हल्द्वानी/लालकुआं/हल्दूचौड़। आपदा के दृष्टिगत डीएम धीराज सिंह गर्ब्याल ने चोरगलिया और लालकुआं क्षेत्र का निरीक्षण किया। डीएम ने बाढ़ सुरक्षा के लिए सिंचाई विभाग से वायर क्रेट जाल(बाढ़ सुरक्षा स्ट्रक्चर) लगाने का निर्देश दिया। उन्होंने नंधौर नदी का पानी कैलाश नदी में डायवर्जन करने का प्राक्कलन का निर्देश सिंचाई विभाग को दिया।
इसके बाद लालकुआं में नदी से होने वाले कटाव और सुरक्षात्मक कार्यों की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने देवरामपुर से इंदिरा नगर, रावत नगर से चौड़ा घाट, चौड़ा घाट से रावत नगर द्वितीय तक आपदा के दृष्टिगत लगभग 1500 मीटर तक चैनलाइजेशन (गौला नदी) में का कार्य करने का निर्देश दिया। श्रीलंका टापू के आवासीय क्षेत्र में आपदा के दृष्टिगत किसी प्रकार की समस्या न हो, इसके लिए क्षेत्र में आगामी तीन माह का राशन, दवाई की आपूर्ति की जा चुकी है। साथ ही पशुचारा भी प्रचुर मात्रा में उपलब्ध करा दिया गया है। जिलाधिकारी ने कहा कि आपदा की दृष्टि से यह अत्यंत संवेदनशील क्षेत्र है, यहां के निवासियों को किसी प्रकार की समस्या न हो इसके लिए उपजिलाधिकारी, तहसीलदार लालकुआं को नियमित रूप से नजर रखें। जिलाधिकारी ने बताया कि नंधौर नदी से कैलाश नदी में पूरी तरह पानी का डायवर्जन नहीं होगा। बल्कि इस हिसाब से किया जाएगा किसी भी इलाके में नदी के बहाव से नुकसान न हो। निरीक्षण के दौरान डीएफओ बाबू लाल, संदीप कुमार, एडीएम अशोक जोशी, एसडीएम मनीष सिंह, तहसीलदार हल्द्वानी संजय कुमार आदि मौजूद थे।