फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Pithoragarh News ›   Kosheri faced opposition in Jhalaghat

झूलाघाट में कोश्यारी को विरोध का सामना करना पड़ा

Mon, 23 Oct 2017 11:22 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला पिथौरागढ़।
ब्यूरो, अमर उजाला पिथौरागढ़। Updated Mon, 23 Oct 2017 11:22 PM IST
विज्ञापन
Kosheri faced opposition in Jhalaghat
झूलाघाट में लोगों को पंचेश्वर बांध के फायदे बताते भगत सिंह कोश्यारी। - फोटो : अमर उजाला
 पंचेश्वर बांध फायदों के बारे में लोगों को जानकारी देने पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री भगत सिंह कोश्यारी को झूलाघाट में डूब क्षेत्र के लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। लोगों ने डबल इंजन की सरकार पर बांध को जबरदस्ती थोपने का आरोप लगाया और कहा कि सरकार बिना जनता को विश्वास में लिए बिना बांध बनाने की प्रक्रिया कर रही है। कई लोगों ने तो पंचेश्वर बांध को भाजपा के राजनीतिक भविष्य के लिए भी खतरनाक करार दिया। लोगों ने यह सारी बातें उसी मंच से एक एक कर कही जिस मंच से कोश्यारी लोगों को संबोधित कर रहे थे।
विज्ञापन

 
रामलीला मैदान में श्री कोश्यारी में लोगों को समझाया कि जिस क्षेत्र में भी बांध बनते हैं वहां पर सड़कों का जाल फैलाया जाता है। वहां पर संचार, रोजगार, पर्यटन आदि का विकास होता है। उन्होंने कहा कि बांध बनेगा तो पूरे क्षेत्र का विकास होगा। उनके साथ आए भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष केदार जोशी ने कहा कि बांध का विरोध करने वालों से जनता सावधान रहे। स्थानीय निवासी विप्लव भट्ट ने कहा कि विश्व के अन्य देश बड़े बांध तोड़कर छोटे बांध बना रहे हैं लेकिन पंचेश्वर बांध बनाकर लोगों के मन में भय और आशंका का माहौल पैदा किया जा रहा है। व्यापार संघ अध्यक्ष संजीव जोशी ने कहा कि डूब क्षेत्र में कई लोग 50 वर्षों से व्यापार कर रहे हैं।
विज्ञापन


 सरकार को उनके बारे में भी सोचते हुए जमीन और रोजगार उपलब्ध कराना होगा। क्षेत्र के कमल भट्ट ने कहा कि सरकार एक ओर हिमालय बचाओ अभियान चला रही है वहीं दूसरी ओर सरकार बांध को बनाकर हिमालय में तबाही लाने की तैयारी कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार को बांध प्रभावितों को धोखे में रखकर काम नहीं करना चाहिए। कोश्यारी के साथ पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष राजू रावत, गिरीश जोशी, राजू भट्ट आदि लोग मौजूद थे। इस अवसर पर कोमलानंद जोशी, चेतराज पंत, चंद्री चंद वासुदेव भट्ट आदि ने भी बांध से होने वाले नुकसान का मुद्दा सामने रखा।
विज्ञापन
विज्ञापन

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed