{"_id":"5d31f93a8ebc3e6ce8641d93","slug":"good-books-right-to-better-education-students-pithoragarh-news-hld3495548169","type":"story","status":"publish","title_hn":"अच्छी किताबें, बेहतर शिक्षा छात्र-छात्राओं का हक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अच्छी किताबें, बेहतर शिक्षा छात्र-छात्राओं का हक
विज्ञापन
पिथौरागढ़ में धरने में बैठे छात्र। अमर उजाला
- फोटो : PITHORAGARH
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अच्छी किताबें, बेहतर शिक्षा छात्र-छात्राओं का हक
-डिग्री कालेज में छात्रों का आंदोलन 32 वें दिन भी जारी
अमर उजाला ब्यूरो
पिथौरागढ़। एलएसएम राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में छात्रों की ओर से चलाया जा रहा शिक्षक-पुस्तक आंदोलन 32वें दिन भी जारी रहा। इस दौरान छात्रों का कहना था कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं हो जाती आंदोलन जारी रहेगा।
महाविद्यालय में पुस्तक और शिक्षकों की मांग को लेकर छात्र आंदोलित हैं। छात्रों के आंदोलन को अभिभावकों और विभिन्न संगठनों का सहयोग मिल रहा है। आंदोलन की तपिश को देखते हुए बीते दिन उप निदेशक उच्च शिक्षा डॉ. एनएस बनकोटी छात्रों से वार्ता करने को पहुंचे। बावजूद इसके बगैर ठोस आश्वासन के छात्र नहीं माने। धरनास्थल पर छात्र-छात्राएं जनगीतों के पोस्टर बनाने के साथ ही पढ़ाई में जुट हैं। छात्रसंघ अध्यक्ष राकेश जोशी का कहना है अच्छी किताबें और बेहतर शिक्षा छात्र-छात्राओं का हक है।
बाक्स
शिक्षक-पुस्तक आंदोलन छात्र-छात्राओं की जरूरत का आंदोलन है। छात्र समुदाय इसका पूर्ण समर्थन करता है। - रमेश बिष्ट
बाक्स
अच्छी किताबें और पर्याप्त शिक्षक छात्र-छात्राओं की आवश्यकता है। छात्रों के शांतिपूर्ण आंदोलन को राजनीतिक रंग देना निंदनीय है। - ऋषभ कल्पासी
बाक्स
शिक्षक और पुस्तकों की कमी के चलते छात्र आंदोलित हैं। हम स्थायी समाधान चाहते हैं। जब तक छात्र समुदाय की मांगें पूरी नहीं हो जाती आंदोलन जारी रहेगा। - भरत सिंह बोनाल
विज्ञापन
बाक्स
जो लोग कहते हैं कि आंदोलन से महाविद्यालय की बदनामी होगी उन्हें यह सोचना चाहिए कि क्या पुरानी किताबें पढ़ाना छात्र-छात्राओं के भविष्य के साथ छल करना नहीं है। -गौरव बिष्ट
बाक्स
राज्यसभा सांसद प्रदीप ने दिए दो लाख रुपये
पिथौरागढ़। शिक्षक-पुस्तक आंदोलन को लेकर कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष मुकेश पंत ने राज्यसभा सांसद प्रदीप टम्टा से दिल्ली में उनके आवास पर मुलाकात की। उन्होंने छात्रों की ओर से चलाए जा रहे आंदोलन की जानकारी सांसद को देते हुए मदद करने का अनुरोध किया। इस पर सांसद टम्टा ने सांसद निधि से पुस्तकों के लिए दो लाख रुपये स्वीकृत करने का पत्र पंत को सौंपा। ब्यूरो
फोटो 19 पीटीएच 08 से 13 पी
विज्ञापन
-डिग्री कालेज में छात्रों का आंदोलन 32 वें दिन भी जारी
अमर उजाला ब्यूरो
पिथौरागढ़। एलएसएम राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में छात्रों की ओर से चलाया जा रहा शिक्षक-पुस्तक आंदोलन 32वें दिन भी जारी रहा। इस दौरान छात्रों का कहना था कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं हो जाती आंदोलन जारी रहेगा।
महाविद्यालय में पुस्तक और शिक्षकों की मांग को लेकर छात्र आंदोलित हैं। छात्रों के आंदोलन को अभिभावकों और विभिन्न संगठनों का सहयोग मिल रहा है। आंदोलन की तपिश को देखते हुए बीते दिन उप निदेशक उच्च शिक्षा डॉ. एनएस बनकोटी छात्रों से वार्ता करने को पहुंचे। बावजूद इसके बगैर ठोस आश्वासन के छात्र नहीं माने। धरनास्थल पर छात्र-छात्राएं जनगीतों के पोस्टर बनाने के साथ ही पढ़ाई में जुट हैं। छात्रसंघ अध्यक्ष राकेश जोशी का कहना है अच्छी किताबें और बेहतर शिक्षा छात्र-छात्राओं का हक है।
विज्ञापन
बाक्स
शिक्षक-पुस्तक आंदोलन छात्र-छात्राओं की जरूरत का आंदोलन है। छात्र समुदाय इसका पूर्ण समर्थन करता है। - रमेश बिष्ट
बाक्स
अच्छी किताबें और पर्याप्त शिक्षक छात्र-छात्राओं की आवश्यकता है। छात्रों के शांतिपूर्ण आंदोलन को राजनीतिक रंग देना निंदनीय है। - ऋषभ कल्पासी
बाक्स
शिक्षक और पुस्तकों की कमी के चलते छात्र आंदोलित हैं। हम स्थायी समाधान चाहते हैं। जब तक छात्र समुदाय की मांगें पूरी नहीं हो जाती आंदोलन जारी रहेगा। - भरत सिंह बोनाल
विज्ञापन
बाक्स
जो लोग कहते हैं कि आंदोलन से महाविद्यालय की बदनामी होगी उन्हें यह सोचना चाहिए कि क्या पुरानी किताबें पढ़ाना छात्र-छात्राओं के भविष्य के साथ छल करना नहीं है। -गौरव बिष्ट
बाक्स
राज्यसभा सांसद प्रदीप ने दिए दो लाख रुपये
पिथौरागढ़। शिक्षक-पुस्तक आंदोलन को लेकर कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष मुकेश पंत ने राज्यसभा सांसद प्रदीप टम्टा से दिल्ली में उनके आवास पर मुलाकात की। उन्होंने छात्रों की ओर से चलाए जा रहे आंदोलन की जानकारी सांसद को देते हुए मदद करने का अनुरोध किया। इस पर सांसद टम्टा ने सांसद निधि से पुस्तकों के लिए दो लाख रुपये स्वीकृत करने का पत्र पंत को सौंपा। ब्यूरो
फोटो 19 पीटीएच 08 से 13 पी