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450 करोड़ से सीवरेज, 500 करोड़ से ड्रेनेज, 300 करोड़ से सुधरेगी पेयजल व्यवस्था
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हल्द्वानी नगर निगम में एडीबी की बैठक में सीवर, पेयजल की डीपीआर बनाने को लेकर बैठक करते मेयर डॉ. जोग
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हल्द्वानी। नगर निगम क्षेत्र में 1250 करोड़ की लागत से पहले चरण में ड्रेनेज, सीवरेज और पेयजल व्यवस्था की जाएगी। शनिवार को मेयर जोगेंद्र रौतेला ने टाटा कंसल्टेंसी सहित संबंधित विभागों के साथ बैठक की। उन्होंने 30 जून तक प्रथम चरण की डीपीआर बनाकर एशियन डेवलेपमेंट बैंक को भेजने के निर्देश दिए।
एशियन डेवलेपमेंट बैंक से हल्द्वानी नगर निगम को सीवरेज, पेयजल, ड्रेनेज, सड़क आदि व्यवस्था सही करने के लिए 2000 करोड़ रुपये मिले हैं। शासन ने यूयूएसडीए (उत्तराखंड अर्बन सेक्टर डेवलेपमेंट एजेंसी) को इसका काम सौंपा है। यूयूएसडीए ने टाटा कंसल्टेंसी इंजीनियरिंग को सर्वे और डीपीआर बनाने का काम सौंपा है। शनिवार को मेयर जोगेंद्र रौतेला ने टाटा कंसल्टेंसी, जल निगम और नगर निगम के अधिकारियों के साथ डीपीआर को लेकर चर्चा की। टाटा कंसल्टेंसी ने निगम क्षेत्र को सात जोन में बांटा है। जोन एक (नगर निगम के पुराने क्षेत्र) में अमृत योजना के तहत सीवर और पेयजल का काम लगभग पूरा हो गया है। बाकी बचा काम अमृत-2 के माध्यम से कराया जाएगा।
बैठक में तय हुआ कि जोन दो और तीन में प्रथम चरण में सीवरेज, पेयजल और ड्रेनेज का काम किया जाएगा। मेयर जोंगेंद्र रौतेला टाटा कंसल्टेंसी से 30 जून तक डीपीआर बनाकर यूयूएसडीए के माध्यम से एडीबी को भेजने के निर्देश दिए। इस दौरान नगर आयुक्त पंकज उपाध्याय, अर्बन एक्सपर्ट चंद्र सिंह, टाटा कंसल्टेंसी के सीवरेज एक्सपर्ट टीएस बाबू, वाटर सप्लाई एक्सपर्ट एनएस खान सहित जल निगम के अधिकारी मौजूद रहे।
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जोन दो (चरण एक) में ये वार्ड हैं शामिल-
वार्ड नंबर 34, वार्ड 35, वार्ड 48, वार्ड 49, वार्ड 50, वार्ड 52, वार्ड 53 और वार्ड 57
जोन तीन (चरण दो) में ये वार्ड हैं शामिल -
वार्ड नंबर 37 से वार्ड 43 तक
गौला रोखड़ और भाखड़ा नदी के किनारे बनेगा एसटीपी प्लांट
हल्द्वानी। एडीबी की ओर से वित्त पोषित योजना के तहत जोन दो का सीवर ट्रीटमेंट प्लांट गौला रोखड़ में बनेगा। मेयर जोगेंद्र रौतेला ने बताया कि गौला रोखड़ में जल निगम के पास एसटीपी प्लांट के लिए 49.58 हेक्टेयर जमीन उपलब्ध है। यहां पर पांच हक्टेयर जमीन पर 28 एमएलडी का सीवर ट्रीटमेंट प्लांट लगा है। इसी जमीन पर नया एसटीपी प्लांट लगाया जाएगा। जो जोन दो के क्षेत्र के सीवर के पानी के ट्रीटमेंट के लिए होगा। उन्होंने कहा कि जोन तीन के लिए एसटीपी प्लांट भाखड़ा नदी के पास लगाया जाएगा। यहां वन भूमि हस्तांतरण की प्रक्रिया की जाएगी।
यहां ये काम होगा -
जोन दो में 150 किलोमीटर लंबी सीवर लाइन बिछेगी। साथ ही एसटीपी प्लांट बनेगा। इसमें करीब 250 करोड़ रुपया खर्च होने का अनुमान है।
जोन तीन में 120 किलोमीटर लंबी सीवर लाइन और एसटीपी प्लांट लगेगा। इसमें करीब 200 करोड़ रुपया खर्च होगा।
- नगर निगम क्षेत्र में 20 नए ओवर हैड टैंक बनेगें
- नगर निगम क्षेत्र में पेयजल के लिए 35 नए ट्यूबवैल खोदे जाएंगे।
- निगम क्षेत्र में 500 करोड़ की लागत से ड्रेनेज सिस्टम बनेगा।
तहसील में पार्किंग और बहुउद्देशीय भवन बनेगा
हल्द्वानी। मेयर जोगेंद्र रौतेला ने कहा कि उनकी प्राथमिकता में जोन दो और तीन के साथ ही 200 करोड़ रुपये की लागत से तहसील परिसर में पार्किंग और बहुउद्देशीय भवन बनाना भी है। कंपनी से प्रथम चरण में जोन दो, जोन तीन और तहसील की डीपीआर बनाकर भेजने के लिए कहा गया है।
दूसरे फेज में जीतपुर नेगी में बनेगा सीवर ट्रीटमेंट प्लांट
हल्द्वानी। रामपुर रोड से लगते हुए निगम क्षेत्र में दूसरे फेज में सीवर लाइन बिछाई जाएगी। इसके लिए जीतपुर नेगी में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाया जाएगा। बैठक में मेयर जोगेंद्र रौतेला ने एसटीपी प्लांट के लिए कितनी वन भूमि की आवश्यकता होगी इसका आंकलन करने को कहा है। साथ ही यूयूएसडीए के अधिकारियों से अभी से वन भूमि हस्तांतरण की प्रक्रिया शुरू करने को भी कहा है।
ट्रांसपोर्ट और पेयजल को लेकर 14 जून को बैठक
हल्द्वानी। ट्रांसपोर्ट और पेयजल सुविधा सुधारने को लेकर मेयर जोगेंद्र रौतेला ने 14 जून को 11 बजे से नगर निगम सभागार में बैठक बुलाई है। इस बैठक में लोक निर्माण विभाग, पेयजल निगम, जल संस्थान और टाटा कंसल्टेंसी के अधिकारी मौजूद रहेंगे।
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एशियन डेवलेपमेंट बैंक से हल्द्वानी नगर निगम को सीवरेज, पेयजल, ड्रेनेज, सड़क आदि व्यवस्था सही करने के लिए 2000 करोड़ रुपये मिले हैं। शासन ने यूयूएसडीए (उत्तराखंड अर्बन सेक्टर डेवलेपमेंट एजेंसी) को इसका काम सौंपा है। यूयूएसडीए ने टाटा कंसल्टेंसी इंजीनियरिंग को सर्वे और डीपीआर बनाने का काम सौंपा है। शनिवार को मेयर जोगेंद्र रौतेला ने टाटा कंसल्टेंसी, जल निगम और नगर निगम के अधिकारियों के साथ डीपीआर को लेकर चर्चा की। टाटा कंसल्टेंसी ने निगम क्षेत्र को सात जोन में बांटा है। जोन एक (नगर निगम के पुराने क्षेत्र) में अमृत योजना के तहत सीवर और पेयजल का काम लगभग पूरा हो गया है। बाकी बचा काम अमृत-2 के माध्यम से कराया जाएगा।
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बैठक में तय हुआ कि जोन दो और तीन में प्रथम चरण में सीवरेज, पेयजल और ड्रेनेज का काम किया जाएगा। मेयर जोंगेंद्र रौतेला टाटा कंसल्टेंसी से 30 जून तक डीपीआर बनाकर यूयूएसडीए के माध्यम से एडीबी को भेजने के निर्देश दिए। इस दौरान नगर आयुक्त पंकज उपाध्याय, अर्बन एक्सपर्ट चंद्र सिंह, टाटा कंसल्टेंसी के सीवरेज एक्सपर्ट टीएस बाबू, वाटर सप्लाई एक्सपर्ट एनएस खान सहित जल निगम के अधिकारी मौजूद रहे।
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जोन दो (चरण एक) में ये वार्ड हैं शामिल-
वार्ड नंबर 34, वार्ड 35, वार्ड 48, वार्ड 49, वार्ड 50, वार्ड 52, वार्ड 53 और वार्ड 57
जोन तीन (चरण दो) में ये वार्ड हैं शामिल -
वार्ड नंबर 37 से वार्ड 43 तक
गौला रोखड़ और भाखड़ा नदी के किनारे बनेगा एसटीपी प्लांट
हल्द्वानी। एडीबी की ओर से वित्त पोषित योजना के तहत जोन दो का सीवर ट्रीटमेंट प्लांट गौला रोखड़ में बनेगा। मेयर जोगेंद्र रौतेला ने बताया कि गौला रोखड़ में जल निगम के पास एसटीपी प्लांट के लिए 49.58 हेक्टेयर जमीन उपलब्ध है। यहां पर पांच हक्टेयर जमीन पर 28 एमएलडी का सीवर ट्रीटमेंट प्लांट लगा है। इसी जमीन पर नया एसटीपी प्लांट लगाया जाएगा। जो जोन दो के क्षेत्र के सीवर के पानी के ट्रीटमेंट के लिए होगा। उन्होंने कहा कि जोन तीन के लिए एसटीपी प्लांट भाखड़ा नदी के पास लगाया जाएगा। यहां वन भूमि हस्तांतरण की प्रक्रिया की जाएगी।
यहां ये काम होगा -
जोन दो में 150 किलोमीटर लंबी सीवर लाइन बिछेगी। साथ ही एसटीपी प्लांट बनेगा। इसमें करीब 250 करोड़ रुपया खर्च होने का अनुमान है।
जोन तीन में 120 किलोमीटर लंबी सीवर लाइन और एसटीपी प्लांट लगेगा। इसमें करीब 200 करोड़ रुपया खर्च होगा।
- नगर निगम क्षेत्र में 20 नए ओवर हैड टैंक बनेगें
- नगर निगम क्षेत्र में पेयजल के लिए 35 नए ट्यूबवैल खोदे जाएंगे।
- निगम क्षेत्र में 500 करोड़ की लागत से ड्रेनेज सिस्टम बनेगा।
तहसील में पार्किंग और बहुउद्देशीय भवन बनेगा
हल्द्वानी। मेयर जोगेंद्र रौतेला ने कहा कि उनकी प्राथमिकता में जोन दो और तीन के साथ ही 200 करोड़ रुपये की लागत से तहसील परिसर में पार्किंग और बहुउद्देशीय भवन बनाना भी है। कंपनी से प्रथम चरण में जोन दो, जोन तीन और तहसील की डीपीआर बनाकर भेजने के लिए कहा गया है।
दूसरे फेज में जीतपुर नेगी में बनेगा सीवर ट्रीटमेंट प्लांट
हल्द्वानी। रामपुर रोड से लगते हुए निगम क्षेत्र में दूसरे फेज में सीवर लाइन बिछाई जाएगी। इसके लिए जीतपुर नेगी में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाया जाएगा। बैठक में मेयर जोगेंद्र रौतेला ने एसटीपी प्लांट के लिए कितनी वन भूमि की आवश्यकता होगी इसका आंकलन करने को कहा है। साथ ही यूयूएसडीए के अधिकारियों से अभी से वन भूमि हस्तांतरण की प्रक्रिया शुरू करने को भी कहा है।
ट्रांसपोर्ट और पेयजल को लेकर 14 जून को बैठक
हल्द्वानी। ट्रांसपोर्ट और पेयजल सुविधा सुधारने को लेकर मेयर जोगेंद्र रौतेला ने 14 जून को 11 बजे से नगर निगम सभागार में बैठक बुलाई है। इस बैठक में लोक निर्माण विभाग, पेयजल निगम, जल संस्थान और टाटा कंसल्टेंसी के अधिकारी मौजूद रहेंगे।