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Pithoragarh News: मेयर का प्रत्याशी घोषित होते ही कांग्रेस में खलबली, बागी बने विधायक मयूख महर

Mon, 30 Dec 2024 05:07 PM IST
हीरा मेहरा अमर उजाला नेटवर्क, पिथौरागढ़
अमर उजाला नेटवर्क, पिथौरागढ़ Published by: हीरा मेहरा Updated Mon, 30 Dec 2024 05:07 PM IST
सार

नगर निगम में कांग्रेस ने बमुश्किल मेयर पद के लिए अपना चेहरा सामने किया। विधायक ने पार्टी निर्णय को दरकिनार कर यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव ऋषेंद्र महर की पत्नी मोनिका महर का निर्दलीय नामांकन कराते हुए उन्हें जिताने का दावा किया है। 

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MLA Mayukh Mehar became rebel against party decision in pithoragarh
पार्टी निर्णय के खिलाफ बागी बने विधायक मयूख महर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

नगर निगम में कांग्रेस ने बमुश्किल मेयर पद के लिए अपना चेहरा सामने किया। प्रत्याशी घोषित होते ही पार्टी में बगावत खुलकर सामने आई है। खुद विधायक मयूख महर ने बगावती तेवर दिखाते हुए पार्टी निर्णय को दरकिनार कर यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव ऋषेंद्र महर की पत्नी मोनिका महर का निर्दलीय नामांकन कराते हुए उन्हें जिताने का दावा किया है। उनका साफ तौर पर कहना है कि पार्टी ने कार्यकर्ताओं और नगर की जनता की भावनाओं को अनदेखा कर कांग्रेस जिलाध्यक्ष अंजू लुंठी को प्रत्याशी घोषित कर चुनावी मैदान में उतारा है। कहा वे नगर निगम के चुनाव में किसी भी कीमत में पार्टी का हाथ नहीं थामेंगे।

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पिथौरागढ़ नगर निगम में मेयर पद के लिए कांग्रेस के चेहरे का सभी को बेसब्री से इंतजार था। कांग्रेस जिलाध्यक्ष अंजू लुंठी, यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव ऋषेंद्र महर की पत्नी मोनिका महर, महिला नगर अध्यक्ष भावना नगरकोटी सहित आठ से अधिक दावेदारों ने मेयर का टिकट मांगा था।

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चर्चा थी कि पार्टी के दिग्गज विधायक मयूख महर जिस दावेदार का साथ देंगे पार्टी उसे चेहरा बनाएगी। विधायक मोनिका महर के पक्ष में खड़े रहे। ऐसे में उन्हें टिकट मिलने की संभावना भी प्रबल थी लेकिन पार्टी ने लंबी जद्दोजहद के बाद जिलाध्यक्ष और विधानसभा उपचुनाव में पार्टी प्रत्याशी रहीं अंजू लुंठी पर भरोसा जताते हुए उन्हें मेयर पद के लिए चुनावी मैदान में उतार दिया।

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प्रत्याशी घोषित होते ही जिस बात की संभावना थी वह सच निकली। प्रत्याशी की आधिकारिक घोषणा होते ही कांग्रेस के दिग्गज विधायक मयूख महर ने पार्टी का हाथ छोड़ने का ऐलान किया है। उनका साफ तौर पर कहना है कि पार्टी ने प्रत्याशी चयन में कार्यकर्ताओं और नगर की जनता की भावनाओं को अनदेखा किया है।

ऐसे में वह पार्टी के निर्णय के खिलाफ हैं और निर्दलीय मोनिका महर को समर्थन देकर उन्हें हर हाल में जिताते हुए पार्टी को आइना दिखाएंगे। विधायक महर के बगावत में उतरने से जिले से लेकर प्रदेश तक की सियासत गर्मा गई है। विधायक महर के कांग्रेस का हाथ छोड़कर निर्दलीय का साथ देने के फैसले से पार्टी की दिक्कत बढ़ गई है।

साफ है कि अपने ही भीतर के दिग्गजों का साथ न मिलने और उन्हीं से खुली चुनौती मिलने से कांग्रेस प्रत्याशी और पार्टी को इसका नुकसान भी उठाना पड़ सकता है। हालांकि पार्टी आलाकमान ने विधायक मयूख महर के सभी आरोपों को खारिज करते हुए सभी कार्यकर्ताओं और कमेटी की रायशुमारी के बाद टिकट बंटवारे की बात कही है।

जनता ने बनाया विधायक, करुंगा सेवा
विधायक मयूख महर ने कहा कि नगर निगम में मेयर पद के लिए उचित प्रत्याशी का चयन पार्टी ने नहीं किया है। ऐसे में उन्होंने अपने प्रत्याशी का निर्दलीय नामांकन कराकर उन्हें मैदान में उतारा है। कहा उन्होंने पार्टी का कोई भी पद नहीं लिया है। ऐसा इसलिए कि मुझे जनता ने विधायक बनाया है। नगर की जनता की भावनाओं का सम्मान करते हुए लोगों की सेवा करना उनका धर्म है। गलत निर्णय में वह पार्टी का किसी भी कीमत में साथ नहीं देंगे। वह निर्दलीय प्रत्याशी का खुलकर समर्थन करेंगे और उन्हें जिताएंगे। अब वह अपने कदम पीछे नहीं करेंगे। 

नगर अध्यक्ष ने भी निर्दलीय कराया है नामांकन
पार्टी का झंडा बुलंद करने वाले नेताओं के बागी होने से कांग्रेस की मुश्किल बढ़ गई है। जहां पार्टी निर्णय के खिलाफ विधायक बागी बने हैं वहीं पत्नी को जिताने के लिए यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव ऋषेंद्र महर भी चुनाव में पार्टी का साथ छोड़ेंगे। अन्य कार्यकर्ताओं के उनके समर्थन में पार्टी का साथ छोड़ने की पूरी संभावना है। वहीं टिकट की प्रबल दावेदार महिला मोर्चा की नगर अध्यक्ष भावना नगरकोटी पहले ही अपना निर्दलीय नामांकन करा चुकी हैं। वह चुनावी मैदान में डटे रहेंगी या नाम वापसी कर पार्टी का साथ देंगी इस पर अभी संशय है। ऐसे में पार्टी के दिग्गजों के साथ ही छोटे-बड़े कार्यकर्ताओं के बगावती तेवरों ने कांग्रेस को सोचने पर मजबूर कर दिया है।

हर कार्यकर्ता और शीर्ष नेतृत्व से रायशुमारी के बाद ही टिकट बंटवारा हुआ है। विधायक मयूख महर के यह आरोप गलत हैं। पार्टी ने उन्हें हर मंच में सम्मान दिया है वह खुद इस बात को जानते हैं। विधायक महर से वार्ता की जाएगी।
 - करन महरा, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष।

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