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सीएम की घोषणा के दो साल बाद पेयजल योजना मंजूर
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मुख्यमंत्री की घोषणा के दो साल की इंतजारी के बाद एनआईटी (राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान) उत्तराखंड के स्थायी परिसर सुमाड़ी के लिए शासन ने पंपिंग पेयजल योजना की स्वीकृति दे दी है। एनआईटी परिसर के लिए 21 करोड़ 13 लाख 8 हजार की लागत से पेयजल योजना का निर्माण होगा। हालांकि वर्तमान वित्तीय वर्ष में मात्र 1 करोड़ 10 लाख 52 हजार 900 रुपये आवंटित हुए हैं।
वर्ष 2009 में स्वीकृत एनआईटी अस्थायी रूप से श्रीनगर मेें संचालित हो रहा है। इसके स्थायी परिसर का निर्माण यहां से करीब 16 किमी दूर सुमाड़ी में होना है। 19 अक्तूबर 2019 को तत्कालीन राज्यपाल बेबी रानी मौर्य, तत्कालीन मानव संसाधन मंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक और तत्कालीन मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र रावत ने इसका शिलान्यास किया था, लेकिन इस दौरान तीन मुख्यमंत्री बदल गए, एनआईटी सुमाड़ी परिसर पंपिंग पेयजल योजना को वित्तीय मंजूरी नहीं मिल पाई। आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र रावत की घोषणा की सरकार को आखिरकार अब याद आ ही गई। दो साल बीतने के बाद इस 15 दिसंबर को प्रदेश शासन ने पेयजल योजना के इस्टीमेट को स्वीकृत करते हुए वर्तमान वित्तीय वष में लगभग 1.11 करोड़ आवंटित किए हैं।
-हमने पेयजल योजना निर्माण के लिए टेंडर आमंत्रित कर दिए हैं। एनआईटी के लिए श्रीनगर के समीप बिलकेदार में अलकनंदा नदी से 13 किलोमीटर लंबी पेयजल लाइन बिछाई जाएगी। इस योजना से संस्थान को प्रतिदिन 1 लाख लीटर पानी की सप्लाई की जाएगी। -आरसी मिश्रा, अधिशासी अभियंता पेयजल निगम श्रीनगर।
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वर्ष 2009 में स्वीकृत एनआईटी अस्थायी रूप से श्रीनगर मेें संचालित हो रहा है। इसके स्थायी परिसर का निर्माण यहां से करीब 16 किमी दूर सुमाड़ी में होना है। 19 अक्तूबर 2019 को तत्कालीन राज्यपाल बेबी रानी मौर्य, तत्कालीन मानव संसाधन मंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक और तत्कालीन मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र रावत ने इसका शिलान्यास किया था, लेकिन इस दौरान तीन मुख्यमंत्री बदल गए, एनआईटी सुमाड़ी परिसर पंपिंग पेयजल योजना को वित्तीय मंजूरी नहीं मिल पाई। आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र रावत की घोषणा की सरकार को आखिरकार अब याद आ ही गई। दो साल बीतने के बाद इस 15 दिसंबर को प्रदेश शासन ने पेयजल योजना के इस्टीमेट को स्वीकृत करते हुए वर्तमान वित्तीय वष में लगभग 1.11 करोड़ आवंटित किए हैं।
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-हमने पेयजल योजना निर्माण के लिए टेंडर आमंत्रित कर दिए हैं। एनआईटी के लिए श्रीनगर के समीप बिलकेदार में अलकनंदा नदी से 13 किलोमीटर लंबी पेयजल लाइन बिछाई जाएगी। इस योजना से संस्थान को प्रतिदिन 1 लाख लीटर पानी की सप्लाई की जाएगी। -आरसी मिश्रा, अधिशासी अभियंता पेयजल निगम श्रीनगर।
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