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कार्यशाला में विशेषज्ञों ने प्रस्तुत किए 20 शोध पत्र
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पौड़ी। जीबी पंत अभियांत्रिकी एवं प्रौद्योगिकी संस्थान घुड़दौड़ी में आयोजित दो सप्ताह की ऑनलाइन शिक्षक विकास कार्यशाला संपन्न हो गई है। कार्यशाला में 20 विशेषज्ञों ने शोध पत्र प्रस्तुत किए।
शुक्रवार को जीबी पंत अभियांत्रिकी एवं प्रौद्योगिकी संस्थान घुड़दौड़ी के इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग विभाग में आयोजित कार्यशाला में संयोजक प्रो. एके गौतम ने शोधपत्र लिखने की बारीकियों पर जानकारी दी। प्रो. यशवीर सिंह ने हाई पावर मोस्फेट उपकरणों को लेकर जानकारी दी। संस्थान के निदेशक प्रो. एमपीएस चौहान ने कहा कि कोरोना संक्रमणकाल में शिक्षक विकास कार्यक्रम जैसे सकारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं, जो तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में अहम पड़ाव साबित होंगे। इस दौरान नेताजी सुभाष इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी दिल्ली के पूर्व निदेशक प्रो. राज सेनानी, डीटीयू दिल्ली के प्रो. डीआर भास्कर, आईआईटी इंदौर के प्रो. रामविलास पचौरी, आईआईटी मुंबई के प्रो. जयंत मुखर्जी, आईआईटी बीएचयू के प्रो. सत्यव्रत जीत, आईआईटी कानपुर के प्रो. कुमार वैभव श्रीवास्तव, आईआईटी धनबाद के डा. राघवेंद्र चौधरी आदि ने विभिन्न तकनीकी पहलुओं पर जानकारी देने के साथ ही शोध कार्यों को साझा किया। इस अवसर पर विभागाध्यक्ष प्रो. वाई सिंह, कुलसचिव संदीप कुमार, टीक्यूप समन्वयक डॉ. भोला झा व डॉ. किरीट सेमवाल आदि मौजूद रहे।
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शुक्रवार को जीबी पंत अभियांत्रिकी एवं प्रौद्योगिकी संस्थान घुड़दौड़ी के इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग विभाग में आयोजित कार्यशाला में संयोजक प्रो. एके गौतम ने शोधपत्र लिखने की बारीकियों पर जानकारी दी। प्रो. यशवीर सिंह ने हाई पावर मोस्फेट उपकरणों को लेकर जानकारी दी। संस्थान के निदेशक प्रो. एमपीएस चौहान ने कहा कि कोरोना संक्रमणकाल में शिक्षक विकास कार्यक्रम जैसे सकारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं, जो तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में अहम पड़ाव साबित होंगे। इस दौरान नेताजी सुभाष इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी दिल्ली के पूर्व निदेशक प्रो. राज सेनानी, डीटीयू दिल्ली के प्रो. डीआर भास्कर, आईआईटी इंदौर के प्रो. रामविलास पचौरी, आईआईटी मुंबई के प्रो. जयंत मुखर्जी, आईआईटी बीएचयू के प्रो. सत्यव्रत जीत, आईआईटी कानपुर के प्रो. कुमार वैभव श्रीवास्तव, आईआईटी धनबाद के डा. राघवेंद्र चौधरी आदि ने विभिन्न तकनीकी पहलुओं पर जानकारी देने के साथ ही शोध कार्यों को साझा किया। इस अवसर पर विभागाध्यक्ष प्रो. वाई सिंह, कुलसचिव संदीप कुमार, टीक्यूप समन्वयक डॉ. भोला झा व डॉ. किरीट सेमवाल आदि मौजूद रहे।
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