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तीन तलाक के फैसले पर ज्यादा प्रतिक्रिया नहीं
Updated Tue, 22 Aug 2017 10:51 PM IST
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पिथौरागढ़। तीन तलाक पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद यहां किसी प्रकार की कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई। कई लोगों को यह तक पता नहीं था कि कोर्ट ने तलाक को गलत करार देते हुए फैसला दे दिया है। जिन लोगों को जानकारी थी कि उनका यही कहना था कि कोर्ट का फैसला स्वागत योग्य है। कुछ ने यह कहा कि उनके परिवारों में तलाक जैसी कोई नौबत सामने नहीं आएगी। इस मामले में कोई कानून बन भी जाता है तो उसका कोई असर नहीं पड़ेगा। मुस्लिम समाज के कुछ लोगों से इस मुद्दे पर बात की गई।
कोर्ट का फैसला स्वागत योग्य
स्थानीय निवासी जावेद अहमद का कहना है कि तीन तलाक की व्यवस्था मुस्लिम समाज में सदियों से चली आ रही है। इससे पीछे कोई न कोई कारण रहा होगा। वह कहते हैं कि सुप्रीमकोर्ट का फैसला स्वागत योग्य है। अभी फैसले के लागू होने में समय लगेगा। वह कहते हैं कि कोर्ट ने जो फैसला दिया है वह सोच समझकर ही दिया है।
यहां तलाक जैसी नौबत कहां आती
स्थानीय निवासी फिरोज सलमानी को सुप्रीम कोर्ट के फैसले की कोई जानकारी नहीं थी। वह कहते हैं कि यहां पर तलाक जैसी समस्या नहीं आती है। वह दावे के साथ कहते हैं कि किसी भी परिवार में तलाक तक पहुंचने की नौबत ना के बराबर सुनी जाती है। कोर्ट का फैसला यदि इस संबंध में आया है तो ठीक है।
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कोर्ट का फैसला स्वागत योग्य
स्थानीय निवासी जावेद अहमद का कहना है कि तीन तलाक की व्यवस्था मुस्लिम समाज में सदियों से चली आ रही है। इससे पीछे कोई न कोई कारण रहा होगा। वह कहते हैं कि सुप्रीमकोर्ट का फैसला स्वागत योग्य है। अभी फैसले के लागू होने में समय लगेगा। वह कहते हैं कि कोर्ट ने जो फैसला दिया है वह सोच समझकर ही दिया है।
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यहां तलाक जैसी नौबत कहां आती
स्थानीय निवासी फिरोज सलमानी को सुप्रीम कोर्ट के फैसले की कोई जानकारी नहीं थी। वह कहते हैं कि यहां पर तलाक जैसी समस्या नहीं आती है। वह दावे के साथ कहते हैं कि किसी भी परिवार में तलाक तक पहुंचने की नौबत ना के बराबर सुनी जाती है। कोर्ट का फैसला यदि इस संबंध में आया है तो ठीक है।
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