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कल्पना करें, अगले जनम में भी बेटी ही मिले
Updated Sun, 07 May 2017 02:05 AM IST
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कल्पना करें, अगले जनम में भी बेटी ही मिले
- फोटो : amar ujala
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ललित आर्य महिला इंटर कॉलेज में शनिवार को लगी पुलिस की पाठशाला में छात्राओं को मंच मिला तो अपने मन की बात कहने में हिचक नहीं दिखाई। सवालों के जवाब देने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मौजूद थे तो उनका हौसला और बढ़ गया।
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महिलाओं पर हो रहे अत्याचारों से लेकर छेड़खानी तक की घटनाओं पर जवाब मांगा गया। समाज कीदकियानूसी सोच पर गहरी चोट की गई। कटाक्ष किया गया कि भारत कैसे आगे बढ़ रहा है, जबकि समाज के लोगों की सोच दहेज लेने, घूंघट और पर्दा रखने तक सीमित है। समाज के लोगों को अपनी बेटी पर गर्व करना चाहिए। कल्पना करनी चाहिए कि अगले जनम में उनको बेटी ही मिले।
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अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से आयोजित पुलिस की पाठशाला में इंटर की छात्रा सबा नाज ने सवाल किया कि हमारे समाज के कुछ लोग बेटियों की पढ़ाई के खिलाफ है जबकि बीमार पड़ने पर लेडी डॉक्टर की खोज होती है। पढ़ाने के लिए महिला टीचर की तलाश करते हैं।
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लड़कियां नहीं पढ़ेगी तो डॉक्टर और अध्यापक कैसे बनेंगी। लोग कहते हैं कि महिलाओं की जुबान लंबी होती है। सवाल यह है कि मर्द समाज क्यों नहीं बोलने में अक्षम महिला से शादी करते हैं। काफी लोग घर में टीवी फ्रिज जैसे समान नहीं रखते हैं। कहते हैं कि बेटे की शादी होगी तो दहेज में मिल जाएगा।
सबा के अनुसार समाज के लोगों को सोचना चाहिए कि फेसबुक के मालिक मार्क जुकरबर्ग ने अपनी बेटी के पैदा होने पर 90 फीसदी संपत्ति दान दे दी। ऐसी सोच रखने पर ही भारत आगे बढ़ेगा। नियत मर्दों की खराब होती है लेकिन घूंघट और पर्दा महिलाओं पर लगवाते हैं।
मर्द ही मां की सेवा और तपस्या को भूल जाते हैं। उसने कहा कि उसका सवाल ऐसे लोगों के लिए है जो अपनी मां, बहन और बेटी का मतलब नहीं समझते हैं। इस मौके पर कॉलेज की प्रधानाचार्या दीप कौर और उप प्रधानाचार्या नीलम तोमर मौजूद थी।
मनचलों को सबक सिखाने पर मिलेगा इनाम
पुलिस की पाठशाला में एसएसपी जन्मेजय खंडूरी ने छात्राओं को निडर होकर पढ़ने और आने-जाने की सलाह दी। दो छात्राओं ने बताया कि उन्होंने अपनी साथियों की मदद से मनचलों को पीट दिया था। एसएसपी ने कहा कि मनचलों को पीटो लेकिन पुलिस को जरूर बता दो। साहसी लड़कियों को सम्मानित भी किया जाएगा।
ललित आर्य महिला कॉलेज की आठवीं की छात्रा शायरीन सैफी ने बताया कि वह अपने सहेलियों के साथ जा रही थी तो मनचले ने छींटाकशी की। इस पर उन्होंने मनचले की पिटाई कर दी। रहनुमा सैफी ने भी बताया कि वह परिवार के साथ जा रही तो मनचलों ने छेड़खानी की।
लड़कियों ने मिलकर मनचलों की बाइक गिरा दी और लोगों की भीड़ जुटने पर मनचले भाग गए। एसएसपी ने कहा कि छेड़खानी करने वालों की बाइक या टेंपो का नंबर नोट करना चाहिए। शिकायत पेटिका में पत्र लिखकर डाल सकती हो।
पुलिस मनचलों के खिलाफ कार्रवाई करेगी ताकि उनकी हिम्मत फिर गलत कार्य करने की न पड़े। मनचलों पर कार्रवाई के लिए पुलिस हर कदम पर महिलाओं और छात्राओं के साथ है।
गलती छिपाना भी अपराध है
एसएसपी जन्मेजय खंडूरी ने छात्राओं से कहा कि गलती छिपाने से उनको कोई ब्लैकमेल कर सकता है लेकिन परिवार या स्कूल में टीचर को बताने पर संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई होगी। इस प्रकार समाज में छात्राएं निर्भीक होकर चलेगी।
उन्होंने कहा कि अक्सर गलती को छिपाने पर छात्राएं ब्लैकमेल हो जाती है। इस प्रकार अपराध करने वाला बच जाता है। शिकायत आई है कि कुछ युवक युवतियों की फोटो पिक कर अपनी आईडी तैयार किए हैं।
इस प्रकार की शिकायत मिलने पर पुलिस फेसबुक को पत्र लिखकर संबंधित व्यक्ति का पेज बंद करा देगी। उन्होंने कहा कि छात्राओं को अपने माता पिता या स्कूल में टीचर से शिकायत करनी चाहिए। यदि परिवार से छिपाना है तो खुद एसएसपी के नंबर 9411112741 पर मैसेज भेज सकती है।
उन्होंने छात्राओं से लोकतंत्र का मतलब पूछा तो 12वीं की छात्रा उनैजा वार्ष्णेय ने सही जवाब दिया। उन्होंने बताया कि जीवन में अनुशासन सफलता का मंत्र है। व्हाट्सऐप पर भी ऐसे मैसेज डालने चाहिए ताकि बाद में कोई दिक्कत न हो। जोश मेें आकर किसी को होश नहीं खोना चाहिए।