फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Pithoragarh News ›   जमीन देने के बाद भी नहीं बना आईटीआई भवन

जमीन देने के बाद भी नहीं बना आईटीआई भवन

Tue, 19 Dec 2017 11:02 PM IST
Updated Tue, 19 Dec 2017 11:02 PM IST
विज्ञापन
जमीन देने के बाद भी नहीं बना आईटीआई भवन
थल (पिथौरागढ़)। थल का औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) पांच साल पूर्व खुल गया था। तब से आईटीआई की कक्षाएं सिंचाई विभाग के जर्जर भवन में संचालित हो रही हैं। आईटीआई का भवन बनाने के लिए विभाग ने जमीन की तलाश की और निकटवर्ती कौली गांव के लोगों ने अपनी 25 नाली जमीन आईटीआई का भवन बनाने के लिए दान में दे थी, लेकिन विभाग अब तक भवन का निर्माण नहीं कर पाया है।
विज्ञापन


थल में खुले आईटीआई में मात्र सिलाई और इलेक्ट्रिक ट्रेड चल रहे हैं और वर्तमान में इसमें सिर्फ 18 छात्रों ने प्रवेश ले रखा है। युवाओं का कहना है कि इन दोनों ट्रेड में रोजगार की संभावनाएं लगातार कम हो रही हैं। यदि वर्तमान की जरूरत के हिसाब से ट्रेड खोले जाते तो युवाओं को लाभ मिलता और छात्र संख्या भी बढ़ती। दूसरा जिस भवन में आईटीआई का संचालन हो रहा है, वह जर्जर है।
विज्ञापन


इसकी छत टूट गई है और बारिश के समय टपकती रहती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि आईटीआई के नाम पर क्षेत्र के बेरोजगारों के साथ धोखा किया गया है। लोगों ने इस मामले में डीएम सी रविशंकर और एसडीएम विवेक प्रकाश को पत्र लिखा है। साथ ही शासन से आग्रह किया है कि आईटीआई का संचालन सही ढंग से किया जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन


सही ढंग से न चला पाएं तो बंद कर दो
थल निवासी युवा समाजसेवी गिरीश पुनेठा का कहना है कि सरकार ने पता नहीं किस दबाव में आकर यहां पर आईटीआई खोल दिया। पिछले पांच साल में इस आईटीआई की कोई उपलब्धि नहीं है। सरकार को चाहिए कि जब वह इसे सही ढंग से संचालित नहीं कर पा रही है तो इसे बंद ही कर देना चाहिए।


उपयोगी ट्रेड की पढ़ाई शुरू की जाए
थल के समाजसेवी जीत बहादुर चंद का कहना है कि आईटीआई के लिए जमीन दिए जाने के बाद भी भवन का निर्माण न किए जाने से यह साबित होता है कि सरकार इस संस्था को सही ढंग से चलाने के पक्ष में नहीं है। उनका कहना है कि आईटीआई में उपयोगी ट्रेड में पढ़ाई शुरू की जाए और संसाधनों का विकास किया जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed