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पंचाचूली ग्लेशियर का आठ मीटर हिस्सा टूटा
ब्यूरो/अमर उजाला,मुनस्यारी /पिथौरागढ़
Updated Mon, 04 Jan 2016 10:10 PM IST
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करीब 22652 फीट की ऊंचाई पर स्थित पंचाचूली ग्लेशियर का आठ मीटर हिस्सा सोमवार तड़के 4.30 टूटकर बलाती ग्लेशियर के ऊपर जा गिरा है। बलाती ग्लेशियर से ही मंदाकिनी निकलती है। इस हिमखंड के पिघलने पर मंदाकिनी का जलस्तर बढ़ने की आशंका जताई गई है। इससे नदी के किनारे के हिस्सों में तबाही मच सकती है। एसडीएम कौस्तुभ मिश्रा ने मंदाकिनी के किनारे स्थित सभी गांवों में अलर्ट जारी कर दिया है। साथ ही जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन टीम को सूचना दे दी है।
यहां मिली सूचनाओं में कहा गया है कि सोमवार सुबह पंचाचूली ग्लेशियर का बड़ा हिस्सा टूट गया। इस इलाके में ट्रैकिंग पर जाने वालों का कहना है कि अब तक पंचाचूली में जमकर हिमपात नहीं हुआ है। इस कारण बर्फ की ऊपरी सतह खिसकने लगी है। इससे एवलांच आने भी आशंका है। पंचाचूली ग्लेशियर का यह हिस्सा बलाती ग्लेशियर पर गिरा है। यदि यह हिस्सा खिसकता है तो मंदाकिनी का जलस्तर बढ़ जाएगा और मंदाकिनी के किनारे स्थित साना, डोबरी, लेगा, मदकोट समेत अन्य इलाकों के लिए खतरा हो सकता है। ट्रैकर वीरेंद्र सिंह बुग्याल ने बताया कि हिमपात न होने के कारण यह स्थितियां सामने आ रही हैं। इससे पहले भी कई बार पंचाचूली में हिमस्खलन की घटनाएं हो चुकी हैं।
एसडीएम कौस्तुभ मिश्रा ने बताया कि ग्लेशियर टूटने की सूचना मिलते ही पूरे इलाके में अलर्ट जारी कर दिया गया है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वह नदी के किनारे न जाएं।
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यहां मिली सूचनाओं में कहा गया है कि सोमवार सुबह पंचाचूली ग्लेशियर का बड़ा हिस्सा टूट गया। इस इलाके में ट्रैकिंग पर जाने वालों का कहना है कि अब तक पंचाचूली में जमकर हिमपात नहीं हुआ है। इस कारण बर्फ की ऊपरी सतह खिसकने लगी है। इससे एवलांच आने भी आशंका है। पंचाचूली ग्लेशियर का यह हिस्सा बलाती ग्लेशियर पर गिरा है। यदि यह हिस्सा खिसकता है तो मंदाकिनी का जलस्तर बढ़ जाएगा और मंदाकिनी के किनारे स्थित साना, डोबरी, लेगा, मदकोट समेत अन्य इलाकों के लिए खतरा हो सकता है। ट्रैकर वीरेंद्र सिंह बुग्याल ने बताया कि हिमपात न होने के कारण यह स्थितियां सामने आ रही हैं। इससे पहले भी कई बार पंचाचूली में हिमस्खलन की घटनाएं हो चुकी हैं।
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एसडीएम कौस्तुभ मिश्रा ने बताया कि ग्लेशियर टूटने की सूचना मिलते ही पूरे इलाके में अलर्ट जारी कर दिया गया है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वह नदी के किनारे न जाएं।
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