{"_id":"5ba3d1b6867a557ed20b2021","slug":"21537462710-pauri-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अधिसूचना हुई पर अस्तित्व में नहीं आयी नई तहसील","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अधिसूचना हुई पर अस्तित्व में नहीं आयी नई तहसील
Updated Thu, 20 Sep 2018 10:32 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पौड़ी। अधिसूचना जारी होने के डेढ़ साल बाद भी बीरोंखाल तहसील अस्तित्व में नहीं आई है। स्यूंली मुख्यालय और थलीसैंण, धूमाकोट एवं चौबट्टाखाल तहसीलों के कुछ गांवों को मिलाकर बीरोंखाल तहसील बनाए जाने की अधिसूचना जारी हुई थी, लेकिन तहसील में अब तक काम शुरू नहीं होने से स्थानीय लोगों को इसका लाभ नहीं मिल पाया है। बीरोंखाल जिला निर्माण एवं जन विकास समिति ने मामले में जिलाधिकारी से मिलकर नई तहसील के लिए स्टाफ की तैनाती करने की मांग की है।
समिति के कार्यकारी अध्यक्ष डा. एपी ढौंडियाल एवं संयोजक पीएस बिष्ट ने कहा कि नई तहसील के लिए डेढ़ साल पहले अधिसूचना जारी हो चुकी है, लेकिन अब तक इसके लिए स्टाफ की तैनाती नहीं की गई, जबकि अब तहसील के लिए भवन भी उपलब्ध है। स्यूंली ग्राम सभा की बैठक में हाल ही में सर्वसम्मति से यह प्रस्ताव पारित किया जा चुका है कि कम छात्रा संख्या के चलते बंद हो चुके राजकीय बालिका उच्च प्राथमिक विद्यालय के भवन में नई तहसील का संचालन किया जाए। स्थानीय लोगों ने कहा कि क्षेत्रीय विधायक और पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज को भी इस बारे में अवगत कराया जा चुका है। पर्यटन मंत्री ने मामले में आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया है। डीएम से मिलने वालों में एमएस कंडवाल, अमर सिंह गुसाई, वासुदेव, बलवंत रावत, मोहन सिंह रावत, आलम सिंह, सुरेंद्र बिष्ट आदि शामिल रहे।
विज्ञापन
समिति के कार्यकारी अध्यक्ष डा. एपी ढौंडियाल एवं संयोजक पीएस बिष्ट ने कहा कि नई तहसील के लिए डेढ़ साल पहले अधिसूचना जारी हो चुकी है, लेकिन अब तक इसके लिए स्टाफ की तैनाती नहीं की गई, जबकि अब तहसील के लिए भवन भी उपलब्ध है। स्यूंली ग्राम सभा की बैठक में हाल ही में सर्वसम्मति से यह प्रस्ताव पारित किया जा चुका है कि कम छात्रा संख्या के चलते बंद हो चुके राजकीय बालिका उच्च प्राथमिक विद्यालय के भवन में नई तहसील का संचालन किया जाए। स्थानीय लोगों ने कहा कि क्षेत्रीय विधायक और पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज को भी इस बारे में अवगत कराया जा चुका है। पर्यटन मंत्री ने मामले में आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया है। डीएम से मिलने वालों में एमएस कंडवाल, अमर सिंह गुसाई, वासुदेव, बलवंत रावत, मोहन सिंह रावत, आलम सिंह, सुरेंद्र बिष्ट आदि शामिल रहे।
विज्ञापन