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हाइवे पर कई जगह पत्थर गिरने का खतरा
ब्यूरो/अमर उजाला, पिथौरागढ़
Updated Wed, 20 Jul 2016 10:41 PM IST
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टनकपुर-पिथौरागढ़ हाइवे में पहाड़ी पर लटके पत्थर
- फोटो : अमर उजाला
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टनकपुर-पिथौरागढ़ एनएच पर अब भी कई स्थानों पर पहाड़ी से पत्थर गिरने का खतरा मंडरा रहा है। बारिश के दौरान हुए भूकटाव के बाद एनएच से मलबा तो हटा दिया गया, लेकिन पहाड़ी पर अटके पत्थरों को हटाने की कोशिश नहीं की गई। यह पत्थर किसी भी समय लोगों के लिए खतरे का कारण बन सकते हैं। बताया गया कि घाट से पिथौरागढ़ की तरफ कई स्थानों पर यह खतरा बना है।
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स्थानीय लोगों का कहना है कि एनएच के मजदूर सड़क पर गिरे मलबे और पत्थर को तो हटा देते हैं, लेकिन जिस स्थान से यह मलबा गिरकर सड़क पर आता है, वहां तक मजदूर पहुंच नहीं पाते। इस कारण यह पत्थर खुद ही लुढ़कने लगते हैं। इस तरह की समस्या धारचूला-तवाघाट मार्ग पर भी बहुत ज्यादा है। वहां पर पिछले दिनों कई सड़क दुर्घटनाएं पहाड़ी से गिरे पत्थरों के कारण ही हुई हैं।
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ग्रामीण संघर्ष समिति के अध्यक्ष राजेंद्र भट्ट ने एनएच के अधिकारियों से मांग की है कि तत्काल सड़क के ऊपरी हिस्से पर अटके पत्थरों को हटाया जाए। जिलाधिकारी एचसी सेमवाल ने एनएच के अधिकारियों से कहा कि जहां कहीं पर भी मलबा और पत्थर गिरने का खतरा है वहां पर तत्काल कदम उठाए जाएं।
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रई मोहल्ले का पैदल रास्ता टूटा
पिथौरागढ़। नगरपालिका क्षेत्र में रई मोहल्ले को जाने वाला पैदल रास्ता टूटने से लोगों को दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। रास्ता डेढ़ माह पहले बारिश के दौरान टूट गया था। रई मोहल्ले के लोगों ने बुधवार को नगरपालिका के ईओ खीमानंद जोशी को ज्ञापन दिया और मांग की कि तत्काल रास्ते की मरम्मत की जाए। रास्ता टूटने से दुर्घटनाओं का खतरा बना है। ईओ ने कहा कि रास्ते की मरम्मत के लिए तत्काल कार्रवाई की जाएगी। ज्ञापन देने वालों में राजेश ठकुराठी, गेहराज पांडे, भगवान सिंह, गोविंद मेहता, भारत कापड़ी आदि थे।