Nainital: पहाड़ों में हल्की बूंदाबांदी, हल्द्वानी में गिरा पारा...तो धुरा और पातली के जंगलों में लगी आग
उत्तराखंड के कुमाऊं में अचानक मौसम बदला है। बुधवार की दोपहर भीमताल, भवाली, धानाचूली, धारी, बेतालघाट, गरमपानी, मुक्तेश्वर और रामगढ़ क्षेत्र में हल्की बूंदाबांदी हुई। इससे पहले मौसम विभाग ने बुधवार को पर्वतीय क्षेत्रों में बारिश का अनुमान जताया था।
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बुधवार की दोपहर भीमताल, भवाली, धानाचूली, धारी, बेतालघाट, गरमपानी, मुक्तेश्वर और रामगढ़ क्षेत्र में हल्की बूंदाबांदी हुई। इससे पहले मौसम विभाग ने बुधवार को पर्वतीय क्षेत्रों में बारिश का अनुमान जताया था।
बारिश नहीं होने से आलू, टमाटर, मटर और शिमला मिर्च की फसलें सूखने लगी हैं। साथ ही फल उत्पादक किसान भी मायूस हैं। रामगढ़ के हरेंद्र सिंह, प्रदीप सिंह और गोपाल सिंह ने बताया कि बारिश नहीं होने से किसानों को फसलों और फलों के उत्पादनों पर असर पड़ रहा है। किसानों ने सर्वे कराकर सूख रही फसलों का मुआवजा दिलाने की मांग की है। वहीं नैनीताल में बुधवार दोपहर में बादल छाने के साथ हल्की बूंदाबांदी हुई। इससे तापमान में गिरावट दर्ज की गई। बूंदाबादी होने से लोगों को उमस से राहत मिली।
जीजीआईसी स्थित मौसम विज्ञान केंद्र के प्रभारी नवीन चंद्र धूसिया ने बताया कि बुधवार को नैनीताल का अधिकतम तापमान 20 व न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। जीआईसी स्थित मौसम विज्ञान केंद्र के प्रभारी नवीन चंद्र धूसिया ने बताया कि बुधवार को नैनीताल का अधिकतम तापमान 20 व न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
धुरा और पातली की पहाड़ी में लगी आग, भय का माहौल
बेतालघाट ब्लॉक के धूरा के जंगल में लगी आग के बुधवार को आबादी क्षेत्र में आने से ग्रामीणों में भय का माहौल पैदा हो गया। उन्होंने पानी डालकर और पिरूल की लाइन काटकर आग को लोगों के घरों तक पहुंचने से पहले ही बुझा लिया। जजुला गांव के सोबन सिंह करायत, पुष्पा देवी और संजना देवी ने बताया कि ग्रामीणों की एकजुटता से आग पर काबू पाया गया है, लेकिन जंगल में लगी आग को बुझाया नहीं जा सका। इधर, ताड़ीखेत ब्लॉक के पातली के जंगल में बुधवार को आग लगने से वन संपदा को नुकसान पहुंचा हैं। आग से कई हेक्टेयर में लगे पेड़-पौधे जलकर नष्ट हो गए। देर शाम तक जंगल में लगी आग नहीं बुझ पाई थी।
वनाग्नि की नहीं मिली विभाग को एक भी सूचना
बुधवार का दिन जंगलों के लिए राहत भरा रहा। विभाग का दावा है कि लंबे अंतराल के बाद बुधवार को नैनीताल जिले में वनााग्नि की एक भी घटना नहीं हुई है। वन संरक्षक डॉ. विनय भार्गव ने बताया कि बुधवार को रामनगर वन प्रभाग, हल्द्वानी वन प्रभाग और नैनीताल वन प्रभाग में वनाग्नि की सूचना प्राप्त नहीं हुई है।
आग बुझाने के लिए महिला समूह आईं आगे
नैनीताल जिले के भीमताल, धारी, ओखलकांडा, रामगढ़ और बेतालघाट के जंगलों में लगी आग को बुझाने के लिए महिला समूह की आगे आईं हैं। एनआरएलएम विभाग से जुड़ी महिलाओं ने जंगल में लगी आग पर काबू पाने के लिए पिरूल की लाइन काट दिया। जिससे आग पर काबू पाया गया। एपीडी चंद्रा फर्त्याल ने बताया कि महिला समूहों की ओर से जंगल में लगी आग को बुझाने में पूरा सहयोग किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मंगलवार को धानाचूली के जंगल में लगी आग को बुझाने में महिलाएं जुटी रहीं।