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गुंजी और गर्ब्यांग में फंसे 60 लोग
ब्यूरो/अमर उजाला, पिथौरागढ़
Updated Mon, 05 Oct 2015 10:47 PM IST
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बडानी पूजा के लिए हेलीकॉप्टर से गुंजी और गर्ब्यांग पहुंचे कई लोगों को वापसी में हेलीकॉप्टर की सुविधा नहीं मिल पाई है। इस कारण 60 लोग अब भी गुंजी और गर्ब्यांग में फंसे हुए हैं। धारचूला से हेलीकॉप्टर सोमवार को देहरादून लौट गया है। धारचूला के जनप्रतिनिधियों ने सोमवार को जिलाधिकारी को ज्ञापन दिया और हेलीकॉप्टर धारचूला भेजने की मांग की।
जिला पंचायत सदस्य मंजुला बुदियाल, भाजपा नेता महेंद्र बुदियाल, लक्ष्मण जोशाल ने डीएम को बताया कि गुंजी और गर्ब्यांग में महिलाएं, बुजुर्ग और छोटे बच्चे फंसे हुए हैं। यह लोग बडानी पूजा में जाते समय हेलीकॉप्टर से गए थे। वापसी में इनको उम्मीद थी कि हेलीकॉप्टर मिल जाएगा लेकिन रविवार को दो उड़ान भरने के बाद हेलीकॉप्टर के पायलट ने आगे सेवा जारी रखने से इंकार कर दिया। उन्होंने कहा कि अब बेहद कठिन रास्तों से इन लोगों का पैदल वापस आ पाना संभव नहीं है। ये सभी स्थानीय लोग हैं। उच्च हिमालयी क्षेत्रों में ठंड का असर बढ़ने लगा है। यदि जल्दी हेलीकॉप्टर नहीं भेजा गया तो लोगों के बीमार पड़ने की भी आशंका है।
डीएम सुशील कुमार ने कहा कि वह इस संबंध में प्रदेश के उड्डयन सचिव से बात करेंगे। उन्होंने आश्वासन दिया कि दो तीन दिन के भीतर हेलीकॉप्टर धारचूला पहुंच जाएगा। इन लोगों ने इससे पहले धारचूला के एसडीएम पारितोष वर्मा से भी मुलाकात की। एसडीएम ने मामला डीएम के सामने रखने का सुझाव दिया था।
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जिला पंचायत सदस्य मंजुला बुदियाल, भाजपा नेता महेंद्र बुदियाल, लक्ष्मण जोशाल ने डीएम को बताया कि गुंजी और गर्ब्यांग में महिलाएं, बुजुर्ग और छोटे बच्चे फंसे हुए हैं। यह लोग बडानी पूजा में जाते समय हेलीकॉप्टर से गए थे। वापसी में इनको उम्मीद थी कि हेलीकॉप्टर मिल जाएगा लेकिन रविवार को दो उड़ान भरने के बाद हेलीकॉप्टर के पायलट ने आगे सेवा जारी रखने से इंकार कर दिया। उन्होंने कहा कि अब बेहद कठिन रास्तों से इन लोगों का पैदल वापस आ पाना संभव नहीं है। ये सभी स्थानीय लोग हैं। उच्च हिमालयी क्षेत्रों में ठंड का असर बढ़ने लगा है। यदि जल्दी हेलीकॉप्टर नहीं भेजा गया तो लोगों के बीमार पड़ने की भी आशंका है।
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डीएम सुशील कुमार ने कहा कि वह इस संबंध में प्रदेश के उड्डयन सचिव से बात करेंगे। उन्होंने आश्वासन दिया कि दो तीन दिन के भीतर हेलीकॉप्टर धारचूला पहुंच जाएगा। इन लोगों ने इससे पहले धारचूला के एसडीएम पारितोष वर्मा से भी मुलाकात की। एसडीएम ने मामला डीएम के सामने रखने का सुझाव दिया था।
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