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Pithoragarh News: प्रस्तावित डीडीहाट जिले में शामिल नहीं होना चाहते मुनस्यारी और धारचूला
Mon, 19 Jun 2023 10:07 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Mon, 19 Jun 2023 10:07 PM IST
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पिथौरागढ़। चीन सीमा क्षेत्र से लगे विकास खंड मुनस्यारी और धारचूला के त्रिस्तरीय पंचायत प्रतिनिधियों ने प्रस्तावित डीडीहाट जिले में शामिल होने से मना कर दिया है। उन्होंने कहा कि आवश्यकता सीमांत क्षेत्र में जिला बनाने की है। इसके लिए सरकार से वार्ता की जाएगी।
पंचायत प्रतिनिधियों का कहना है कि लोकसभा चुनाव को देखते हुए डीडीहाट जिले को बनाने की सुगबुगाहट शुरू हो गई है। चीन सीमा के निकट स्थित मुनस्यारी और धारचूला विकासखंड के पंचायत प्रतिनिधियों ने समय-समय पर इस प्रस्तावित जिले में शामिल होने का विरोध किया था। यहां की जनता डीडीहाट जिले में शामिल नहीं होना चाहती है। पंचायत प्रतिनिधि संगठन के प्रदेश अध्यक्ष और सीमांत क्षेत्र से जिला पंचायत सदस्य जगत मर्तोलिया ने सोमवार को ई-मेल से सीएम पुष्कर सिंह धामी को पत्र लिखकर कहा कि चीन सीमा से लगे विकास खंड मुनस्यारी और धारचूला को मिलाकर सीमांत जिला बनाने के प्रस्ताव पर पहले अमल किया जाए।
उन्होंने कहा कि डीडीहाट जिले से वर्तमान जिला मुख्यालय मात्र दो घंटे में पहुंच सकते हैं जबकि सीमांत क्षेत्र से आज भी मिलम गांव के नागरिक दो दिन की 67 किमी पैदल यात्रा के बाद सात घंटे वाहन से यात्रा करके वर्तमान जिला मुख्यालय पहुंचते हैं। मर्तोलिया ने सुझाव दिया गया कि डीडीहाट और बेड़ीनाग विकासखंड के 54 ग्राम पंचायतों को भी सीमांत जिले में शामिल किया जा सकता है। उनके लिए भी मुनस्यारी और धारचूला के मध्य प्रस्तावित जिला मुख्यालय नजदीक पड़ता है। उन्होंने कहा है कि सीमांत क्षेत्र को जबरन डीडीहाट में शामिल किया गया तो सीमांत की जनता उसका पुरजोर विरोध करेगी।
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पंचायत प्रतिनिधियों का कहना है कि लोकसभा चुनाव को देखते हुए डीडीहाट जिले को बनाने की सुगबुगाहट शुरू हो गई है। चीन सीमा के निकट स्थित मुनस्यारी और धारचूला विकासखंड के पंचायत प्रतिनिधियों ने समय-समय पर इस प्रस्तावित जिले में शामिल होने का विरोध किया था। यहां की जनता डीडीहाट जिले में शामिल नहीं होना चाहती है। पंचायत प्रतिनिधि संगठन के प्रदेश अध्यक्ष और सीमांत क्षेत्र से जिला पंचायत सदस्य जगत मर्तोलिया ने सोमवार को ई-मेल से सीएम पुष्कर सिंह धामी को पत्र लिखकर कहा कि चीन सीमा से लगे विकास खंड मुनस्यारी और धारचूला को मिलाकर सीमांत जिला बनाने के प्रस्ताव पर पहले अमल किया जाए।
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उन्होंने कहा कि डीडीहाट जिले से वर्तमान जिला मुख्यालय मात्र दो घंटे में पहुंच सकते हैं जबकि सीमांत क्षेत्र से आज भी मिलम गांव के नागरिक दो दिन की 67 किमी पैदल यात्रा के बाद सात घंटे वाहन से यात्रा करके वर्तमान जिला मुख्यालय पहुंचते हैं। मर्तोलिया ने सुझाव दिया गया कि डीडीहाट और बेड़ीनाग विकासखंड के 54 ग्राम पंचायतों को भी सीमांत जिले में शामिल किया जा सकता है। उनके लिए भी मुनस्यारी और धारचूला के मध्य प्रस्तावित जिला मुख्यालय नजदीक पड़ता है। उन्होंने कहा है कि सीमांत क्षेत्र को जबरन डीडीहाट में शामिल किया गया तो सीमांत की जनता उसका पुरजोर विरोध करेगी।
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