{"_id":"38fb129eeadb1a3c0f97f848972f0789","slug":"rural-vocal-against-mining-businesses-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"खनन कारोबारियों के खिलाफ ग्रामीण मुखर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खनन कारोबारियों के खिलाफ ग्रामीण मुखर
ब्यूरो/अमर उजाला, रामनगर।
Updated Sun, 29 Mar 2015 02:05 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ग्राम वीरपुरलच्छी के ग्रामीण खनन कारोबारी और क्रशर स्वामियों के खिलाफ मुखर हो गए हैं। शनिवार को दमन विरोध संघर्ष समिति की बैठक में ग्रामीणों ने गांव से बड़े वाहनों की आवाजाही बंद करने की मांग की। उन्होंने कहा कि खनन माफियाओं ने एक तो उनके गांव की बेटी का मार दिया, ऊपर से गड्ढे भरने के नाम पर ग्रामीणों के खेतों के ऊपर मलबा डालकर दोबारा डंपर चलाने की धमकी दे रहे हैं।
समिति के लोगों ने कहा उन्होंने गांव के बीच से रास्ता बंद नहीं किया है। हल्के और कृषि वाहन इस रास्ते पर चलते रहेंगे। उन्होंने कहा कि डंपर से ग्रामीणों को परेशानी है। प्रशासन की जांच रिपोर्ट में भी पता चलता है कि गांव की सड़क केवल हल्के और कृषि वाहनों के लिए है। ग्रामीणों ने वीरपुरलच्छी गांव में पुलिस चौकी खोले जाने की भी मांग की। बैठक में प्रेम सिंह, करम सिंह, कमल सिंह, मदन सिंह, मोहन सिंह, चंदो देवी, कुलदीप सिंह, धनो देवी, गोमती देवी आदि शामिल थे।
शनिवार को वीरपुरलच्छी के ट्रांसपोर्टरों ने सुबह एसडीएम के आवास पर पहुंचे। इसके बाद उन्होंने कोतवाली का घेराव किया। उन्होंने कहा वीरपुरलच्छी के ग्रामीणों ने बड़े वाहनों की आवाजाही रोकने के लिए गांव की सड़क में गड्ढे खोद दिए हैं। उन्होंने उक्त मार्ग को शीघ्र खोलने की मांग की है।
विज्ञापन
कोतवाली में हुई वार्ता में सीओ मिथिलेश कुमार, एसडीएम एसएस जंगपांगी, कोतवाल कैलाश पंवार ने ट्रांसपोर्टरों को जल्द ही मामले के समाधान का आश्वासन दिया। इस दौरान गुरपेज सिंह बाजवा, रमेश कुमार, प्रेम सिंह, शेर सिंह, अमरीक सिंह, जसवंत सिंह, राजू बाजवा आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
समिति के लोगों ने कहा उन्होंने गांव के बीच से रास्ता बंद नहीं किया है। हल्के और कृषि वाहन इस रास्ते पर चलते रहेंगे। उन्होंने कहा कि डंपर से ग्रामीणों को परेशानी है। प्रशासन की जांच रिपोर्ट में भी पता चलता है कि गांव की सड़क केवल हल्के और कृषि वाहनों के लिए है। ग्रामीणों ने वीरपुरलच्छी गांव में पुलिस चौकी खोले जाने की भी मांग की। बैठक में प्रेम सिंह, करम सिंह, कमल सिंह, मदन सिंह, मोहन सिंह, चंदो देवी, कुलदीप सिंह, धनो देवी, गोमती देवी आदि शामिल थे।
विज्ञापन
शनिवार को वीरपुरलच्छी के ट्रांसपोर्टरों ने सुबह एसडीएम के आवास पर पहुंचे। इसके बाद उन्होंने कोतवाली का घेराव किया। उन्होंने कहा वीरपुरलच्छी के ग्रामीणों ने बड़े वाहनों की आवाजाही रोकने के लिए गांव की सड़क में गड्ढे खोद दिए हैं। उन्होंने उक्त मार्ग को शीघ्र खोलने की मांग की है।
विज्ञापन
कोतवाली में हुई वार्ता में सीओ मिथिलेश कुमार, एसडीएम एसएस जंगपांगी, कोतवाल कैलाश पंवार ने ट्रांसपोर्टरों को जल्द ही मामले के समाधान का आश्वासन दिया। इस दौरान गुरपेज सिंह बाजवा, रमेश कुमार, प्रेम सिंह, शेर सिंह, अमरीक सिंह, जसवंत सिंह, राजू बाजवा आदि मौजूद थे।