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स्थाई राजधानी, मूल निवास, भू-कानून व पलायन जैसे मुद्दे अब भी अनसुलझे : डाॅ. जंतवाल
Fri, 10 Nov 2023 12:36 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, नैनीताल
संवाद न्यूज एजेंसी, नैनीताल
Updated Fri, 10 Nov 2023 12:36 AM IST
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नैनीताल। उत्तराखंड क्रांति दल के पूर्व केंद्रीय अध्यक्ष और पूर्व विधायक डाॅ. नारायण सिंह जंतवाल ने कहा कि उत्तराखंड राज्य में पक्ष और विपक्ष के बीच सिर्फ सत्ता का संघर्ष चल रहा है। जनपक्षीय नीतियां और आम जनता से जुड़े मुद्दे न तो सरकार की प्राथमिकता में शामिल हैं और न ही विपक्ष की। उन्होंने कहा कि तमाम ऐसे सवाल हैं जो राज्य बनने के 23 साल बाद भी नहीं सुलझ सके हैं।
डाॅ. जंतवाल बृहस्पतिवार को राज्य स्थापना दिवस के मौके पर उक्रांद की ओर से आयोजित गोष्ठी को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की स्थाई राजधानी, मूल निवास, भू-क़ानून व पलायन जैसे मुद्दे अभी भी अनसुलझे हैं। कहा कि राज्य आंदोलनकारियों का सपना था कि यहां के ईमानदार व मेहनतकश लोग सत्ता में आएंगे तो पूरे देश दुनिया को रास्ता दिखाने की नज़ीर उत्तराखंड राज्य पेश करेगा लेकिन सत्ता के लिए दल बदल, भ्रष्टाचार, अफसरशाही और कर्ज में डूबे राज्य ने आम जनमानस को निराश किया है।
उन्होंने कहा उक्रांद के प्रथम अध्यक्ष व ख्यातिलब्ध वैज्ञानिक प्रो. डीडी पंत का सपना था कि इस पहाड़ी राज्य में छोटी प्रशासनिक इकाई में हुक्मरान, लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान करेंगे। राज्य में उच्च शिक्षण संस्थान खुलेंगे ताकि राज्य के मेधावी युवा अपना कॅरिअर बना सकें और राज्य का समेकित विकास हो सके। लेकिन ऐसा कुछ भी नहीं हुआ है। कहा कि उक्रांद पुन: राज्य के लोगों को साथ लेकर राज्य को निराशा के माहौल से बाहर निकालने की लड़ाई पूरी शक्ति के साथ लड़ेगा। गोष्ठी की अध्यक्षता दल के वरिष्ठ सदस्य विष्णु सिंह बिष्ट ने की। गोष्ठी में उक्रांद के नगर अध्यक्ष मनोज साह, विष्णु सिंह बिष्ट, अंबा दत्त बवारी, प्रताप बिष्ट, धीरज, मयंक महरा, संजय साह, भय्यू आदि ने विचार रखे। संचालन कमलेश चंद्र पाण्डेय ने किया।
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डाॅ. जंतवाल बृहस्पतिवार को राज्य स्थापना दिवस के मौके पर उक्रांद की ओर से आयोजित गोष्ठी को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की स्थाई राजधानी, मूल निवास, भू-क़ानून व पलायन जैसे मुद्दे अभी भी अनसुलझे हैं। कहा कि राज्य आंदोलनकारियों का सपना था कि यहां के ईमानदार व मेहनतकश लोग सत्ता में आएंगे तो पूरे देश दुनिया को रास्ता दिखाने की नज़ीर उत्तराखंड राज्य पेश करेगा लेकिन सत्ता के लिए दल बदल, भ्रष्टाचार, अफसरशाही और कर्ज में डूबे राज्य ने आम जनमानस को निराश किया है।
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उन्होंने कहा उक्रांद के प्रथम अध्यक्ष व ख्यातिलब्ध वैज्ञानिक प्रो. डीडी पंत का सपना था कि इस पहाड़ी राज्य में छोटी प्रशासनिक इकाई में हुक्मरान, लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान करेंगे। राज्य में उच्च शिक्षण संस्थान खुलेंगे ताकि राज्य के मेधावी युवा अपना कॅरिअर बना सकें और राज्य का समेकित विकास हो सके। लेकिन ऐसा कुछ भी नहीं हुआ है। कहा कि उक्रांद पुन: राज्य के लोगों को साथ लेकर राज्य को निराशा के माहौल से बाहर निकालने की लड़ाई पूरी शक्ति के साथ लड़ेगा। गोष्ठी की अध्यक्षता दल के वरिष्ठ सदस्य विष्णु सिंह बिष्ट ने की। गोष्ठी में उक्रांद के नगर अध्यक्ष मनोज साह, विष्णु सिंह बिष्ट, अंबा दत्त बवारी, प्रताप बिष्ट, धीरज, मयंक महरा, संजय साह, भय्यू आदि ने विचार रखे। संचालन कमलेश चंद्र पाण्डेय ने किया।
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