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Pauri News: मोटे अनाज उत्पाद तैयार कर महिलाएं बन सकती हैं आत्मनिर्भर
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पौड़ी। पौड़ी जनपद में महिला किसानों को कृषि विज्ञान केंद्र भरसार की ओर से मोटा अनाज मंडुवे से बिस्किट व नमकीन बनाने का प्रशिक्षण देकर आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है। केविके के प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान 100 महिलाओं को प्रशिक्षण दिया गया।
कृषि विज्ञान केंद्र भरसार की वैज्ञानिक डॉ. रश्मि लिम्बू ने बताया कि मोटा अनाज स्वास्थ्य के उत्तम साबित हो रहा है। मोटे अनाज में पाए जाने वाला खाद्य रेशा विभिन्न बीमारियों जैसे मधुमेह, ह्रदय रोग व कैंसर रोग से बचाव करता है। इसके साथ यह बच्चों के लिए भी लाभकारी होता है। मोटे अनाज का अधिक से अधिक सेवन करना चाहिए। कहा कि मोटे अनाज को आज के दौर में काफी पसंद किया जा रहा है। मोटे अनाज से बने उत्पाद भी बाजार में खूब बिक रहे हैं। इसका उत्पाद तैयार कर महिलाएं आत्मनिर्भर बन सकती हैं। वैज्ञानिक अरदीप सिंह ने कृषकों को प्राकृतिक खेती संबंधित विषय पर जानकारी दी। इस दौरान विकासखंड थलीसैंण के विभिन्न गांवों की 100 महिलाओं को मंडुवे से बिस्किट व नमकीन बनाने की विधि सिखाई गई। इस मौके पर नीलम, सतेश्वरी, कांति, गणेशी और बीना आदि मौजूद थे।
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कृषि विज्ञान केंद्र भरसार की वैज्ञानिक डॉ. रश्मि लिम्बू ने बताया कि मोटा अनाज स्वास्थ्य के उत्तम साबित हो रहा है। मोटे अनाज में पाए जाने वाला खाद्य रेशा विभिन्न बीमारियों जैसे मधुमेह, ह्रदय रोग व कैंसर रोग से बचाव करता है। इसके साथ यह बच्चों के लिए भी लाभकारी होता है। मोटे अनाज का अधिक से अधिक सेवन करना चाहिए। कहा कि मोटे अनाज को आज के दौर में काफी पसंद किया जा रहा है। मोटे अनाज से बने उत्पाद भी बाजार में खूब बिक रहे हैं। इसका उत्पाद तैयार कर महिलाएं आत्मनिर्भर बन सकती हैं। वैज्ञानिक अरदीप सिंह ने कृषकों को प्राकृतिक खेती संबंधित विषय पर जानकारी दी। इस दौरान विकासखंड थलीसैंण के विभिन्न गांवों की 100 महिलाओं को मंडुवे से बिस्किट व नमकीन बनाने की विधि सिखाई गई। इस मौके पर नीलम, सतेश्वरी, कांति, गणेशी और बीना आदि मौजूद थे।
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