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सीमाओं पर पांच सौ चेकपोस्ट बनाएगा नेपाल
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इसी स्थल पर बनेगी बीओपी।
- फोटो : AMAR UJALA
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राजेश पंगरिया (संवाद), झूलाघाट(पिथौरागढ़)। नेपाल ने भारत और चीन को जोड़ने वाली सीमाओं पर निगरानी शुरु कर दी है। इसके लिए नेपाल के गृह मंत्रालय ने दोनों देशों की सीमाओं पर सैकड़ों बीओपी बनाने की कार्ययोजना तैयार की है। प्रत्येक बीओपी पर एक प्लाटून सशस्त्र प्रहरी बल का तैनात किया जाएगा। अभी तक इन सीमाओं पर नेपाल प्रहरी के जवान तैनात रहते है। नेपाल भारत और चीन को जोड़ने वाली सीमाओं पर सुरक्षा के लिए 121 बीओपी बना चुका है। हाल ही में नेपाल के गृह मंत्रालय ने बची हुई सभी सीमाओं पर भी पांच सौ बार्डर एरिया चेकपोस्ट बनाने की योजना तैयार कर ली है। बीओपी बनाने से सीमाओं पर नेपाल सशस्त्र प्रहरी के जवान हमेशा दूसरे देश की गतिविधियों पर नजर रख पाएंगे। साथ ही देश के अंदर अवैध तरीके से होने वाली घुसपैठ पर रोक लगेगी। दूसरी ओर सीमा पर पेट्रोलिंग करने के साथ ही अवैध तरीके से होने वाली तस्करी पर भी लगाम लगेगी। कुछ दिन पहले भी नेपाल ने लीपूलेख कालापानी क्षेत्र पर नजर रखने के लिए छांगरु में स्थाई चैकपोस्ट बनाया है। वहां पर सशस्त्र प्रहरी और नेपाल प्रहरी के जवानों को तैनात किया गया है।
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-::: सीमा पर दो बीओपी का काम शुरु:: झूलाघाट (पिथौरागढ़)। नेपाल के गृह मंत्रालय ने पिथौरागढ़ जिले से लगी नेपाल को जोड़ने वाली झूलाघाट और रोलघाट सीमा पर भी बीओपी बनाने का कार्य शुरु कर दिया है। बैतड़ी के सीडीओ आनंद पौडेल ने बताया बीओपी बनाने के लिए जगह खोजने का कार्य शुरु हो गया है। 51 गुल्म (सशस्त्र प्रहरी बल) के डीएसपी अमित सिंह ने बताया प्रत्येक बीओपी में एक निरीक्षक के साथ ही 25 जवानों की तैनाती की जाएगी।
--:: सीमाओं की सुरक्षा तीन हाथों में ::: ;- झूलाघाट(पिथौरागढ़)। नेपाल में सीमाओं की सुरक्षा तीन तरह से होती है। पहले नंबर पर बिना हथियारों के नेपाल प्रहरी के लोग होते है। दूसरे नंबर पर नेपाल सशस्त्र प्रहरी के लोग हथियारों से लैस होते है। तीसरे नंबर पर नेपाल की सेना होती है। जो युद्व के समय देश की रक्षा करती है। (संवाद)
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