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Pithoragarh News: धोखाधड़ी के मामले में पत्नी को तीन, पति को दो साल के कारावास की सजा
Fri, 20 Dec 2024 10:46 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Fri, 20 Dec 2024 10:46 PM IST
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पिथौरागढ़। न्यायिक मजिस्ट्रेट/ सिविल जज जूनियर डिविजन रजनीश मोहन की अदालत ने धोखाधड़ी के मामले में दोषी पत्नी को तीन और पति को दो वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। इसके अलावा दोनों को 16 हजार रुपये का अर्थदंड भी चुकाना होगा। अर्थदंड अदा न करने पर दोनों को अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।
मामले के अनुसार 28 जुलाई 2022 को थाना गंगोलीहाट में राकेश सिंह ने तहरीर दी। तहरीर अनुसार गायत्री देवी दशौनी पाताल भुवनेश्वर पोस्ट ऑफिस में पोस्टमास्टर के पद पर कार्यरत थी। उसका पति भी क्षेत्र में एजेंट का कार्य करता था। इस दौरान दोनों ने स्थानीय लोगों से आरडी, एफडी और पीएलआई जैसी योजनाओं में पैसे जमा कराए और समय अवधि पूरी होने के बाद भी उन पैसों को वापस नहीं किया।
तहरीर पर पुलिस ने जांच की। इस पर दोनों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 409 / 420 के तहत मुकदमा दर्ज कर आरोप पत्र गंगोलीहाट न्यायालय में पेश किया था। तब से यह मामला न्यायालय में चल रहा था। इस पर शुक्रवार को फैसला आया। न्यायिक मजिस्ट्रेट/ जूनियर डिविजन रजनीश मोहन की अदालत ने सभी पक्षों और गवाहों को सुनने और साक्ष्यों का परिशीलन करने के बाद आरोपी गायत्री देवी दशौनी को तीन साल कठोर कारावास और 10 हजार रुपये का अर्थदंड से दंडित किया।
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अर्थदंड अदा न करने पर चार माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इसके अलावा उसे पति कल्याण सिंह को दो वर्ष का कठोर कारावास और छह हजार रुपये का जुर्माना लगाया। जुर्माना अदा नहीं करने पर दो माह अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। जेल में बिताई गई अवधि को समायोजित किया जाएगा।
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मामले के अनुसार 28 जुलाई 2022 को थाना गंगोलीहाट में राकेश सिंह ने तहरीर दी। तहरीर अनुसार गायत्री देवी दशौनी पाताल भुवनेश्वर पोस्ट ऑफिस में पोस्टमास्टर के पद पर कार्यरत थी। उसका पति भी क्षेत्र में एजेंट का कार्य करता था। इस दौरान दोनों ने स्थानीय लोगों से आरडी, एफडी और पीएलआई जैसी योजनाओं में पैसे जमा कराए और समय अवधि पूरी होने के बाद भी उन पैसों को वापस नहीं किया।
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तहरीर पर पुलिस ने जांच की। इस पर दोनों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 409 / 420 के तहत मुकदमा दर्ज कर आरोप पत्र गंगोलीहाट न्यायालय में पेश किया था। तब से यह मामला न्यायालय में चल रहा था। इस पर शुक्रवार को फैसला आया। न्यायिक मजिस्ट्रेट/ जूनियर डिविजन रजनीश मोहन की अदालत ने सभी पक्षों और गवाहों को सुनने और साक्ष्यों का परिशीलन करने के बाद आरोपी गायत्री देवी दशौनी को तीन साल कठोर कारावास और 10 हजार रुपये का अर्थदंड से दंडित किया।
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अर्थदंड अदा न करने पर चार माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इसके अलावा उसे पति कल्याण सिंह को दो वर्ष का कठोर कारावास और छह हजार रुपये का जुर्माना लगाया। जुर्माना अदा नहीं करने पर दो माह अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। जेल में बिताई गई अवधि को समायोजित किया जाएगा।