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फर्जी नंबर प्लेट लगाकर नेपाल में बेचते थे चोरी के वाहन
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वाहन चोर को गिरफ्तार करने के बाद पत्रकारों को जानकारी देते एएसपी राजीव मोहन साथ में सीओ विजय थापा
- फोटो : NAINITAL
नैनीताल। पुलिस ने वाहन चोरी मामले का खुलासा करते हुए वाहन चोर गिरोह के दो सदस्यों को बरेली से धर दबोचा है। पकड़े गए आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने चोरी के चार चौपहिया वाहन भी बरामद किए हैं। इनमें दो वाहन सरोवर नगरी से चोरी किए गए थे। आरोपियों में एक व्यक्ति यूपी पुलिस का निलंबित सिपाही है। ये लोग अलग-अलग राज्यों में जाकर वाहन चोरी करते थे, जिनमें फर्जी नंबर प्लेट लगाकर उन्हें औने-पौने दामों पर नेपाल में ले जाकर बेच देते हैं।
शनिवार को पुलिस लाइन सभागार में पत्रकारों से बातचीत में एएसपी राजीव मोहन ने बताया कि पिछले कुछ समय से नैनीताल में वाहन चोरी की एक के बाद एक कई घटनाएं हुई। एसएसपी सुनील कुमार मीणा के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक एवं पुलिस क्षेत्राधिकारी के नेतृत्व में दो अलग-अलग टीमें गठित की गई थी। टीमों में एसओजी और तल्लीताल पुलिस को भी शामिल किया था। बताया कि मुखबिर की सूचना पर दोनों टीमों ने बरेली, शाहजहांपुर, कानपुर और झांसी में कई जगह दबिश दी।
एएसपी ने बताया कि पुलिस टीम ने चोरी के चार वाहनों के साथ बरेली से दो वाहन चोरों को शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपियों में परवेज अहमद निवासी झांसी यूपी और रियासत खान निवासी बरेली शामिल हैं। आरोपियों की निशानदेही पर नैनीताल से चुराई गई आई-20 एवं स्कार्पियो समेत अन्य स्थानों से चुराए गए दो और वाहन बरामद किए हैं। आई-20 कार नैनीताल निवासी रविंद्र सिंह नयाल की थी, जिसे 15 दिसंबर की रात चोरी किया गया था, जबकि स्कार्पियो मुक्तेश्वर निवासी विक्रम सिंह बिष्ट की है, जिसे पहली दिसंबर को नैनीताल से चुराया गया था।
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नैनीताल में दस साल तक सिपाही रह चुका है आरोपी
वाहन चोरी के मामले में गिरफ्तार परवेज अहमद यूपी पुलिस का निलंबित सिपाही है और अविभाजित उत्तर प्रदेश के शासन में नैनीताल में दस साल तक सिपाही के रूप में नौकरी भी कर चुका है। उसके खिलाफ जिला जलौन और कानपुर में अलग-अलग धाराओं में कई मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस के मुताबिक चूंकि परवेज नैनीताल के चप्पे-चप्पे से वाकिफ था, लिहाजा उसने वाहन चोरी के लिए नैनीताल को मुफीद माना।
दोनों आरोपियों का है आपराधिक इतिहास
एएसपी राजीव मोहन ने बताया कि पकड़े गए दोनों आरोपियों के खिलाफ वाहन चोरी के अलावा दो हत्याओं समेत कई मामलों में झांसी, कानपुर और जालौन थानों में मुकदमे दर्ज हैं।
एएसपी ने टीम को दिया इनाम
एएसपी राजीव मोहन ने अपर पुलिस अधीक्षक एवं क्षेत्राधिकारी नैनीताल की ओर से गठित टीम को एक हजार रुपये का इनाम दिया है। गठित टीम में अबुल कलाम प्रभारी एसओजी, विजय मेहता थानाध्यक्ष तल्लीताल, राहुल राठी एसओजी, दिलीप कुमार, राजाराम, त्रिलोक रौतेला, जितेंद्र कुमार, गिरीश भट्ट शामिल है।
दोनों आरोपियों को रिमांड के लिए भेजा दिया गया है, पुलिस की ओर से आरोपियों का आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है। जैसे-जैसे विवेचनाएं होंगी, उस हिसाब से कार्रवाई की जाएगी -राजीव मोहन, एएसपी नैनीताल।
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शनिवार को पुलिस लाइन सभागार में पत्रकारों से बातचीत में एएसपी राजीव मोहन ने बताया कि पिछले कुछ समय से नैनीताल में वाहन चोरी की एक के बाद एक कई घटनाएं हुई। एसएसपी सुनील कुमार मीणा के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक एवं पुलिस क्षेत्राधिकारी के नेतृत्व में दो अलग-अलग टीमें गठित की गई थी। टीमों में एसओजी और तल्लीताल पुलिस को भी शामिल किया था। बताया कि मुखबिर की सूचना पर दोनों टीमों ने बरेली, शाहजहांपुर, कानपुर और झांसी में कई जगह दबिश दी।
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एएसपी ने बताया कि पुलिस टीम ने चोरी के चार वाहनों के साथ बरेली से दो वाहन चोरों को शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपियों में परवेज अहमद निवासी झांसी यूपी और रियासत खान निवासी बरेली शामिल हैं। आरोपियों की निशानदेही पर नैनीताल से चुराई गई आई-20 एवं स्कार्पियो समेत अन्य स्थानों से चुराए गए दो और वाहन बरामद किए हैं। आई-20 कार नैनीताल निवासी रविंद्र सिंह नयाल की थी, जिसे 15 दिसंबर की रात चोरी किया गया था, जबकि स्कार्पियो मुक्तेश्वर निवासी विक्रम सिंह बिष्ट की है, जिसे पहली दिसंबर को नैनीताल से चुराया गया था।
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नैनीताल में दस साल तक सिपाही रह चुका है आरोपी
वाहन चोरी के मामले में गिरफ्तार परवेज अहमद यूपी पुलिस का निलंबित सिपाही है और अविभाजित उत्तर प्रदेश के शासन में नैनीताल में दस साल तक सिपाही के रूप में नौकरी भी कर चुका है। उसके खिलाफ जिला जलौन और कानपुर में अलग-अलग धाराओं में कई मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस के मुताबिक चूंकि परवेज नैनीताल के चप्पे-चप्पे से वाकिफ था, लिहाजा उसने वाहन चोरी के लिए नैनीताल को मुफीद माना।
दोनों आरोपियों का है आपराधिक इतिहास
एएसपी राजीव मोहन ने बताया कि पकड़े गए दोनों आरोपियों के खिलाफ वाहन चोरी के अलावा दो हत्याओं समेत कई मामलों में झांसी, कानपुर और जालौन थानों में मुकदमे दर्ज हैं।
एएसपी ने टीम को दिया इनाम
एएसपी राजीव मोहन ने अपर पुलिस अधीक्षक एवं क्षेत्राधिकारी नैनीताल की ओर से गठित टीम को एक हजार रुपये का इनाम दिया है। गठित टीम में अबुल कलाम प्रभारी एसओजी, विजय मेहता थानाध्यक्ष तल्लीताल, राहुल राठी एसओजी, दिलीप कुमार, राजाराम, त्रिलोक रौतेला, जितेंद्र कुमार, गिरीश भट्ट शामिल है।
दोनों आरोपियों को रिमांड के लिए भेजा दिया गया है, पुलिस की ओर से आरोपियों का आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है। जैसे-जैसे विवेचनाएं होंगी, उस हिसाब से कार्रवाई की जाएगी -राजीव मोहन, एएसपी नैनीताल।