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11 वें दल के कैलाश यात्री जागेश्वर रवाना
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पिथौरागढ़ में हर-हर महादेव का उद्घोष करते कैलाश यात्री। अमर उजाला
- फोटो : PITHORAGARH
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कैलाश मानसरोवर यात्रा के 11वें दल के यात्रियों का परिक्रमा पूरी कर यहां पहुंचने पर पर्यटक आवास गृह में स्वागत किया गया। इस दौरान यात्रियों ने हर-हर महादेव का उद्घोष लगाया।
11वें दल के 54 यात्री (37 पुरुष और 17 महिलाएं) शनिवार को संपर्क अधिकारी सुधांष पंत और हेमंत उपाध्याय के नेतृत्व में पर्यटक आवास गृह पहुंचे। प्रबंधक दिनेश गुरुरानी के नेतृत्व में निगम कर्मियों ने बुराशं का जूस पिलाकर यात्रियों का स्वागत किया। बाद में यात्रियों ने मानसरोवर स्मृति वाटिका में एक पौधा धरती मां के नाम लगाया।
यात्रियों ने उच्च हिमालयी क्षेत्र में सुविधाओं पर संतोष जताया। उन्होंने बताया कि नजंग और बूंदी के बीच यात्रा में परेशानी का सामना करना पड़ा। दोपहर के भोजन के बाद यात्री जागेश्वर को रवाना हो गए। उधर 12 वें दल के 41 यात्री परिक्रमा पूरी कर कुग्गू से तकलाकोट लौट आए हैं। 13 वां दल दारचिन से डेरापुक, 14 वें दल के 58 यात्री कालापानी से नाभीढांग पहुंचे हैं। 15 वें दल के 52 यात्री बूंदी से गुंजी पहुंच गए हैं।
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15 वें दल के दो यात्रियों ने छोड़ी यात्रा
कैलाश मानसरोवर यात्रा के 15 वें दल के दो सदस्यों तमिलनाडु के गोकुलानंद रमेला (40) और यूपी के रामलाल पांडेय (66) ने बूंदी से यात्रा को बीच में ही छोड़ दिया है। दोनों यात्रियों ने बूंदी से आगे की यात्रा में अनिच्छा जताई। यात्री बूंदी से धारचूला को लौट आए हैं। इसी दल की पश्चिमी बंगाल निवासी परिमिता ने पहले ही चौकोड़ी में यात्रा को छोड़ दिया था।
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11वें दल के 54 यात्री (37 पुरुष और 17 महिलाएं) शनिवार को संपर्क अधिकारी सुधांष पंत और हेमंत उपाध्याय के नेतृत्व में पर्यटक आवास गृह पहुंचे। प्रबंधक दिनेश गुरुरानी के नेतृत्व में निगम कर्मियों ने बुराशं का जूस पिलाकर यात्रियों का स्वागत किया। बाद में यात्रियों ने मानसरोवर स्मृति वाटिका में एक पौधा धरती मां के नाम लगाया।
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यात्रियों ने उच्च हिमालयी क्षेत्र में सुविधाओं पर संतोष जताया। उन्होंने बताया कि नजंग और बूंदी के बीच यात्रा में परेशानी का सामना करना पड़ा। दोपहर के भोजन के बाद यात्री जागेश्वर को रवाना हो गए। उधर 12 वें दल के 41 यात्री परिक्रमा पूरी कर कुग्गू से तकलाकोट लौट आए हैं। 13 वां दल दारचिन से डेरापुक, 14 वें दल के 58 यात्री कालापानी से नाभीढांग पहुंचे हैं। 15 वें दल के 52 यात्री बूंदी से गुंजी पहुंच गए हैं।
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15 वें दल के दो यात्रियों ने छोड़ी यात्रा
कैलाश मानसरोवर यात्रा के 15 वें दल के दो सदस्यों तमिलनाडु के गोकुलानंद रमेला (40) और यूपी के रामलाल पांडेय (66) ने बूंदी से यात्रा को बीच में ही छोड़ दिया है। दोनों यात्रियों ने बूंदी से आगे की यात्रा में अनिच्छा जताई। यात्री बूंदी से धारचूला को लौट आए हैं। इसी दल की पश्चिमी बंगाल निवासी परिमिता ने पहले ही चौकोड़ी में यात्रा को छोड़ दिया था।