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माइग्रेशन गांव रालम में अराजक तत्वों ने घरों की छत तोड़ी
Updated Tue, 10 Apr 2018 10:52 PM IST
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मुनस्यारी (पिथौरागढ़)। मल्ला जोहार के माइग्रेशन ग्राम रालम में अराजक तत्वों ने घरों की छतें तोड़कर सामान अस्त-व्यस्त किया है। इस गांव के लोग शीतकालीन प्रवास पर अक्तूबर से मार्च तक निचले इलाकों में रहते हैं। गांव का जायजा लेने गए लोगों को घरों में तोड़फोड़ का पता चला है। रालम में हर साल माइग्रेशन में निकले लोगों के घरों में तोड़फोड़ की घटनाएं होती हैं।
मकानों का जायजा लेने रालम गए ग्रामीण ईश्वर नबियाल और सरपंच त्रिलोक सिंह ने पातों के प्रधान लक्ष्मण दरियाल को घरों की छतों को तोड़कर सामान अस्त-व्यस्त करने की सूचना दी है। मंगलवार को प्रधान लक्ष्मण दरियाल के नेतृत्व में एसडीएम कृष्णनाथ गोस्वामी से मिले लोगों ने उन्हें घटना की जानकारी दी। एसडीएम ने जांच करने का भरोसा दिलाया। कहा कि रिपोर्ट डीएम को भेजी जाएगी।
बता दें कि मल्लाजोहार के रालम, मिलम, बुर्फू, बिल्जू, मापा, गनघर, खिलांच, टोला, लस्पा रिलकोट ल्वां, मर्तोली, पाछू समेत कई गांवों के लोग हर साल माइग्रेशन पर जाते हैं। पिछले तीन वर्षों से वहां लगातार घरों को तोड़ा जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि घरों के छतों को तोड़ने के पीछे भालुओं का भी हाथ हो सकता है। इन लोगों ने एसडीएम से मकानों को हुए नुकसान का मुआवजा दिलाने की मांग की है।
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मकानों का जायजा लेने रालम गए ग्रामीण ईश्वर नबियाल और सरपंच त्रिलोक सिंह ने पातों के प्रधान लक्ष्मण दरियाल को घरों की छतों को तोड़कर सामान अस्त-व्यस्त करने की सूचना दी है। मंगलवार को प्रधान लक्ष्मण दरियाल के नेतृत्व में एसडीएम कृष्णनाथ गोस्वामी से मिले लोगों ने उन्हें घटना की जानकारी दी। एसडीएम ने जांच करने का भरोसा दिलाया। कहा कि रिपोर्ट डीएम को भेजी जाएगी।
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बता दें कि मल्लाजोहार के रालम, मिलम, बुर्फू, बिल्जू, मापा, गनघर, खिलांच, टोला, लस्पा रिलकोट ल्वां, मर्तोली, पाछू समेत कई गांवों के लोग हर साल माइग्रेशन पर जाते हैं। पिछले तीन वर्षों से वहां लगातार घरों को तोड़ा जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि घरों के छतों को तोड़ने के पीछे भालुओं का भी हाथ हो सकता है। इन लोगों ने एसडीएम से मकानों को हुए नुकसान का मुआवजा दिलाने की मांग की है।
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