Pithoragarh: व्लॉगर को रेस्क्यू करने में लगे 12 घंटे, अस्पताल में किया भर्ती; जंगली सुअर ने कर दिया था हमला
नलालेख जंगल में ट्रेकिंग पर गए जंगली सुअर के हमले में घायल ब्लॉगर को 12 घंटे बाद रेस्क्यू किया गया। घायल को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
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पिथौरागढ़ के बलुवाकोट के नलालेख जंगल में ट्रेकिंग पर गए जंगली सुअर के हमले में घायल ब्लॉगर को 12 घंटे बाद रेस्क्यू किया गया। पुलिस, वन, राजस्व विभाग और एसएसबी की 30 लोगों की टीम ने घायल व्लॉगर को 16 घने जंगलों के बीच पैदल सफर कर मुख्य सड़क तक पहुंचाया। इसके बाद उसे वाहन से जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका उपचार चल रहा है।
बलुवाकोट के नलालेख जंगल में ट्रेकिंग पर गए तीन व्लॉगरों पर बीते मंगलवार वापस लौटते समय जंगली सुअर ने हमला कर दिया था। स्थानीय ब्लॉगर तो सुरक्षित बच गए लेकिन अल्मोड़ा के रिचर्ड आरसीन हमले में गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों साथियों ने किसी तरह घटना की सूचना प्रशासन को देते हुए घायल को हेलीकॉप्टर से रेस्क्यू करने का अनुरोध किया।
जंगल के बीच हैलीकॉप्टर उतरने की जगह न होने से ऐसा करना संभव नहीं हुआ। ऐसे में घायल को रेस्क्यू करने के लिए पुलिस, एसएसबी और राजस्व की टीम को मौके पर भेजा गया। दोपहर 12 बजे के करीब 30 सदस्यीय टीम घायल को रेस्क्यू करने के लिए जंगल रवाना हुई। किसी तरह उसे रात 12 बजे रेस्क्यू कर बलुवाकोट लाया गया। यहां से उसे 108 एंबुलेंस की मदद से जिला अस्पताल लाया गया जहां उसका उपचार चल रहा है। पीएमएस डॉ. भागीरथी गर्ब्याल ने बताया कि जंगली सुअर के हमले में उसे हाथ-पैर जख्मी हुए हैं। सिर पर भी चोट है। उसका उपचार चल रहा है। हालत खतरे से बाहर है।