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जीर्णोद्धार में ढाई करोड़ खर्च, ढाई लीटर भी नहीं मिला पानी
Mon, 15 Apr 2019 11:17 PM IST
kamlesh kamlesh
ब्यूरो/ अमर उजाला , नाचनी (पिथौरागढ़)।
ब्यूरो/ अमर उजाला , नाचनी (पिथौरागढ़)।
Published by: kamlesh kamlesh
Updated Mon, 15 Apr 2019 11:17 PM IST
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टूटी कालामुनि-सुंदरीनाग पेयजल योजना
- फोटो : पिथौरागढ़
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कोट्यूडा, गोकुलधुरा, बाथी, वेल्सा, हुपुली, दुलियाबगड़, लेक, भालधुरा, सुवालेक, सुंदरीनाग समेत तमाम गांवों में पानी का संकट गहरा गया है। पानी संकट से निजात दिलाने के लिए पेयजल योजना के जीर्णोद्धार के लिए 2017 में शासन से ढाई करोड़ रुपये मिले थे, जीर्णोद्धार के काम में लीपापोती के चलते इन गांवों के लोगों को ढाई लीटर पानी भी नहीं मिल रहा।
पेयजल निगम ने कालामुनी-सुंदरीनाग पेयजल समूह योजना का जीर्णोद्धार काम शुरू किया। 34 किमी लंबी योजना का जीर्णोद्धार का काम अधूरा छोड़ दिया गया है। पेयजल निगम ने भालाधूरा नामक स्थान तक ही नई पेयजल लाइन पहुंचाई है। वहां से आगे जल संस्थान की 1983 में बनी टूटी-फूटी लाइन से पानी जोड़ दिया गया।
पुरानी लाइन बुरी तरह क्षतिग्रस्त है। 1983 में उपरोक्त गांवों की लगभग पांच हजार की आबादी के लिए बनाई गई थी। लाइन क्षतिग्रस्त होने के कारण योजना का लाभ केवल भालधुरा, लेक, सुवालेक, गोकुलधुरा और कोट्यूडा के लोग ले पाते थे। जीर्णोद्धार के बाद इन गांवों के लोगों को भी पानी नहीं मिल रहा है। इन गांवों के लोग बारिश जल का संग्रहण कर किसी तरह गुजारा करते हैं। पेयजल निगम डीडीहाट के अवर अभियंता इस्लाम का कहना है कि आज ही एक कर्मचारी को कालामुनी-सुंदरीनाग पेयजल योजना की लाइन चेक करने के लिए भेजा गया है। पेयजल योजना में पानी की सप्लाई सुचारु कराई जाएगी।
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पेयजल निगम ने कालामुनी-सुंदरीनाग पेयजल समूह योजना का जीर्णोद्धार काम शुरू किया। 34 किमी लंबी योजना का जीर्णोद्धार का काम अधूरा छोड़ दिया गया है। पेयजल निगम ने भालाधूरा नामक स्थान तक ही नई पेयजल लाइन पहुंचाई है। वहां से आगे जल संस्थान की 1983 में बनी टूटी-फूटी लाइन से पानी जोड़ दिया गया।
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पुरानी लाइन बुरी तरह क्षतिग्रस्त है। 1983 में उपरोक्त गांवों की लगभग पांच हजार की आबादी के लिए बनाई गई थी। लाइन क्षतिग्रस्त होने के कारण योजना का लाभ केवल भालधुरा, लेक, सुवालेक, गोकुलधुरा और कोट्यूडा के लोग ले पाते थे। जीर्णोद्धार के बाद इन गांवों के लोगों को भी पानी नहीं मिल रहा है। इन गांवों के लोग बारिश जल का संग्रहण कर किसी तरह गुजारा करते हैं। पेयजल निगम डीडीहाट के अवर अभियंता इस्लाम का कहना है कि आज ही एक कर्मचारी को कालामुनी-सुंदरीनाग पेयजल योजना की लाइन चेक करने के लिए भेजा गया है। पेयजल योजना में पानी की सप्लाई सुचारु कराई जाएगी।
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