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पानी के लिए ऐंचोली के लोगों का प्रदर्शन
ब्यूराे/अमर उजाला, पिथौरागढ़
Updated Mon, 02 May 2016 10:24 PM IST
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पानी के लिए ऐंचोली के लोगों का प्रदर्शन
- फोटो : अमर उजाला
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ड्योडार पेयजल योजना से ऐंचोली कस्बे में जिन घरों को पानी के कनेक्शन दिए गए हैं उनमें नवंबर 2015 से पानी की बूंद नहीं टपकी है। आक्रोशित लोगों ने सोमवार को जिलाधिकारी कार्यालय के सामने प्रदर्शन किया। पेयजल सप्लाई सामान्य न होने पर आंदोलन करने की चेतावनी दी है। लोगों का कहना है कि पेयजल लाइन में आई खराबी की विभाग के लोग कई बार जांच कर चुके हैं लेकिन अब तक समाधान नहीं हुआ है। अब पेयजल का गंभीर संकट पैदा हो गया है। ऐसे में लोग सड़कों पर उतरने को मजबूर हो गए हैं।
लोगों ने बताया कि शीतकाल में तो किसी तरह पानी का इंतजाम कर लिया गया था लेकिन गर्मियों के सीजन में लोगों को बूंद बूंद पानी के लिए तरसना पड़ रहा है। पानी के सारे प्राकृतिक स्रोत सूख गए हैं। टैंकरों से कुछ खास इलाकों में ही पानी बांटा जा रहा है। ऐंचोली के कई परिवार गंभीर संकट का सामना कर रहे हैं। जिलाधिकारी को सौंपे ज्ञापन में लोगों ने मांग की है कि 48 घंटे के भीतर समस्या का समाधान न होने पर बड़ा आंदोलन छेड़ दिया जाएगा। प्रदर्शन में गोविंद नगरकोटी, हरीश पांडे, नारायण सिंह मेहता, कल्याण सिंह महर, दीवान सिंह बिष्ट, अर्जुन सिंह मेहता, मीना बिष्ट, मीनाक्षी पांडे, मीना महर, अंजू नगरकोटी, गीता नगरकोटी, लक्ष्मी मेहता, कमला मेहता, गीता समेत तमाम लोग शामिल थे। फोटो 02 पीटीएच 05 पी
जनप्रतिनिधियों ने किया प्रदर्शन, घोड़ों से हो पानी की सप्लाई
पिथौरागढ़। बेड़ीनाग तहसील के राईआगर, त्रिपुरादेवी, राईगड़सारी, देवीनगर, सिंगौली, भटीइजर में हो रही भयंकर पेयजल किल्लत से आक्रोशित क्षेत्र के पंचायत प्रतिनिधियों ने सोमवार को 90 किलोमीटर दूर जिला मुख्यालय पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया। जिला नियोजन समिति की सदस्य हेमा नेवलिया और पंचायत प्रतिनिधि दीपक नेवलिया के नेतृत्व में लोगों ने कहा कि जिन गांवों तक टैंकर पहुंचता है वहां टैंकरों से पानी दिया जाए। अन्यथा घोड़ों और खच्चरों से पेयजल सप्लाई की जाए। बाद में जिलाधिकारी को सौंपे ज्ञापन में लोगों ने कहा कि यदि पेयजल का संकट दूर नहीं हुआ तो लोग भारी मुसीबत में आ जाएंगे। जानवरों के लिए भी पानी जुटाना मुश्किल हो गया है। प्रदर्शन में शंकर सिंह, कोमल खाती, ललित सिंह समेत अन्य लोग शामिल थे।
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भागीचौरा में 20 रुपये कनस्तर मिल रहा पानी
डीडीहाट (पिथौरागढ़)। भागीचौरा कस्बे में 70 पेयजल कनेक्शनों में पानी आना बंद हो गया है। चौंसाल-ननकुड़ी-भागीचौरा पेयजल योजना से चौथे दिन जो पानी दिया जा रहा है वह मात्र दस कनेक्शनों तक पहुंच रहा है। जबकि इलाके में पानी के 80 कनेक्शन हैं। लोग अब वाहनों से पानी का ढुलान करवा रहे हैं। उनको 15 लीटर का पानी का कनस्तर 20 रुपये में बैठ रहा है। पानी संकट से जूझ रहे भागीचौरा के लोगों ने सोमवार को प्रदर्शन किया। लोग खाली बर्तन लेकर सड़क पर उतर आए। क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ता विवेक जोशी ने कहा कि पानी को लेकर ऐसा हाहाकार पहले कभी नहीं देखा गया। सबसे बड़ी समस्या जानवरों के लिए हो गई है। जानवरों को पांच किलोमीटर दूर गंदे नालों में ले जाकर पानी पिलाना पड़ रहा है। जल संस्थान ने दो दिन पूर्व पिकप से एक हजार लीटर पानी बांटा लेकिन अगले दिन से यह व्यवस्था भी बंद कर दी।
बेड़ीनाग में स्थिति नियंत्रण से बाहर
बेड़ीनाग (पिथौरागढ़)। यहां पेयजल सप्लाई की स्थिति लगातार बिगड़ रही है। अब लोगों का ध्यान सिर्फ पानी जुटाने पर ही रह गया है। सोमवार को स्थिति और खराब हो गई। नलों में पानी आना बंद है। प्राकृतिक स्रोत सूख गए हैं। जल संस्थान के टैंकरों से नाममात्र का पानी मिल पा रहा है। टैंकर आते ही लोग पानी के लिए दौड़ रहे हैं। हर दिन पेयजल की समस्या और गंभीर रूप लेती जा रही है। जल संस्थान के अवर अभियंता गजेंद्र सिंह ने कहा कि समस्या काफी विकट हो रही है। विभाग अपने संसाधनों का पूरा इस्तेमाल कर रहा है।
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लोगों ने बताया कि शीतकाल में तो किसी तरह पानी का इंतजाम कर लिया गया था लेकिन गर्मियों के सीजन में लोगों को बूंद बूंद पानी के लिए तरसना पड़ रहा है। पानी के सारे प्राकृतिक स्रोत सूख गए हैं। टैंकरों से कुछ खास इलाकों में ही पानी बांटा जा रहा है। ऐंचोली के कई परिवार गंभीर संकट का सामना कर रहे हैं। जिलाधिकारी को सौंपे ज्ञापन में लोगों ने मांग की है कि 48 घंटे के भीतर समस्या का समाधान न होने पर बड़ा आंदोलन छेड़ दिया जाएगा। प्रदर्शन में गोविंद नगरकोटी, हरीश पांडे, नारायण सिंह मेहता, कल्याण सिंह महर, दीवान सिंह बिष्ट, अर्जुन सिंह मेहता, मीना बिष्ट, मीनाक्षी पांडे, मीना महर, अंजू नगरकोटी, गीता नगरकोटी, लक्ष्मी मेहता, कमला मेहता, गीता समेत तमाम लोग शामिल थे। फोटो 02 पीटीएच 05 पी
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जनप्रतिनिधियों ने किया प्रदर्शन, घोड़ों से हो पानी की सप्लाई
पिथौरागढ़। बेड़ीनाग तहसील के राईआगर, त्रिपुरादेवी, राईगड़सारी, देवीनगर, सिंगौली, भटीइजर में हो रही भयंकर पेयजल किल्लत से आक्रोशित क्षेत्र के पंचायत प्रतिनिधियों ने सोमवार को 90 किलोमीटर दूर जिला मुख्यालय पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया। जिला नियोजन समिति की सदस्य हेमा नेवलिया और पंचायत प्रतिनिधि दीपक नेवलिया के नेतृत्व में लोगों ने कहा कि जिन गांवों तक टैंकर पहुंचता है वहां टैंकरों से पानी दिया जाए। अन्यथा घोड़ों और खच्चरों से पेयजल सप्लाई की जाए। बाद में जिलाधिकारी को सौंपे ज्ञापन में लोगों ने कहा कि यदि पेयजल का संकट दूर नहीं हुआ तो लोग भारी मुसीबत में आ जाएंगे। जानवरों के लिए भी पानी जुटाना मुश्किल हो गया है। प्रदर्शन में शंकर सिंह, कोमल खाती, ललित सिंह समेत अन्य लोग शामिल थे।
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भागीचौरा में 20 रुपये कनस्तर मिल रहा पानी
डीडीहाट (पिथौरागढ़)। भागीचौरा कस्बे में 70 पेयजल कनेक्शनों में पानी आना बंद हो गया है। चौंसाल-ननकुड़ी-भागीचौरा पेयजल योजना से चौथे दिन जो पानी दिया जा रहा है वह मात्र दस कनेक्शनों तक पहुंच रहा है। जबकि इलाके में पानी के 80 कनेक्शन हैं। लोग अब वाहनों से पानी का ढुलान करवा रहे हैं। उनको 15 लीटर का पानी का कनस्तर 20 रुपये में बैठ रहा है। पानी संकट से जूझ रहे भागीचौरा के लोगों ने सोमवार को प्रदर्शन किया। लोग खाली बर्तन लेकर सड़क पर उतर आए। क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ता विवेक जोशी ने कहा कि पानी को लेकर ऐसा हाहाकार पहले कभी नहीं देखा गया। सबसे बड़ी समस्या जानवरों के लिए हो गई है। जानवरों को पांच किलोमीटर दूर गंदे नालों में ले जाकर पानी पिलाना पड़ रहा है। जल संस्थान ने दो दिन पूर्व पिकप से एक हजार लीटर पानी बांटा लेकिन अगले दिन से यह व्यवस्था भी बंद कर दी।
बेड़ीनाग में स्थिति नियंत्रण से बाहर
बेड़ीनाग (पिथौरागढ़)। यहां पेयजल सप्लाई की स्थिति लगातार बिगड़ रही है। अब लोगों का ध्यान सिर्फ पानी जुटाने पर ही रह गया है। सोमवार को स्थिति और खराब हो गई। नलों में पानी आना बंद है। प्राकृतिक स्रोत सूख गए हैं। जल संस्थान के टैंकरों से नाममात्र का पानी मिल पा रहा है। टैंकर आते ही लोग पानी के लिए दौड़ रहे हैं। हर दिन पेयजल की समस्या और गंभीर रूप लेती जा रही है। जल संस्थान के अवर अभियंता गजेंद्र सिंह ने कहा कि समस्या काफी विकट हो रही है। विभाग अपने संसाधनों का पूरा इस्तेमाल कर रहा है।