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बारिश होने से डरे हैं जुलगांव वाले
Updated Sat, 02 Jun 2018 11:44 PM IST
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झूलाघाट (पिथौरागढ़)। दस दिन पहले झूलाघाट से लगे जुलगांव में बरसाती नाले का रुख बदलने से कई घरों में मलबा आ गया था। बृहस्पतिवार रात और शुक्रवार दोपहर क्षेत्र में हुई तेज बारिश से जुलगांव में फिर मलबा आ गया था। पूर्व में प्रशासन द्वारा शीघ्र तटबंध बनाने की बात कही गई थी, लेकिन काम शुरू न होने से गांव के लोग डरे है।
जुलगांव के दीपक कुमार का मकान बरसाती झरने के पास है। उन्होंने नाले से बचाव के लिए स्वयं जमा की गई रकम और कर्ज लेकर कच्ची दीवार तो बना दी है, लेकिन लगातार हो रही बारिश से वह बहुत डरे हैं। तेज बारिश से कहीं दीवार ढहकर उसके परिवार को नुकसान न पहुंचा दे।
बताते हैं कि बारिश होने पर वह लोग घर से दूर चले जाते हैं। पहाड़ी के ठीक नीचे बसे जुलगांव के नैन राम, मोहन राम, संजय कुमार, राजेंद्र राम के भी यही हाल है। वे कहते हैं कि आपदा के समय लोग बड़ी-बड़ी बाते कह गए थे, लेकिन धरातल पर काम देखने को नहीं मिला। न ही प्रशासन से आपदा मद की राहत राशि ही मिल पाई।
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जुलगांव के दीपक कुमार का मकान बरसाती झरने के पास है। उन्होंने नाले से बचाव के लिए स्वयं जमा की गई रकम और कर्ज लेकर कच्ची दीवार तो बना दी है, लेकिन लगातार हो रही बारिश से वह बहुत डरे हैं। तेज बारिश से कहीं दीवार ढहकर उसके परिवार को नुकसान न पहुंचा दे।
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बताते हैं कि बारिश होने पर वह लोग घर से दूर चले जाते हैं। पहाड़ी के ठीक नीचे बसे जुलगांव के नैन राम, मोहन राम, संजय कुमार, राजेंद्र राम के भी यही हाल है। वे कहते हैं कि आपदा के समय लोग बड़ी-बड़ी बाते कह गए थे, लेकिन धरातल पर काम देखने को नहीं मिला। न ही प्रशासन से आपदा मद की राहत राशि ही मिल पाई।
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