बिछाने का काम शुरू हुआ है। अब इन वाइब्रेंट गांवों के लोगों को अपने घरों को सोलर लाइट से रोशन नहीं करना होगा। 24 घंटे ग्रामीणों को ग्रिड से बिजली मिलेगी।
चीन सीमा पर बसे लास्पा, रेलकोट, मरतोली, टोला, गनघर, बुर्फू, बिलजु, मिलम, ल्वा, मापा, पाछूं, टोला, खिलांच गांवों में अब तक ग्रिड से बिजली नहीं पहुंच सकी है। यहां के ग्रामीण सोलर लाइट से घरों को रोशन करने के लिए मजबूर हैं। सिर्फ रात के समय ही सोलर लाइट की रोशनी ग्रामीणों को मिल रही है। ये गांव वाइब्रेंट विलेज में शामिल हैं। अब इन गांवों तक जल्द ही ग्रिड से बिजली पहुंचेगी। यूपीसीएल के इस प्रस्ताव को मंजूरी मिलते ही गांवों तक बिजली पहुंचाने के लिए लाइन बिछाने का काम शुरू हुआ है। इससे ग्रामीणों में खुशी है। इन गांवों में करीब 400 की आबादी निवास करती है। यहां के ग्रामीण शीतकाल में निचले इलाकों में लौटते हैं जबकि गर्मी के मौसम में इन गांवों का रुख करते हैं।
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सेना की चौकियां भी होंगी बिजली से रोशन
जोहार घाटी में मिलम, रेलकोट और बुगड़ियार में चीन सीमा पर सुरक्षा के लिए सेना और आईटीबीपी की चौकियां स्थापित हैं। इन चौकियों में भी अब तक ग्रिड की बिजली नहीं पहुंच सकी है। जवान सोलर की रोशनी से काम चला रहे हैं। अब ये चौकियां भी बिजली से रोशन होंगी। इसका सीधा लाभ सेना को मिलेगा।
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चीन सीमा पर बसे लास्पा, रेलकोट, मरतोली, टोला, गनघर, बुर्फू, बिलजु, मिलम, ल्वा, मापा, पाछूं, टोला, खिलांच गांवों में अब तक ग्रिड से बिजली नहीं पहुंच सकी है। यहां के ग्रामीण सोलर लाइट से घरों को रोशन करने के लिए मजबूर हैं। सिर्फ रात के समय ही सोलर लाइट की रोशनी ग्रामीणों को मिल रही है। ये गांव वाइब्रेंट विलेज में शामिल हैं। अब इन गांवों तक जल्द ही ग्रिड से बिजली पहुंचेगी। यूपीसीएल के इस प्रस्ताव को मंजूरी मिलते ही गांवों तक बिजली पहुंचाने के लिए लाइन बिछाने का काम शुरू हुआ है। इससे ग्रामीणों में खुशी है। इन गांवों में करीब 400 की आबादी निवास करती है। यहां के ग्रामीण शीतकाल में निचले इलाकों में लौटते हैं जबकि गर्मी के मौसम में इन गांवों का रुख करते हैं।
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सेना की चौकियां भी होंगी बिजली से रोशन
जोहार घाटी में मिलम, रेलकोट और बुगड़ियार में चीन सीमा पर सुरक्षा के लिए सेना और आईटीबीपी की चौकियां स्थापित हैं। इन चौकियों में भी अब तक ग्रिड की बिजली नहीं पहुंच सकी है। जवान सोलर की रोशनी से काम चला रहे हैं। अब ये चौकियां भी बिजली से रोशन होंगी। इसका सीधा लाभ सेना को मिलेगा।
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