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स्मार्ट मीटर लगाना सरकार का जनविरोधी फैसला : मयूख महर
Thu, 21 Nov 2024 11:23 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Thu, 21 Nov 2024 11:23 PM IST
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पिथौरागढ़। विधायक मयूख महर ने स्मार्ट मीटर लगाने को लेकर सरकार को घेरा है। कहा कि स्मार्ट मीटर लगाना सरकार का जनविरोधी फैसला है। कहा कि सरकार को बिजली उत्पादक जिले के उपभोक्ताओं का बिजली का बिल माफ करना चाहिए। स्मार्ट मीटर के नाम पर जनता की जेब पर डाका डाला जा रहा है।
विधायक मयूख महर ने स्मार्ट मीटर को लेकर प्रेस बयान जारी किया है। उन्होंने कहा कि जब पुराने मीटरों से उपभोक्ताओं को नियमित सुविधा मिल रही है और वह बिल चुका रहे हैं तो स्मार्ट मीटर लगाने की योजना समझ से परे है। कहा कि सीमांत जनपद बिजली उत्पादक जिला है। यहां से उत्पादित बिजली की अन्य प्रदेशों में आपूर्ति हो रही है।
यहां के उपभोक्ताओं को इसका विशेष लाभ मिलना चाहिए। सरकार स्मार्ट मीटर लगाकर सीमांत के साथ ही पूरे प्रदेश के लोगों की जेब पर डाका डालने की योजना लागू कर रही है इसका हमेशा विरोध किया जाएगा।
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उन्होंने कहा कि यदि सरकार वास्तव में सीमांत की जनता की हितैषी है तो उसे यहां के उपभोक्ताओं को या तो बिल में छूट देनी चाहिए या उन्हें निशुल्क बिजली उपलब्ध करानी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार का स्मार्ट मीटर लगाने का निर्णय तुगलकी फरमान है।
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विधायक मयूख महर ने स्मार्ट मीटर को लेकर प्रेस बयान जारी किया है। उन्होंने कहा कि जब पुराने मीटरों से उपभोक्ताओं को नियमित सुविधा मिल रही है और वह बिल चुका रहे हैं तो स्मार्ट मीटर लगाने की योजना समझ से परे है। कहा कि सीमांत जनपद बिजली उत्पादक जिला है। यहां से उत्पादित बिजली की अन्य प्रदेशों में आपूर्ति हो रही है।
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यहां के उपभोक्ताओं को इसका विशेष लाभ मिलना चाहिए। सरकार स्मार्ट मीटर लगाकर सीमांत के साथ ही पूरे प्रदेश के लोगों की जेब पर डाका डालने की योजना लागू कर रही है इसका हमेशा विरोध किया जाएगा।
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उन्होंने कहा कि यदि सरकार वास्तव में सीमांत की जनता की हितैषी है तो उसे यहां के उपभोक्ताओं को या तो बिल में छूट देनी चाहिए या उन्हें निशुल्क बिजली उपलब्ध करानी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार का स्मार्ट मीटर लगाने का निर्णय तुगलकी फरमान है।